लॉरेंस गैंग के लिए बिल्डर रेकी की और फायरिंग प्लान करने वाले आरोपी की जमानत खारिज
समझें क्या है पूरा मामला
- लॉरेंस बिश्नोई गैंग के नाम पर इंदौर के बिल्डरों और कारोबारियों को धमकियां दी गई थीं।
- आरोपी राहुल राठौर पर बिल्डरों की रेकी कराने और फायरिंग की तैयारी करवाने का आरोप है।
- पुलिस के अनुसार राहुल ने गैंग के लिए लड़के उपलब्ध कराए और फोटो-वीडियो भेजे।
- बिल्डर विवेक दम्मानी से 5 करोड़ रुपए की रंगदारी मांगने का भी मामला सामने आया।
- जिला कोर्ट ने सभी पक्ष सुनने के बाद राहुल राठौर की जमानत याचिका खारिज कर दी।
इंदौर में फरवरी से अप्रैल माह के बीच लॉरेंस बिश्नोई गैंग और हैरी बॉक्सर के नाम पर कई बिल्डरों और कारोबारियों को धमकी भरे फोन आए।
इस मामले में क्राइम ब्रांच ने एक के बाद एक कई आरोपियों को गिरफ्तार कर गिरोह की गतिविधियों पर रोक लगाई। मुख्य आरोपी राजपाल के साथी राहुल राठौर की गिरफ्तारी भी मई में हुई थी। अब उसकी जमानत याचिका जिला कोर्ट ने खारिज कर दी है।
राहुल राठौर ने इन बिल्डरों की कराई रेकी
क्राइम ब्रांच इंदौर के एसीपी ने कोर्ट को बताया कि राहुल ने खुद को लॉरेंस गैंग का सदस्य बताने वाले राजपाल का साथ दिया। इसके लिए बिल्डर विवेक दम्मानी, रंजन मित्तल, चेतन सिंह, दिलीप राठौर, कुंवर सिंह व अन्य के यहां फायरिंग की तैयारी करवाई और रेकी के लिए लड़के उपलब्ध कराए।
इन लोगों से रेकी कराकर फोटो और वीडियो राजपाल तथा विक्की बॉक्सर को उपलब्ध कराए गए। दिलीप राठौर के यहां अंधाधुंध फायरिंग भी करवाई गई।
बिल्डर को गोली मारने की धमकी दी
कोर्ट को यह भी बताया गया कि 14 अप्रैल को सुबह साढ़े 10 बजे बिल्डर विवेक दम्मानी को फोन कर 5 करोड़ रुपए मांगते हुए गोली मारने की धमकी दी। इसी तरह इंदौर के कई लोगों को धमकाया गया।
उनके यहां फायरिंग की तैयारी की गई। इससे पहले सह-आरोपी कुलदीप की जमानत भी खारिज हो चुकी है। सभी तर्क सुनने के बाद जिला कोर्ट ने राहुल राठौर की जमानत याचिका भी खारिज कर दी।
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