इंदौर SIR में नो मैपिंग के 1.63 लाख मतदाताओं को जाएंगे नोटिस, 5.58 लाख नाम हटेंगे
INDORE. इंदौर में विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR का 100 प्रतिशत काम पूरा हो गया है। वहीं, अब मतदाता सूची में बड़ा बदलाव होने जा रहा है। इंदौर के 28.67 लाख मतदाताओं की सूची से 5.58 लाख मतदाता कम हो जाएंगे।
यह वे हैं जो मौके पर नहीं मिले, जिनकी मृत्यु हो चुकी है या जो शिफ्ट हो चुके हैं आदि। वहीं अब इंदौर के 1.63 लाख मतदाताओं को 12 दिसंबर से नोटिस जारी होने शुरू हो जाएंगे।
इन 1.63 लाख को मिलेंगे नोटिस
मैपिंग में 21.12 लाख ही मिले
भले ही इंदौर जिला निर्वाचन अधिकारी को 23.08 लाख मतदाताओं के फार्म भरकर मिले हैं। इनमें से 21.45 लाख ही मैपिंग में आए हैं। करीब नौ लाख मतदाता ऐसे हैं जो साल 2003 की SIR सूची में भी मतदाता के तौर पर थे।
बाकी 12 लाख से ज्यादा मतदाता ऐसे हैं जिनके कोई परिजन इस 2003 की सूची में मौजूद थे। वहीं 1.63 लाख मतदाता इस तरह की दोनों मैपिंग पेश नहीं कर सके हैं। इन्हें ही यह नोटिस जारी होंगे।
इंदौर में एसआईआर की खबर पर एक नजर...
|
5.58 लाख मतदाता हट जाएंगे
जिले की मतदाता सूची का प्रारंभिक प्रकाशन अब 16 दिसंबर को होगा। इस दौरान गायब 5.58 लाख मतदाता इस सूची से हट जाएंगे। इन गायब मतदाताओं की सूची इस प्रकार है-
- मृत मतदाता- 41 हजार 625
- जिन्हें नहीं ढूंढ पाए- 2.68 लाख
- शिफ्ट हो गए- 2.03 लाख
- अन्य कारणों से नहीं मिले- 45 हजार 716 मतदाता
यह सभी नाम मतदाता सूची से हटा दिए जाएंगे।
फिर नाम कैसे जुड़ेंगे
नो मैपिंग वालों को आयोग नोटिस देगा और वे अपने दस्तावेज पेश करेंगे। इसके बाद उनकी मैपिंग हो जाएगी। वहीं, मतदाता सूची का बूथ पर प्रकाशन होगा। इस पर दावा-आपत्ति बुलाए जाएंगे।
यदि किसी का नाम नहीं है तो वह मतदाता के रूप में दर्ज होने के लिए फार्म भरकर देगा। इस फार्म को संबंधित विधानसभा के चुनाव अधिकारी के सामने पेश किया जाएगा।
वह सभी दस्तावेजों की जांच करने के बाद इसे मंजूर या खारिज करेगा। इसके बाद अंतिम मतदाता सूची का प्रकाशन जो फरवरी 2026 में होगा। इसमें उनका नाम जुड़ जाएगा।