11 साल के भाई को पीटा, तो 13 साल के बडे़ भाई ने चाकू मारकर कर दिया मर्डर
Sanjay Dhiman | Sept 02, 2025, 19:16 IST
Photograph: (the sootr)
मध्य प्रदेश के देवास जिले के कराड़ियापरी गांव में दो नाबालिग चचेरे भाइयों ने 13 वर्षीय वेदांश झाला की निर्मम हत्या कर दी। हत्या का कारण आपसी विवाद था। पहले वेदांश को पीटा गया, फिर चाकू से वार कर उसकी जान ली। इस जघन्य घटना ने इलाके में सनसनी फैला दी।
धर्मेंद्र योगी@देवास
मध्यप्रदेश के देवास जिले में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां नाबालिग चचेरे भाइयों ने मिलकर 13 वर्षीय 7वीं कक्षा के छात्र वेदांश की हत्या कर दी। इस हत्या का कारण आपसी विवाद था, जो कि कुछ महीनों से चल रहा था। नाबालिग आरोपियों ने वेदांश को पहले बुरी तरह से पीटा और फिर चाकू से ताबड़तोड़ वार कर उसकी हत्या कर दी।
दो नाबालिगों द्वारा की गई इस जघन्य हत्या ने पूरे इलाके में सनसनी का माहौल निर्मित कर दिया। लोग भरोसा ही नहीं कर पा रहे है कि दो मासूम से दिखने वाले बच्चों ने अपने ही एक साथी की निर्मम हत्या कर दी है। यह घटना देवास जिलासोनकच्छ तहसील के कराड़ियापरी गांव की बताई जा रही है।
इस जघन्य हत्याकांड को अंजाम देने वाले 11 वर्षीय बाल आरोपी ने पुलिस को बताया कि मार्च महीने में उसका वेदांश से विवाद हुआ था; इस विवाद में वेदांश ने उसकी पिटाई कर दी थी। पिटाई के साथ ही वेदांश के कहने पर अन्य बच्चों ने भी उससे बात करना बंद कर दिया था, जिससे 11 वर्षीय आरोपी काफी नाराज था और बदला लेने के लिए मौके की तलाश में था।
यह खबरें भी पढ़ें...
कन्हैयालाल हत्याकांड के आरोपी जावेद की जमानत बरकरार, सुप्रीम कोर्ट का रद्द करने से इनकार
इंदौर के गणेश पंडाल में लगे राजा रघुवंशी हत्याकांड और नीले ड्रम वाले पोस्टर्स, देखें फोटो
देवास पुलिस के अनुसार, शनिवार की रात जब वेदांश गणेश जी देखने के लिए घर से निकला था, तब 11 वर्षीय आरोपी ने अपने 13 साल के चचेरे भाई को साथ लेकर वेदांश को रास्ते में रोक लिया।
ये लोग उसे गोदाम में ले गए, जहां 11 वर्षीय नाबालिग ने वेदांश के हाथ पीछे से पकड़ लिए, वहीं 13 वर्षीय चचेरे भाई ने उस पर ताबड़तोड़ सब्जी काटने वाले चाकू से वार किए। चाकू के वार से वेदांश गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें यह लोग हार्वेस्टर के नीचे पटककर मौके से भाग गए।
बताया जा रहा है कि शनिवार शाम को घर से निकला 11 वर्षीय वेदांश जब काफी देर तक घर नहीं पहुंचा, तो परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की। काफी तलाश करने के बाद भी वेदांश का कहीं कोई सुराग नहीं मिल रहा था। इसके बाद ग्रामीणों ने भी उसकी तलाश में मदद की। काफी तलाश के बाद रात 11 बजे वेदांश का गोदाम के पास खड़े हार्वेस्टर के नीचे बोरे से दबा हुआ शव मिला; जिसके बाद पुलिस को भी सूचना दी गई।
ऐसे पकड़े गए दोनों
पुलिस के अनुसार, गांव के लोगों ने आखिरी बार वेदांश के साथ इन दोनों नाबालिगों को ही देखा था। शुरुआती पूछताछ में दोनों चचेरे भाई पुलिस को अलग-अलग कहानी सुना रहे थे। जब पुलिस ने दोनों से अलग-अलग सख्ती से पूछताछ की, तो दोनों ने वेदांश की हत्या करना स्वीकार कर लिया। इन बाल आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने वारदात में उपयोग किया गया चाकू और खून लगे कपड़े बरामद कर लिए हैं। दोनों आरोपियों को बाल सुधार गृह उज्जैन भेजा गया है।
यह खबरें भी पढ़ें...
तीन महीने से वेतन बंद… मां बम्लेश्वरी मंदिर के कर्मचारी ने आत्महत्या से पहले लिखे दर्दभरे शब्द
इंदौर में सिंधी समाज ने एकजुट होकर किया प्रदर्शन, अहमदाबाद में छात्र की हत्या से गुस्सा
इस मामले में मृतक वेदांश के परिजनों ने आरोप लगाए हैं कि दोनों बच्चों द्वारा अकेले इस हत्याकांड को अंजाम देना मुश्किल है, इसमें किसी वयस्क व्यक्ति का भी शामिल होना संभव है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है। एएसपी जयवीर सिंह भदौरिया, एसडीओपी दीपा मांडवे, थाना प्रभारी आशीष राजपूत घटना स्थल पर मौजूद थे। दोनों बाल अपराधियों को सोमवार को बाल न्यायालय में प्रस्तुत किया गया था, जहां से उन्हें बाल सुधार गृह उज्जैन भेजा गया है।
भारत में हत्या जैसे जघन्य अपराध के लिए 16 साल से कम उम्र के किशोरों पर बालिगों के तौर पर मुकदमा चलाने की अनुमति नहीं है और उन्हें मृत्युदंड या आजीवन कारावास भी नहीं दिया जा सकता है। अपराध की गंभीरता और परिस्थितियों के आधार पर, 12 से 18 साल तक के किशोरों के मामले में किशोर न्याय बोर्ड 16 से 18 साल के किशोरों पर वयस्क के तौर पर मुकदमा चलाने का आदेश दे सकता है। ऐसे बच्चों को सुधार गृह में रखा जाता है और उन्हें सुधारने का अवसर दिया जाता है।
यदि अपराध बहुत गंभीर है (जैसे हत्या) और अपराधी की आयु 16 से 18 वर्ष के बीच है:
अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें📢🔃🤝💬👩👦👨👩👧👧👩
मध्यप्रदेश के देवास जिले में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां नाबालिग चचेरे भाइयों ने मिलकर 13 वर्षीय 7वीं कक्षा के छात्र वेदांश की हत्या कर दी। इस हत्या का कारण आपसी विवाद था, जो कि कुछ महीनों से चल रहा था। नाबालिग आरोपियों ने वेदांश को पहले बुरी तरह से पीटा और फिर चाकू से ताबड़तोड़ वार कर उसकी हत्या कर दी।
दो नाबालिगों द्वारा की गई इस जघन्य हत्या ने पूरे इलाके में सनसनी का माहौल निर्मित कर दिया। लोग भरोसा ही नहीं कर पा रहे है कि दो मासूम से दिखने वाले बच्चों ने अपने ही एक साथी की निर्मम हत्या कर दी है। यह घटना देवास जिलासोनकच्छ तहसील के कराड़ियापरी गांव की बताई जा रही है।
पिटाई से नाराज था 11 वर्षीय आरोपी
यह खबरें भी पढ़ें...
कन्हैयालाल हत्याकांड के आरोपी जावेद की जमानत बरकरार, सुप्रीम कोर्ट का रद्द करने से इनकार
इंदौर के गणेश पंडाल में लगे राजा रघुवंशी हत्याकांड और नीले ड्रम वाले पोस्टर्स, देखें फोटो
चचेरे भाई के साथ मिलकर उतारा मौत के घाट
ये लोग उसे गोदाम में ले गए, जहां 11 वर्षीय नाबालिग ने वेदांश के हाथ पीछे से पकड़ लिए, वहीं 13 वर्षीय चचेरे भाई ने उस पर ताबड़तोड़ सब्जी काटने वाले चाकू से वार किए। चाकू के वार से वेदांश गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें यह लोग हार्वेस्टर के नीचे पटककर मौके से भाग गए।
खोजबीन के दौरान हार्वेस्टर के नीचे मिला शव
नाबालिगों द्वारा अंजाम दिए गए इस जघन्य हत्याकांड को ऐसे समझेंहत्या की घटना: देवास जिले के कराड़ियापरी गांव में 11 और 13 साल के चचेरे भाइयों ने मिलकर 7वीं कक्षा के छात्र वेदांश झाला की हत्या कर दी। हत्या का कारण: वेदांश और 11 साल के आरोपी के बीच पुराना विवाद था, जब वेदांश ने आरोपी की पिटाई की थी और उसे दोस्तों से बात न करने को कहा था। हत्या का तरीका: आरोपियों ने वेदांश को गोदाम में ले जाकर चाकू से 20 बार वार किया, फिर शव को हार्वेस्टर के नीचे छिपा दिया। आरोपियों की गिरफ्तारी: हत्या के बाद आरोपियों ने सबूत छिपाने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर लिया और उन्हें बाल सुधार गृह भेज दिया। पुलिस जांच और खुलासा: पुलिस ने सख्ती से पूछताछ करने पर आरोपियों से हत्या की पूरी सच्चाई उगलवायी और हत्या का कारण बदला निकला। |
ऐसे पकड़े गए दोनों नाबालिग आरोपी
यह खबरें भी पढ़ें...
तीन महीने से वेतन बंद… मां बम्लेश्वरी मंदिर के कर्मचारी ने आत्महत्या से पहले लिखे दर्दभरे शब्द
इंदौर में सिंधी समाज ने एकजुट होकर किया प्रदर्शन, अहमदाबाद में छात्र की हत्या से गुस्सा
वेदांश के परिजन बोले, और भी होंगे मददगार
ऐसे अपराधों में यह है सजा का प्रावधान
यदि अपराध बहुत गंभीर है (जैसे हत्या) और अपराधी की आयु 16 से 18 वर्ष के बीच है:
- जिला मजिस्ट्रेट को अपराध की गंभीरता को देखते हुए, किशोर पर वयस्क के रूप में मुकदमा चलाने का आदेश देने का अधिकार है।
- यदि बच्चे पर वयस्क के तौर पर मुकदमा चलाया जाता है, तो उसे वयस्क के समान दंड मिल सकता है, लेकिन मृत्युदंड या आजीवन कारावास से वंचित रखा जाएगा।
- हालांकि, 12 से 15 साल की उम्र के किशोरों के लिए, उन्हें सीधे वयस्क के रूप में दंडित नहीं किया जा सकता है, भले ही अपराध जघन्य हो।
- दोनों ही मामलों में, किशोर न्याय बोर्ड ही मामले की सुनवाई करता है और बच्चे को सुधार गृह भेजा जा सकता है।
- कानून बच्चों के विकास और सुधार पर अधिक केंद्रित है, और उनकी उम्र और परिस्थितियों के अनुसार ही दंड निर्धारित किया जाता है।
thesootr links
- मध्यप्रदेशकी खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- छत्तीसगढ़ की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- राजस्थान की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- रोचक वेब स्टोरीज देखने के लिए करें क्लिक
- जॉब्स और एजुकेशन की खबरें पढ़ने के लिए क्लिक करें
- निशुल्क वैवाहिक विज्ञापन और क्लासिफाइड देखने के लिए क्लिक करें
अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें📢🔃🤝💬👩👦👨👩👧👧👩
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा
By Arun Tiwari
Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग
By Jitendra Shrivastava
Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग
By Jitendra Shrivastava
Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग
By Jitendra Shrivastava
मंत्रालय में बड़ा फेरबदल, 38 अनुभाग अधिकारियों की बदली जिम्मेदारी; वित्त-गृह समेत कई विभागों में नई तैनाती
By VINAY VERMA
नवरात्रि के पहले इंदौर में 92 लाख रुपए की गर्भपात किट मिलने से भड़के हिंदूवादी नेता
By Sanjay Gupta, Sandeep Kumar
20 हजार करोड़ रुपए के बकाया चालान: सुप्रीम कोर्ट ने दिए अनोखे सुझाव: बिजली बिल में जुड़ सकती है चालान की राशि
By Neel Tiwari