योजनाओं में लापरवाही नहीं चलेगी, सीएम मोहन यादव की कलेक्टरों को दो टूक, अब खुद करेंगे औचक निरीक्षण
अब जिलों में अचानक पहुंचेंगे सीएम
मुख्यमंत्री का औचक निरीक्षण अब जन विश्वास अभियान की समीक्षा का हिस्सा होगा। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव हेलिकॉप्टर से अचानक जिलों में पहुंचेंगे। इस दौरान वे अभियान में आ रही समस्याओं की समीक्षा करेंगे।
बैठक में मुख्यमंत्री ने अधिकारियों की फील्ड में मौजूदगी पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि अभियान के दौरान सभी अधिकारियों को मैदान में उतरना होगा। लोगों की अधिकतम समस्याएं मौके पर ही निपटाई जाएं।
फील्ड में रहना होगा अनिवार्य
मुख्यमंत्री ने कलेक्टरों को लंबित प्रकरण कम करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि ज्यादा शिकायतों वाले जिलों में विशेष प्रयास किए जाएं। सरकारी योजनाओं में लापरवाही को लेकर मुख्य सचिव ने भी नाराजगी जताई है। उन्होंने कुछ कलेक्टरों के कामकाज पर सवाल उठाए है।
कलेक्टरों को सख्त निर्देश
मुख्य सचिव अशोक बर्णवाल ने जन विश्वास अभियान की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि कुछ कलेक्टर अभियान को गंभीरता से नहीं ले रहे हैं।
मुख्य सचिव ने सभी कलेक्टरों से तत्काल प्रदर्शन सुधारने को कहा है। बैठक में राजस्व सहित पांच विभागों की लंबित शिकायतों पर भी चर्चा हुई।
इनमें महिला एवं बाल विकास और खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग शामिल हैं। लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा तथा पीएचई विभाग की स्थिति भी देखी गई। संबंधित वरिष्ठ अधिकारियों को विभागीय स्थिति सुधारने के निर्देश मिले हैं।
तीन जिलों में जीरो प्रोग्रेस
स्वामित्व योजना मध्य प्रदेश के तहत मुफ्त रजिस्ट्री का अभियान चल रहा है। मुख्यमंत्री ने 21 अक्टूबर 2026 को इसकी प्रगति की समीक्षा की।
प्रदेश में कुल 49 लाख 48 हजार 980 प्लॉट्स की रजिस्ट्री का लक्ष्य है। अब तक केवल एक लाख 60 हजार 230 रजिस्ट्रियां हुई हैं। यानी कुल लक्ष्य का लगभग 3.24 प्रतिशत काम पूरा हुआ है।
रीवा, शहडोल और धार में काम न होने पर नाराज सीएम
स्वामित्व योजना में काम नहीं होने पर रीवा, शहडोल और धार के कलेक्टरों को फटकार लगी है। बुधवार को हुई बैठक में सामने आया कि इन जिलों के कई पटवारी हलकों में अब तक कोई प्रगति नहीं हुई है। इस पर अधिकारियों की नाराजगी भी सामने आई।
मुख्य सचिव ने सबसे खराब प्रदर्शन वाले 10 जिलों के कलेक्टरों को निर्देश दिए हैं। उन्होंने साफ कहा कि कामकाज में तुरंत सुधार किया जाए। जिन पटवारी हलकों में अब तक काम शुरू नहीं हुआ है, वहां बिना देरी किए काम शुरू कराया जाए।
लंबित शिकायतों पर विशेष ध्यान
मध्यप्रदेश में सरकारी योजनाओं का फायदा लोगों तक पहुंचाने के लिए जन विश्वास अभियान चलाया जा रहा है। बैठक में मुख्यमंत्री मोहन यादव ने लोगों की शिकायतें जल्द दूर करने पर जोर दिया।
सीएम हेल्पलाइन में सबसे ज्यादा शिकायतें किन विभागों में अटकी हैं, इसकी भी समीक्षा हुई। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा कि लोगों की शिकायतों का जल्द समाधान किया जाए।
मुख्यमंत्री ने साफ कहा कि अधिकारी सिर्फ दफ्तरों में बैठकर काम न करें। उन्हें खुद फील्ड में जाकर लोगों की परेशानियां सुननी होंगी। साथ ही उनकी समस्याओं को मौके पर ही दूर करने की कोशिश करनी होगी।
सरकारी कामकाज की समीक्षा
बैठक में मुख्यमंत्री मोहन यादव (CM Mohan Yadav) ने अधिकारियों को कई जरूरी निर्देश दिए हैं। इस दौरान प्रदेश के अलग-अलग विभागों के कामकाज की समीक्षा भी हुई।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकारी योजनाओं (MP Government Schemes) से जुड़ी परेशानियां जल्द दूर की जाएं। लोगों के आवेदन बेवजह अटके नहीं रहने चाहिए। उन्होंने अधिकारियों से शिकायतों का जल्द निपटारा करने और जरूरतमंद लोगों तक सरकारी योजनाओं का फायदा पहुंचाने को कहा है।
कम बारिश वाले जिलों पर नजर
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने प्रदेश के 12 जिलों में कम बारिश होने पर चिंता जताई। इनमें आलीराजपुर, धार, झाबुआ, रतलाम और नर्मदापुरम शामिल हैं। इसके अलावा हरदा, बैतूल, इंदौर, उज्जैन, पांढुर्णा, शाजापुर और छिंदवाड़ा में भी कम बारिश हुई है।
मुख्यमंत्री ने कलेक्टरों से कहा कि इन जिलों पर खास ध्यान दिया जाए। जहां कम बारिश से परेशानी हो रही है, वहां के लिए अलग से कार्ययोजना बनाई जाए। साथ ही प्रभावित इलाकों की समस्याओं को दूर करने के लिए जरूरी कदम उठाए जाएं।
दिवाली से पहले सड़कें सुधारें
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने बारिश से खराब हुई सड़कों को जल्द ठीक करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि सड़कों की जरूरी मरम्मत दिवाली से पहले पूरी हो जानी चाहिए।
लोक निर्माण विभाग ने बताया कि सड़कों की मरम्मत और निर्माण का काम शुरू हो चुका है। मुख्यमंत्री ने कहा कि शहरों में जो काम अधूरे पड़े हैं, उन्हें भी जल्द पूरा किया जाए। साथ ही सरकारी भवनों के निर्माण में देरी नहीं होनी चाहिए। सभी काम तय समय पर पूरे किए जाएं।
कार्बाइड गन पर सख्त रोक
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने दिवाली पर कार्बाइड गन की बिक्री रोकने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कार्बाइड गन और कार्बाइड लैम्प के इस्तेमाल पर भी सख्ती करने को कहा है। इनसे धमाका होने और गंभीर चोट लगने का खतरा रहता है।
मुख्यमंत्री ने पटाखों की अवैध बिक्री पर भी रोक लगाने को कहा है। उन्होंने कलेक्टरों और एसपी को त्योहारों के दौरान खास सतर्कता बरतने के निर्देश दिए हैं।
सीएम ने कहा कि संवेदनशील इलाकों में पुलिस की गश्त बढ़ाई जाए। साथ ही महिलाओं की सुरक्षा पर खास ध्यान दिया जाए।
मिलावटखोरी पर भी कार्रवाई
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने त्योहारों पर मिलावटी सामान बेचने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने को कहा है। उन्होंने अधिकारियों को नकली मावा, घी, पनीर और मिठाइयों की बिक्री रोकने के निर्देश दिए हैं।
बैठक में बताया गया कि मिलावटखोरी के मामलों में अब तक 17 लाइसेंस निलंबित किए गए हैं। वहीं 42 मामलों में एफआईआर भी दर्ज की गई है।
मुख्यमंत्री ने त्योहारों के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश भी दिए हैं। उन्होंने साफ कहा कि किसी भी तरह की गड़बड़ी होने पर कलेक्टर और एसपी की जिम्मेदारी होगी।