जमीन म्यूटेशन के नाम पर मांगी 1 लाख की रिश्वत, 75 हजार लेते पटवारी गिरफ्तार
समझें क्या है पूरा मामला
- जोधपुर में ACB की कार्रवाई, 75 हजार रिश्वत लेते पटवारी गिरफ्तार।
- म्यूटेशन के नाम पर मांगी 1 लाख की रिश्वत, 75 हजार थी पहली किस्त।
- परिवादी की कार में हेलमेट के अंदर रखवाए पैसे, तभी ACB ने दबोचा।
- 2022 में खरीदी जमीन का म्यूटेशन था, पटवारी ने 2 साल से लटकाया।
- हेलमेट पर लगे केमिकल के निशान ने पकड़ा, ACB ने दर्ज किया मामला।
जोधपुर में भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) ने एक और बड़ी कार्रवाई की है। ACB ने जोधपुर में एक पटवारी को 75 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोपी पटवारी कृषि भूमि के म्यूटेशन के बदले 1 लाख रुपए की रिश्वत मांग रहा था।
उसने परिवादी से 75 हजार रुपए पहली किस्त के रूप में लिए। एसीबी ने शिकायत के बाद जाल बिछाकर आरोपी को कार में हेलमेट के अंदर पैसे रखवाते हुए पकड़ा। आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।
2 साल से लटकाया था काम
गिरफ्तार आरोपी अंकुश बाघेला पोपावास पटवार मंडल में पटवारी है। उसके पास बम्बोर पटवार मंडल का अतिरिक्त प्रभार भी था। परिवादी ने ACB को शिकायत दी कि उसने 2022 में बम्बोर क्षेत्र में कृषि भूमि खरीदी थी। 2025 से वह म्यूटेशन के लिए पटवारी के चक्कर लगा रहा था।
आरोप है कि शुरू में पटवारी ने 1.5 लाख रुपए मांगे थे। बाद में 1 लाख रुपए में सौदा तय हुआ। इसमें 75 हजार रुपए पहले और बाकी राशि बाद में देने की बात हुई थी।
हेलमेट के अंदर रखवाए पैसे
ACB ने शिकायत का गोपनीय सत्यापन किया। आरोप सही पाए जाने पर जोधपुर रेंज के उप महानिरीक्षक नारायण टोगस की निगरानी में ट्रैप की योजना बनाई गई।
शुक्रवार शाम आरोपी ने परिवादी को रुपए लेकर मिलने के लिए बुलाया। वह परिवादी की कार में हेलमेट लेकर बैठा। उसने परिवादी से हेलमेट के अंदर पैसे रखने को कहा। जैसे ही परिवादी ने 75 हजार रुपए हेलमेट में रखे, ACB टीम ने उसे रंगे हाथ पकड़ लिया।
केमिकल पाउडर के निशान मिले
कार्रवाई के दौरान हेलमेट पर लगे रासायनिक पाउडर के निशान भी मिले। ACB ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। टीम ने अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ओमप्रकाश चौधरी के नेतृत्व में यह कार्रवाई की।
ACB अब आरोपी के आवास और अन्य ठिकानों पर संपत्ति व दस्तावेजों की जांच कर रही है। उसके खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है।
FAQ
- जमीन का म्यूटेशन क्या होता है?
जमीन का म्यूटेशन (Mutation) वह सरकारी प्रक्रिया है, जिसके द्वारा किसी संपत्ति (जमीन या मकान) के स्वामित्व में बदलाव होने पर सरकारी राजस्व रिकॉर्ड (Revenue Records) में नए मालिक का नाम दर्ज किया जाता है। इसे आम बोलचाल में दाखिल-खारिज या नामांतरण भी कहा जाता है।
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