​वोटर लिस्ट का शुद्धिकरण: शनिवार को आएगी SIR की फाइनल लिस्ट, लाखों नामों पर चली कैंची

Ashish Bhardwaj | Feb 20, 2026, 12:41 IST
Photograph: (the sootr)
राजस्थान में एसआईआर का काम पूरा होने जा रहा है। शनिवार को एसआईआर की फाइनल सूची जारी होगी। वोटर लिस्ट में लाखों मतदाताओं के नाम पर कैंची चली है।

News in Short

  • राजस्थान में मतदाता सूची पुनरीक्षण प्रक्रिया अंतिम चरण में है।
  • 41.85 लाख नाम कटे, जिनमें दोहरी प्रविष्टि, मृत्यु और पते में बदलाव शामिल हैं।
  • कांग्रेस ने भाजपा पर जानबूझकर कांग्रेस समर्थित वोटरों के नाम कटवाने का आरोप लगाया।
  • 22 राज्यों में मतदाता सूची पुनरीक्षण का अगला चरण शुरू होगा।
  • शनिवार को जारी होगी अंतिम सूची, जिससे चुनावी समीकरण स्पष्ट होंगे।

News in Detail

​Jaipur: देश की लोकतांत्रिक प्रक्रिया में पारदर्शिता लाने के लिए चलाए जा रहे विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) अभियान का निर्णायक पड़ाव करीब आ गया है। राजस्थान में मतदाता सूचियों को दुरुस्त करने की कवायद अब अंतिम चरण में है। शनिवार को SIR की फाइनल सूची जारी कर दी जाएगी। इससे यह साफ हो जाएगा कि अगले चुनावों में कितने मतदाता मताधिकार का प्रयोग कर पाएंगे।



​राजस्थान में 41.85 लाख नाम कटे

निर्वाचन आयोग के आंकड़ों के अनुसार, पुनरीक्षण प्रक्रिया के दौरान राजस्थान में रिकॉर्ड 41.85 लाख मतदाताओं के नाम काटे गए हैं। आयोग का तर्क है कि ये नाम दोहरी प्रविष्टि, मृत्यु या पते में बदलाव के कारण हटाए गए हैं। हालांकि, इतनी बड़ी संख्या में नाम कटने से प्रदेश की राजनीति में भूचाल आ गया है।



​इस प्रक्रिया के दौरान लगभग 11 लाख मतदाताओं को अपने दस्तावेज पेश करने के निर्देश दिए गए थे। इससे उनकी नागरिकता और निवास की पुष्टि की जा सके। सूची में नाम जुड़वाने के लिए आयोग के पास 10.25 लाख से अधिक नए आवेदन भी प्राप्त हुए हैं।



​विवादों के घेरे में 'नाम हटाओ' अभियान

​मतदाता सूची से नाम हटाए जाने को लेकर अलवर और शेखावाटी समेत राज्य के कई हिस्सों में भारी विवाद देखने को मिला है। इस मुद्दे पर 1.06 लाख से अधिक आपत्तियां दर्ज कराई गई हैं।



मचा सियासी घमासान

कांग्रेस ने इस पूरी प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए भाजपा पर गंभीर आरोप लगाए हैं। पार्टी का कहना है कि भाजपा ने मिलीभगत कर कांग्रेस समर्थित वोटरों के नाम जानबूझकर कटवाए हैं।



वहीं, सत्तारूढ़ पक्ष भाजपा का कहना है कि यह एक निष्पक्ष प्रशासनिक प्रक्रिया है और इसमें धांधली की कोई गुंजाइश नहीं है।



​देशव्यापी स्तर पर 22 राज्यों में हलचल

​केवल राजस्थान ही नहीं, बल्कि पंजाब, हरियाणा, तेलंगाना, दिल्ली, महाराष्ट्र और कर्नाटक समेत 22 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में अप्रैल से SIR का अगला चरण शुरू होने जा रहा है। निर्वाचन आयोग ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि सभी राज्य अपनी तैयारियां समय पर पूरी करें।



​क्या होगा कल

​कल जारी होने वाली अंतिम सूची यह तय करेगी कि राजस्थान के चुनावी रण में असल ताकत किसकी होगी। क्या नए जुड़ने वाले 10 लाख मतदाता किसी का खेल बनाएंगे, या कटे हुए 41 लाख नाम किसी का समीकरण बिगाड़ेंगे? फिलहाल प्रदेश की जनता और राजनीतिक दलों को कल के खुलासे का इंतजार है।



ये भी पढ़े:-

रेस्क्यू के नाम पर मगरमच्छ के साथ बर्बरता, डंडों से हमलाकर किया लहूलुहान, जानें पूरा मामला



​जयपुर में 15 साल पुराने कमर्शियल वाहन हटेंगे, ऐसी गाड़ियों के खिलाफ चलेगा विशेष अभियान



जयपुर एयरपोर्ट पर कुत्ते ने महिला पैसेंजर को बनाया शिकार, सुरक्षा व्यवस्था पर उठे बड़े सवाल



ईशान किशन करेंगे जयपुर की मॉडल से शादी, दादा जी ने की रिश्ते की पुष्टि



Tags:
  • कांग्रेस
  • निर्वाचन आयोग
  • मतदाता सूची
  • भाजपा
  • विशेष गहन पुनरीक्षण