Bournvita को हेल्दी ड्रिंक कैटेगरी से हटाएं, केंद्र सरकार का आदेश

Jitendra Shrivastava | Apr 14, 2024, 19:21 IST
Share
THESOOTR
THESOOTR

NCPCR एक समिति ने जांचमें पाया कि बॉर्नविटा हेल्दी ड्रिंक के मानकों के अनुरूप नहीं है। केंद्र सरकार के नोटिफिकेशन में बॉर्नविटा को हेल्दी ड्रिंक कैटेगरी से बाहर रखने के लिए कहा है...

NEW DELHI. केंद्र सरकार ने बॉर्नविटा (Bournvita) को हेल्दी ड्रिंक कैटेगरी से हटाने के लिए कहा है। इस संबंध में वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय ने ई-कॉमर्स कंपनियों को एक नोटिफिकेशन जारी कर दिया है। नोटिफिकेशन के मुताबिक सभी ई-कॉमर्स वेबसाइट्स को अपने प्लेटफॉर्म पर बॉर्नविटा समेत सभी पेय पदार्थों को हेल्दी ड्रिंक कैटेगरी से बाहर रखने के लिए कहा है।

हेल्दी ड्रिंक के परिभाषा के अनुरूप नहीं है


मंत्रालय ने अपने जारी नोटिफिकेशन में कहा राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग, बाल अधिकार संरक्षण आयोग (NCPCR) अधिनियम के तहत गठित एक निकाय ने जांच किया। इसमें पाया गया कि बॉर्नविटा हेल्दी ड्रिंक के मानकों के अनुरूप नहीं है। नोटिफिकेशन में कहा गया है कि सभी ई-कॉमर्स कंपनियों/पोर्टलों को सलाह दी जाती है कि वे अपनी साइटों/प्लेटफॉर्मों से बॉर्नविटा सहित पेय पदार्थों को 'हेल्दी ड्रिंक' की श्रेणी से हटा दें।

खाद्य कानूनों में नहीं आते हेल्दी ड्रिंक


इस महीने की शुरुआत में भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण (FSSAI) ने सभी ई-कॉमर्स कंपनियों को डेयरी, अनाज या माल्ट आधारित पेय पदार्थों को 'हेल्दी ड्रिंक' या 'एनर्जी ड्रिंक' के रूप में लेबल नहीं करने का निर्देश दिया था। ऐसा इसलिए है क्योंकि 'हेल्दी ड्रिंक' शब्द को देश के खाद्य कानूनों में परिभाषित नहीं किया गया है।

ग्राहकों को गुमराह करते हैं इस तरह के ड्रिंक्स


FSSAI ने ई-कॉमर्स साइटों को चेतावनी दी है कि गलत शब्दों का इस्तेमाल उपभोक्ताओं को गुमराह कर सकता है। इसलिए इसने सभी ई-कॉमर्स फूड बिजनेस ऑपरेटर्स (एफबीओ) को ऐसे पेय पदार्थों को 'हेल्थ ड्रिंक्स/एनर्जी ड्रिंक्स' श्रेणियों से हटाकर या अलग करके सुधार करने की सलाह दी। एफएसएसएआई ने स्पष्ट किया कि 'हेल्थ ड्रिंक' शब्द एफएसएस अधिनियम या खाद्य उद्योग को नियंत्रित करने वाले इसके नियमों में परिभाषित नहीं है। इसके अतिरिक्त 'एनर्जी ड्रिंक्स' शब्द को केवल कार्बोनेटेड और नॉन-कार्बोनेटेड पानी आधारित स्वादयुक्त पेय जैसे उत्पादों पर उपयोग की अनुमति है।

पहले भी बोर्टाविटा को मिल चुका है नोटिस


NCPCR ने पिछले साल बॉर्नविटा बनाने वाली कंपनी मोंडेलेज इंटरनेशनल इंडिया लिमिटेड को नोटिस भेजा था। उसमें कहा गया था कि इस प्रोडक्ट में काफी मात्रा में शुगर होने की शिकायत है। कुछ ऐसे तत्व भी हैं जो बच्चों की सेहत को नुकसान पहुंचा सकते हैं। लिहाजा कंपनी अपने प्रोडक्ट के सभी भ्रामक विज्ञापनों, पैकेजिंग और लेबल की समीक्षा करे और उन्हें वापस लें।

एनर्जी और स्पोर्ट्स ड्रिंक का मार्केट 4.7 बिलियन डॉलर


एक मार्केट स्टडी के अनुसार इंडियन एनर्जी ड्रिंक और स्पोर्ट्स ड्रिंक का वर्तमान में मार्केट साइज 4.7 बिलियन डॉलर है, जो 2028 तक 5.71% की CAGR ग्रोथ के साथ से बढ़ने की उम्मीद है।

Tags:
  • Bournvita
  • हेल्दी ड्रिंक कैटेगरी
गूगल पर द सूत्र चुनें ! Add as a preferredsource on Google
छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें

By Arun Tiwari

छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें
मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी

By Sandeep Kumar

मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी
IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी

By VINAY VERMA

IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी
राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं

By Ashish Bhardwaj

राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं
पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई

By Arun Tiwari

पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई
भोपाल की सेज यूनिवर्सिटी में छात्रों का हंगामा: हॉस्टल मेस के खाने में कीड़े मिलने का आरोप, अब खाद्य विभाग करेगा जांच

By Jitendra Shrivastava

भोपाल की सेज यूनिवर्सिटी में छात्रों का हंगामा: हॉस्टल मेस के खाने में कीड़े मिलने का आरोप, अब खाद्य विभाग करेगा जांच
UPI एमडीआर पर सुप्रीम कोर्ट का रोक से इनकार: 15 अक्टूबर से दुकानदारों को देना होगा 0.4 फीसदी चार्ज

By Sanjay Dhiman

UPI एमडीआर पर सुप्रीम कोर्ट का रोक से इनकार: 15 अक्टूबर से दुकानदारों को देना होगा 0.4 फीसदी चार्ज