दिग्विजय सिंह ने महाकुंभ में भगदड़ पर उठाए सवाल, राज्यसभा में चर्चा की मांग खारिज

Sandeep Kumar | Feb 04, 2025, 13:16 IST
kumbh-stampede-death
कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने प्रयागराज महाकुंभ 2025 में हुई भगदड़ को लेकर राज्यसभा में चर्चा की मांग की थी। दिग्विजय ने आरोप लगाया कि इस घटना से जुड़े वास्तविक आंकड़े छुपाए जा रहे हैं और प्रशासन पारदर्शी तरीके से जानकारी साझा नहीं कर रहा है।

मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने प्रयागराज महाकुंभ 2025 में हुई भगदड़ पर राज्यसभा में चर्चा कराने की मांग की थी। उन्होंने आरोप लगाया कि इस घटना में मृतकों और घायलों की सही संख्या को छुपाया जा रहा है। प्रारंभिक रिपोर्ट के अनुसार, संगम क्षेत्र में 30 श्रद्धालुओं की मृत्यु और 60 से अधिक लोग घायल हुए थे। दिग्विजय ने इस पर राज्यसभा में नोटिस दिया, लेकिन उनकी चर्चा की मांग सभापति ने खारिज कर दी। इसके विरोध में उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (X) पर अपनी नाराजगी व्यक्त की। दिग्विजय सिंह ने उचित भीड़ प्रबंधन, घटना की पारदर्शिता और प्रशासन की जवाबदेही पर सवाल उठाते हुए पीड़ितों के लिए न्याय की मांग की है। कई संतों ने भी इस मुद्दे पर प्रशासन को आड़े हाथों लिया है।



ये खबर भी पढ़िए...महाकुंभ में हॉट एयर बैलून फटा, एमपी के 2 श्रद्धालु समेत कई झुलसे



चर्चा की मांग राज्यसभा में खारिज

दिग्विजय सिंह ने बताया कि उन्होंने और अन्य विपक्षी सांसदों ने घटना पर सदन में चर्चा कराने के लिए नियम 267 के तहत नोटिस दिया था। उनका कहना है कि सभापति ने न केवल चर्चा की मांग खारिज कर दी बल्कि इस दुखद घटना में मृतकों की स्मृति में शोक प्रस्ताव की अनुमति भी नहीं दी।



ये खबर भी पढ़िए...महाकुंभ भगदड़ पर संसद में हंगामा, खड़गे बोले- मारे गए हजारों लोगों को मेरी श्रृद्धांजलि



संत समाज ने भी उठाए सवाल

महाकुंभ में हुई व्यवस्था पर संत समाज ने भी प्रशासन की कड़ी आलोचना की है। शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद जी महाराज ने घटना की पारदर्शिता और सही आंकड़े उपलब्ध न कराए जाने पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने प्रशासन से उचित भीड़ प्रबंधन सुनिश्चित करने और घटना के सही विवरण सार्वजनिक करने की मांग की।



ये खबर भी पढ़िए...महाकुंभ 2025: भगदड़ में बड़ी साजिश की आशंका, ये बात जानकर मचा हड़कंप



दिग्विजय ने सोशल मीडिया पर जताई नाराजगी

भीड़ प्रबंधन और जवाबदेही सुनिश्चित करने की मांग

इस घटना के बाद जनमानस में आक्रोश फैल गया है। दिग्विजय सिंह ने कहा कि ऐसे विशाल धार्मिक आयोजनों में उचित प्रबंधन बेहद जरूरी है। उन्होंने सदन में इस मुद्दे पर चर्चा कर प्रशासन की जवाबदेही तय करने और पीड़ितों को न्याय दिलाने की मांग की है। साथ ही, भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं को रोकने के लिए ठोस कदम उठाने की जरूरत पर जोर दिया है।



ये खबर भी पढ़िए...एमपी के सरकारी कर्मचारियों के महाकुंभ जाने पर रोक, सरकार ने दिए आदेश



ये खबर भी पढ़िए...महाकुंभ में गुम हो गई छत्तीसगढ़ की महिला, परिवार परेशान



FAQ

  1. दिग्विजय सिंह ने किस मुद्दे पर चर्चा की मांग की थी?
    उन्होंने प्रयागराज महाकुंभ 2025 में हुई भगदड़ और मृतकों के सही आंकड़ों पर चर्चा की मांग की थी।
  2. राज्यसभा में उनकी चर्चा की मांग क्यों खारिज हुई?
    सभापति ने नियम 267 के तहत दी गई चर्चा की मांग को स्वीकार नहीं किया।
  3. महाकुंभ में कितने श्रद्धालुओं की मृत्यु हुई थी?
    प्रारंभिक रिपोर्ट के अनुसार, संगम क्षेत्र में 30 श्रद्धालुओं की मृत्यु हुई थी।
  4. संत समाज का इस घटना पर क्या रुख है?
    संत समाज ने प्रशासन पर घटना के सही आंकड़े न देने और अव्यवस्था का आरोप लगाया है।
  5. दिग्विजय सिंह ने सोशल मीडिया पर क्या कहा?
    उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर प्रशासन की पारदर्शिता और जवाबदेही पर सवाल उठाए।


Tags:
  • दिग्विजय सिंह
  • मध्य प्रदेश
  • राज्यसभा
  • एमपी हिंदी न्यूज
  • संत समाज
  • Mahakumbh
  • शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद
  • प्रयागराज महाकुंभ 2025
  • महाकुंभ