छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव: BJP-कांग्रेस को टक्कर देने छसपा लड़ेगी विधानसभा चुनाव, इस बार सभी उम्मीदवार होंगे किसान
The Sootr CG | Oct 09, 2023, 24:00 IST
छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव: BJP-कांग्रेस को टक्कर देने छसपा लड़ेगी विधानसभा चुनाव, इस बार सभी उम्मीदवार होंगे किसान
छत्तीसगढ़ में इस बार भाजपा-कांग्रेस को टक्कर देने के लिए छत्तीसगढ़ समाज पार्टी (छसपा) ने भी विधानसभा चुनाव लड़ने की घोषणा की है।
RAIPUR. छत्तीसगढ़ में चुनावी रण तैयार हो रहा है। चुनावों की तारीख आने से पहले एक और पार्टी मैदान में उतरने वाली है। इस बार भाजपा-कांग्रेस को टक्कर देने के लिए छत्तीसगढ़ समाज पार्टी (छसपा) ने भी विधानसभा चुनाव लड़ने की घोषणा की है। छसपा के दर्जनों प्रत्याशी अपने झंडे अपने घोषणा पत्र के अनुरूप ही लड़ेंगे। पार्टी ने चुनाव में एकला चलो की नीति अपनाने का फैसला किया है। छसपा के सभी प्रत्याशी किसान होंगे, जो जमीन से जुड़े और जनता के करीब होंगे।
छसपा लड़ेगी विधानसभा चुनाव
वहीं चुनाव मैदान में उतरने की तैयारी में जुटी छसपा ने घोषणापत्र भी जारी कर दिया है। इसमें 12 महीने में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी, सभी बंद मंडियां चालू करना, भ्रष्टाचार मुक्त प्रदेश, पूर्ण नशाबंदी, शिक्षा के साथ रोजगार, स्थानीय रोजगार को कड़ाई से पालन, औद्योगिक क्षेत्र में ही उद्योग, गांव गांव के कृषि भूमि को औद्योगीकरण से बचाने का काम करेगी। 1 नवंबर को हर साल राज्योत्सव मनाएंगे। इस दौरान दाऊ जीपी चंद्राकर, कार्यकारी अध्यक्ष अनिल दुबे, दीनदयाल वर्मा, जागेश्वर प्रसाद आदि मौजूद थे।
ये है छसपा का घोषणा पत्र
• गैर छत्तीसगढ़िया का राजनीति में वजूद शून्य करेंगे।
• सभी फसलों की खरीदी बिक्री समर्थन मूल्य पर।
• बंद सभी मंडियों को खोलकर बारहों महीने खरीदी। सभी नगर पंचायतों में ग्रामवासियों के टैक्स माफ।
• कृषि भूमि पर उद्योग बंद करना। सरकारी, गैर सरकारी संस्थाओं एवं कारखानों में केवल छत्तीसगढ़िया को रोजगार।
• छत्तीसगढ़ियावाद को स्थापित करना। मातृभाषा छत्तीसगढ़ी में पांचवी तक पढ़ाई। छत्तीसगढ़ी को कामकाज की भाषा बनाने जनआंदोलन।
• विश्व धरोहर सिरपुर और कोडार बांध को बचाना।
• धमतरी में 2009 में चक्काजाम के दौरान मृत किसानों को शहीद का दर्जा।
छसपा लड़ेगी विधानसभा चुनाव
वहीं चुनाव मैदान में उतरने की तैयारी में जुटी छसपा ने घोषणापत्र भी जारी कर दिया है। इसमें 12 महीने में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी, सभी बंद मंडियां चालू करना, भ्रष्टाचार मुक्त प्रदेश, पूर्ण नशाबंदी, शिक्षा के साथ रोजगार, स्थानीय रोजगार को कड़ाई से पालन, औद्योगिक क्षेत्र में ही उद्योग, गांव गांव के कृषि भूमि को औद्योगीकरण से बचाने का काम करेगी। 1 नवंबर को हर साल राज्योत्सव मनाएंगे। इस दौरान दाऊ जीपी चंद्राकर, कार्यकारी अध्यक्ष अनिल दुबे, दीनदयाल वर्मा, जागेश्वर प्रसाद आदि मौजूद थे।
ये है छसपा का घोषणा पत्र
• गैर छत्तीसगढ़िया का राजनीति में वजूद शून्य करेंगे।
• सभी फसलों की खरीदी बिक्री समर्थन मूल्य पर।
• बंद सभी मंडियों को खोलकर बारहों महीने खरीदी। सभी नगर पंचायतों में ग्रामवासियों के टैक्स माफ।
• कृषि भूमि पर उद्योग बंद करना। सरकारी, गैर सरकारी संस्थाओं एवं कारखानों में केवल छत्तीसगढ़िया को रोजगार।
• छत्तीसगढ़ियावाद को स्थापित करना। मातृभाषा छत्तीसगढ़ी में पांचवी तक पढ़ाई। छत्तीसगढ़ी को कामकाज की भाषा बनाने जनआंदोलन।
• विश्व धरोहर सिरपुर और कोडार बांध को बचाना।
• धमतरी में 2009 में चक्काजाम के दौरान मृत किसानों को शहीद का दर्जा।
छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें
By Arun Tiwari
मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी
By Sandeep Kumar
IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी
By VINAY VERMA
राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं
By Ashish Bhardwaj
पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई
By Arun Tiwari
भोपाल की सेज यूनिवर्सिटी में छात्रों का हंगामा: हॉस्टल मेस के खाने में कीड़े मिलने का आरोप, अब खाद्य विभाग करेगा जांच
By Jitendra Shrivastava
UPI एमडीआर पर सुप्रीम कोर्ट का रोक से इनकार: 15 अक्टूबर से दुकानदारों को देना होगा 0.4 फीसदी चार्ज
By Sanjay Dhiman