छत्तीसगढ़ में फर्जीवाड़ा : मृत डॉक्टरों के नाम और रजिस्ट्रेशन से चल रहे अस्पताल
Umeshwari Baghel | Aug 12, 2026, 19:55 IST
गरियाबंद से बिलासपुर तक फर्जी डॉक्टर सक्रिय
छत्तीसगढ़ में फर्जी डॉक्टरों का बड़ा मामला सामने आया है। मृत डॉक्टरों और दूसरे चिकित्सकों के रजिस्ट्रेशन नंबर का इस्तेमाल कर कुछ लोग अस्पताल चला रहे हैं। जांच में कई जगह गलत विशेषज्ञता बताकर इलाज करने के मामले भी सामने आए हैं।
समझें क्या पूरा मामला
- मृत डॉक्टरों के नाम पर इलाज का खेल
- फर्जी रजिस्ट्रेशन से चल रहे अस्पताल
- छत्तीसगढ़ में फर्जी डॉक्टरों का खुलासा
- डिग्री और पहचान पर उठे सवाल
- मरीजों की जान से खिलवाड़ का मामला
पुराने रजिस्ट्रेशन बने फर्जीवाड़े का रास्ता
मेडिकल विशेषज्ञों का कहना है कि डॉक्टरों के पंजीयन की नियमित जांच जरूरी है। अगर समय-समय पर रिकॉर्ड अपडेट नहीं होंगे तो फर्जी डॉक्टरों पर रोक लगाना मुश्किल होगा।
हजारों डॉक्टरों के रिकॉर्ड में सवाल
राष्ट्रीय स्तर पर डॉक्टरों के रजिस्ट्रेशन को समय-समय पर नवीनीकरण करने की व्यवस्था है। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि केवल योग्य और सक्रिय डॉक्टर ही मरीजों का इलाज करें।
डिग्री से ज्यादा बड़ी दिख रही पहचान
कुछ डॉक्टर सामान्य चिकित्सा की डिग्री होने के बावजूद खुद को हृदय रोग विशेषज्ञ बता रहे हैं। जबकि गंभीर हृदय संबंधी इलाज और प्रक्रियाओं के लिए विशेष प्रशिक्षण जरूरी होता है।
ऐसे मामलों में मरीज अक्सर डॉक्टर की डिग्री और बोर्ड देखकर भरोसा कर लेते हैं। बाद में उन्हें पता चलता है कि डॉक्टर की विशेषज्ञता और दावा अलग-अलग है।
गरियाबंद से बिलासपुर तक फर्जी डॉक्टर सक्रिय
गरियाबंद में सामने आया मामला
आरोप है कि संबंधित डॉक्टर ने खुद को एनेस्थीसिया विशेषज्ञ बताकर काम किया। जांच रिपोर्ट अधिकारियों तक पहुंची, लेकिन आगे की कार्रवाई को लेकर सवाल उठ रहे हैं।
बिलासपुर में फर्जी सर्जन का मामला
मरीजों की सुरक्षा सबसे बड़ा मुद्दा
सरकार और मेडिकल संस्थाओं को पंजीयन रिकॉर्ड की नियमित जांच करनी होगी। साथ ही अस्पतालों में काम करने वाले डॉक्टरों की योग्यता की भी पुष्टि करनी होगी।
मरीजों को भी इलाज कराने से पहले डॉक्टर की डिग्री और पंजीयन की जानकारी जांचनी चाहिए। केवल बड़े बोर्ड और विज्ञापन देखकर डॉक्टर पर भरोसा करना जोखिम भरा हो सकता है।
छत्तीसगढ़ में सामने आया यह मामला स्वास्थ्य व्यवस्था की निगरानी पर बड़ा सवाल खड़ा करता है। समय रहते रिकॉर्ड सुधार और सख्त कार्रवाई नहीं हुई तो ऐसे फर्जीवाड़े बढ़ सकते हैं।
FAQ
- छत्तीसगढ़ में फर्जी डॉक्टरों का मामला क्या है?
छत्तीसगढ़ में कुछ लोग मृत डॉक्टरों और दूसरे चिकित्सकों के रजिस्ट्रेशन नंबर का गलत इस्तेमाल कर इलाज करने का आरोप है। - डॉक्टरों के रजिस्ट्रेशन नंबर का गलत इस्तेमाल कैसे हो रहा है?
पुराने रिकॉर्ड अपडेट नहीं होने से मृत या निष्क्रिय डॉक्टरों के नंबर अब भी सक्रिय दिख रहे हैं, जिनका गलत फायदा उठाया जा रहा है। - मरीज फर्जी डॉक्टरों की पहचान कैसे कर सकते हैं?
मरीज डॉक्टर की डिग्री, विशेषज्ञता और मेडिकल काउंसिल में पंजीयन की जानकारी जरूर जांच सकते हैं।
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