कक्षा 1 के छात्र की सिर दर्द से मौत,मेडिकल कॉलेज ले जाते वक्त तोड़ा दम
Class one student dies of unknown disease : पहली कक्षा के छात्र की अज्ञात बीमारी से मौत का मामला सामने आ रहा है। बच्चे को पहले बहुत तेज सिर दर्द हुआ। इसके बाद इलाज के लिए डिमरापाल मेडिकल कॉलेज ले जाते समय उसने रास्ते में दम तोड़ दिया। इससे पहले उसका सुकमा जिला अस्पताल में भी इलाज किया गया, जहां से फायदा न पड़ने पर मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया था। बालक छात्रावास में रहकर ही पढ़ाई करता था।
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सात साल उम्र थी बच्चे की, घर से दूर रहकर कर रहा था पढ़ाई
जानकारी के अनुसार सुकमा जिले के कोयाबेकूर में आदिवासी बालक आश्रम का है। इस हॉस्टल में रहकर कोंटा ब्लॉक में आने वाले केरलापेंदा का रहने वाला माड़वी दुला (7) पढ़ाई करता था। वह कक्षा एक का छात्र था। आश्रम अधीक्षक बंशराज का कहना है कि 29 नवंबर को उसकी तबीयत बिगड़ी थी।
इस पर उसे केरलापाल के स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया था इलाज के लिए। वहहां जांच की गईं, जिसमें उसकी रिपोर्ट नेगेटिव आई थी। हालत में सुधार होने पर उसे वापस आश्रम लाया गया था। इसके बाद रविवार को अचानक उसकी तबीयत बिगड़ गई। रात करीब 9 बजे उसे सुकमा जिला अस्पताल लाया गया।
जिला अस्पताल में किए गए इलाज से उसकी तबीयत में कोई सुधार नहीं हुआ। इस पर डॉक्टरों ने उसे जगदलपुर के डिमरापाल मेडिकल कॉलेज रेफर किया था।
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आश्रम में मेडिकल कैंप लगा था
सुकमा सहायक आयुक्त शरतचंद्र शुक्ला का कहना है कि आश्रम में चिरायु की टीम ने मेडिकल कैंप भी लगाया था। उस समय छात्र का मेडिकल चेकअप किया गया था। तब भी इसकी रिपोर्ट नेगेटिव आई थी। किस बीमारी से मौत हुई है, यह अभी साफ नहीं है।
FAQ
- पहली कक्षा के छात्र की तबीयत कब बिगड़ी और क्या लक्षण थे ?
पहली बार 29 नवंबर को छात्र की तबीयत बिगड़ी, उसे तेज सिर दर्द हुआ। इलाज के लिए उसे केरलापाल स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां जांच में उसकी रिपोर्ट नेगेटिव आई। सुधार होने पर उसे आश्रम लाया गया, लेकिन 3 दिसंबर को उसकी हालत अचानक फिर बिगड़ गई। - छात्र की मौत के दौरान क्या-क्या कदम उठाए गए ?
जब छात्र की हालत बिगड़ी, तो उसे पहले सुकमा जिला अस्पताल ले जाया गया। वहां इलाज से कोई सुधार नहीं हुआ, इसलिए डॉक्टरों ने उसे डिमरापाल मेडिकल कॉलेज रेफर किया। मेडिकल कॉलेज ले जाते समय रास्ते में छात्र की मौत हो गई। - क्या कारण बताया जा रहा है और क्या जांच हुई थी ?
छात्र की बीमारी का कारण अभी स्पष्ट नहीं है। चिरायु टीम द्वारा आश्रम में लगाए गए मेडिकल कैंप के दौरान भी छात्र का चेकअप किया गया था, और रिपोर्ट नेगेटिव आई थी। मौत के पीछे की सटीक वजह का पता लगाया जा रहा है।