ई-गवर्नेंस की ओर रुख: अब मोबाइल एप से अपडेट होगी कर्मचारियों की सेवा जानकारी
Harrison Masih | Jun 12, 2025, 15:06 IST
e-governance service information of employees will updated through mobile app the sootr
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ शासन ने सुशासन को और अधिक पारदर्शी, तेज़ और सुलभ बनाने की दिशा में 'ई-गवर्नेंस' की ओर बड़ा कदम उठाया है।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ शासन ने सुशासन को और अधिक पारदर्शी, तेज़ और सुलभ बनाने की दिशा में 'ई-गवर्नेंस' की ओर बड़ा कदम उठाया है। अब राज्य के लगभग 4 लाख शासकीय कर्मचारियों की सेवा जानकारी (Service Records) को मोबाइल एप और वेब पोर्टल के माध्यम से अपडेट किया जा सकेगा। इस नई व्यवस्था से कर्मचारियों को पदोन्नति, वेतन निर्धारण, स्थानांतरण, सेवानिवृत्ति व पेंशन से जुड़े मामलों में अनावश्यक विलंब से निजात मिलेगी।
ये खबर भी पढ़ें... नेशनल ई-गवर्नेंस अवार्ड, 6 कैटेगरी में मिलेंगे पुरस्कार, नामांकन शुरू
संचालक कोष एवं लेखा, रितेश अग्रवाल ने जानकारी दी कि यह व्यवस्था ‘एम्प्लाई कॉर्नर’ मोबाइल एप और वेब पोर्टल के माध्यम से संचालित की जाएगी। कर्मचारियों को अब अपने सेवा विवरण, बैंक खाता, नामिनी आदि की जानकारी अपडेट करने के लिए कार्यालय प्रमुख पर निर्भर नहीं रहना होगा।
इस एप से कर्मचारी स्वयं लॉगिन कर प्रोफाइल अपडेट कर सकते हैं, जिससे जानकारी की प्रमाणिकता भी बढ़ेगी और समय की बचत भी होगी। इससे विभागीय कार्यों में पारदर्शिता और प्रशासनिक दक्षता बढ़ेगी।
ये खबर भी पढ़ें... ऑनलाइन मोबाइल एप से लोन लेना हो सकता है खतरनाक
अक्सर यह देखा गया है कि सेवानिवृत्ति के समय कई कर्मचारियों को अपडेटेड जानकारी न होने की वजह से पेंशन, जीपीएफ व अन्य लाभ प्राप्त करने में कठिनाई होती है। यह नई व्यवस्था इस समस्या को दूर करने के लिए व्यवस्थित और तकनीकी समाधान के रूप में लाई गई है।
राज्य सरकार ने सेवानिवृत्त कर्मचारियों के लिए एक और अहम सुविधा लागू की है। अब महालेखाकार कार्यालय में अंतिम जीपीएफ दावा ऑनलाइन माध्यम से प्रस्तुत किया जा सकेगा। इससे दावे के निपटान में लगने वाला समय काफी कम हो जाएगा।
साथ ही, ऑनलाइन जीपीएफ क्रेडिट मिसिंग मॉड्यूल भी उपलब्ध कराया गया है, जिससे सेवा काल में हुई किसी भी मिसिंग एंट्री को दुरुस्त किया जा सकेगा।
ये खबर भी पढ़ें... पचमढ़ी प्रशिक्षण शिविर में BJP सांसदों-विधायकों को मोबाइल से दूरी, टाइम मैनेजमेंट से लेकर भाषण कला तक की मिलेगी ट्रेनिंग
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने स्पष्ट किया है कि सरकार का हर निर्णय आम जन और कर्मचारियों के हित में होना चाहिए। यह डिजिटल पहल राज्य सरकार की ई-गवर्नेंस के क्षेत्र में अग्रणी बनने की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
“डिजिटल प्रशासन – पारदर्शी समाधान” के तहत यह सुविधा राज्य कर्मचारियों की सेवा सुरक्षा और सुविधा के लिए एक मील का पत्थर साबित होगी।
4 लाख से अधिक शासकीय कर्मचारियों की सेवा जानकारी अब मोबाइल एप पर।
पदोन्नति, पेंशन, वेतन निर्धारण में पारदर्शिता और गति।
एम्प्लाई कॉर्नर एप और वेब पोर्टल के जरिए स्वयं जानकारी अपडेट करने की सुविधा।
ऑनलाइन जीपीएफ दावा और क्रेडिट मिसिंग मॉड्यूल की शुरुआत।
कार्यालय प्रमुख पर निर्भरता में कमी, डिजिटल सशक्तिकरण की दिशा में एक बड़ा कदम।
ये खबर भी पढ़ें... MPPSC बना रहा नया मोबाइल एप, अब वन टाइम रजिस्ट्रेशन होगा, मोबाइल पर उम्मीदवारों को मिल जाएगी भती परीक्षा की जानकारी
छत्तीसगढ़ ई-गवर्नेंस | कर्मचारियों को डिजिटल सुविधा | मोबाइल एप में कर्मचारियों की जानकारी | E-Governance Service | digital government | chattisgarh
अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें 📢🔃 🤝💬👩👦👨👩👧👧
ये खबर भी पढ़ें... नेशनल ई-गवर्नेंस अवार्ड, 6 कैटेगरी में मिलेंगे पुरस्कार, नामांकन शुरू
'एम्प्लाई कॉर्नर' एप से मिलेगी डिजिटल सुविधा
इस एप से कर्मचारी स्वयं लॉगिन कर प्रोफाइल अपडेट कर सकते हैं, जिससे जानकारी की प्रमाणिकता भी बढ़ेगी और समय की बचत भी होगी। इससे विभागीय कार्यों में पारदर्शिता और प्रशासनिक दक्षता बढ़ेगी।
ये खबर भी पढ़ें... ऑनलाइन मोबाइल एप से लोन लेना हो सकता है खतरनाक
सेवा से जुड़ी परेशानियों का होगा समाधान
ऑनलाइन जीपीएफ दावे की भी सुविधा
साथ ही, ऑनलाइन जीपीएफ क्रेडिट मिसिंग मॉड्यूल भी उपलब्ध कराया गया है, जिससे सेवा काल में हुई किसी भी मिसिंग एंट्री को दुरुस्त किया जा सकेगा।
ये खबर भी पढ़ें... पचमढ़ी प्रशिक्षण शिविर में BJP सांसदों-विधायकों को मोबाइल से दूरी, टाइम मैनेजमेंट से लेकर भाषण कला तक की मिलेगी ट्रेनिंग
सरकार की मंशा – पारदर्शिता और समयबद्धता
“डिजिटल प्रशासन – पारदर्शी समाधान” के तहत यह सुविधा राज्य कर्मचारियों की सेवा सुरक्षा और सुविधा के लिए एक मील का पत्थर साबित होगी।
संक्षेप में मुख्य बातें:
पदोन्नति, पेंशन, वेतन निर्धारण में पारदर्शिता और गति।
एम्प्लाई कॉर्नर एप और वेब पोर्टल के जरिए स्वयं जानकारी अपडेट करने की सुविधा।
ऑनलाइन जीपीएफ दावा और क्रेडिट मिसिंग मॉड्यूल की शुरुआत।
कार्यालय प्रमुख पर निर्भरता में कमी, डिजिटल सशक्तिकरण की दिशा में एक बड़ा कदम।
ये खबर भी पढ़ें... MPPSC बना रहा नया मोबाइल एप, अब वन टाइम रजिस्ट्रेशन होगा, मोबाइल पर उम्मीदवारों को मिल जाएगी भती परीक्षा की जानकारी
छत्तीसगढ़ ई-गवर्नेंस | कर्मचारियों को डिजिटल सुविधा | मोबाइल एप में कर्मचारियों की जानकारी | E-Governance Service | digital government | chattisgarh
अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें 📢🔃 🤝💬👩👦👨👩👧👧
नवरात्रि के पहले इंदौर में 92 लाख रुपए की गर्भपात किट मिलने से भड़के हिंदूवादी नेता
By Sanjay Gupta, Sandeep Kumar
20 हजार करोड़ रुपए के बकाया चालान: सुप्रीम कोर्ट ने दिए अनोखे सुझाव: बिजली बिल में जुड़ सकती है चालान की राशि
By Neel Tiwari
छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें
By Arun Tiwari
मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी
By Sandeep Kumar
IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी
By VINAY VERMA
राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं
By Ashish Bhardwaj
पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई
By Arun Tiwari