सवा 3 करोड़ रुपए का गबन कर गए समाज कल्याण विभाग के अधिकारी, 3 साल बाद हुआ खुलासा
VINAY VERMA | Aug 02, 2025, 08:31 IST
Social welfare department officials embezzled Rs 3 25 crore
छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले में समाज कल्याण विभाग में करोड़ों रुपये के गबन का सनसनीखेज मामला सामने आया है। दो पूर्व उपसंचालकों पर 3 करोड़ 25 लाख 50 हजार रुपये की सरकारी राशि का दुरुपयोग करने का आरोप है।
समाज कल्याण विभाग में सरकारी पैसे के गबन का एक गंभीर मामला सामने आया है। मामला गरियाबंद जिले का है, जहाँ 2 उपसंचालको ने 2015 से 2018 और 2018 से 2022 के बीच मे 3 करोड़ 25 लाख 50 हजार रुपए की हेराफेरी की है।
मामला अब जिला सिटी कोतवाली गरियाबंद पहुंचा है। दोनों अधिकारियो के रिटायरमेंट के बाद मामला दर्ज हुआ है। बताया जा रहा है कि दोनों अधिकारी रिटायरमेंट के बाद जेल जा सकते हैं।
आवेदन की जांच के आधार पर पुलिस में पहले आरोपी 2018 से 2022 तक रहे पूर्व उप संचालक और 2015 से 2018 तक पदस्थ एल.एस. मार्को के विरुद्ध अपराध रजिस्टर किया है। FIR के अनुसार, रायपुर निवासी कुंदन सिंह ठाकुर द्वारा दोनों अधिकारियों के खिलाफ लोक आयोग रायपुर में लिखित शिकायत दर्ज कराई गई थी।
इस शिकायत की जांच के लिए कलेक्टर गरियाबंद के आदेशानुसार तीन सदस्यीय संयुक्त जांच समिति गठित की गई, जिसमें अपर कलेक्टर अरविंद कुमार पांडे, जिला कोषालय अधिकारी पीसी खलखो और उप संचालक समाज कल्याण दोनर प्रसाद ठाकुर शामिल थे।
जांच समिति द्वारा गहराई से की गई पड़ताल में यह पाया गया कि ‘राज्य निराश्रित निधि’ के नाम से जारी चेकों का कोई स्पष्ट रिकॉर्ड कार्यालय में मौजूद नहीं है। तत्कालीन उप संचालकों ने इन पैसे के खर्च का कोई रिकार्ड रखा है।
संयुक्त जांच समिति के प्रतिवेदन में यह भी दर्ज है कि उक्त राशि का उपयोग अधिकारियों द्वारा निजी कार्यों में किया गया, जिससे यह स्पष्ट रूप से शासकीय धन का गबन माना गया। मामले में अन्य संबंधित दस्तावेज और कर्मचारियों के बयान भी शामिल किए जा रहे हैं।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, प्रारंभिक जांच में जो तथ्य सामने आए हैं, वे बेहद चौंकाने वाले हैं और आने वाले दिनों में इस प्रकरण में अन्य अधिकारियों और कर्मचारियों की संलिप्तता भी उजागर हो सकती है।
thesootr links
अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें📢🔃 🤝💬👩👦👨👩👧👧
मामला अब जिला सिटी कोतवाली गरियाबंद पहुंचा है। दोनों अधिकारियो के रिटायरमेंट के बाद मामला दर्ज हुआ है। बताया जा रहा है कि दोनों अधिकारी रिटायरमेंट के बाद जेल जा सकते हैं।
कुंदन सिंह शिकायत पर FIR दर्ज
इस शिकायत की जांच के लिए कलेक्टर गरियाबंद के आदेशानुसार तीन सदस्यीय संयुक्त जांच समिति गठित की गई, जिसमें अपर कलेक्टर अरविंद कुमार पांडे, जिला कोषालय अधिकारी पीसी खलखो और उप संचालक समाज कल्याण दोनर प्रसाद ठाकुर शामिल थे।
जांच समिति को गड़बड़ी मिली थी
बिना कारण पैसे निकाले गए चेक किन फर्मों को और किस प्रयोजन के लिए भुगतान किए गए, इसकी भी कोई जानकारी कार्यालय में उपलब्ध नहीं थी। जांच में सहायक ग्रेड-2 ओमप्रकाश सिन्हा, सहायक ग्रेड-3 पीलाराम वर्मा और सहायक ग्रेड-2 पवन कुमार सोनी के कथन लिए गए। साथ ही संबंधित बैंकों और वरिष्ठ कार्यालयों से दस्तावेज जुटाए गए, जिनके विश्लेषण से यह पुष्टि हुई कि तत्कालीन अधिकारियों द्वारा बिना वैधानिक प्रक्रिया के 3 करोड़ 25 लाख 50 हजार रुपय बिना कारण निकाला।
|
पैसे का निजी काम मे इस्तेमाल का जिक्र
पुलिस सूत्रों के अनुसार, प्रारंभिक जांच में जो तथ्य सामने आए हैं, वे बेहद चौंकाने वाले हैं और आने वाले दिनों में इस प्रकरण में अन्य अधिकारियों और कर्मचारियों की संलिप्तता भी उजागर हो सकती है।
FAQ
- यह गबन किस विभाग में हुआ है?
समाज कल्याण विभाग, गरियाबंद जिले में।
FAQ
- यह गबन किस विभाग में हुआ है?
समाज कल्याण विभाग, गरियाबंद जिले में। - गबन की कुल राशि कितनी बताई जा रही है?
3 करोड़ 25 लाख 50 हजार रुपये। - आरोप किन अधिकारियों पर लगे हैं?
दो पूर्व उपसंचालक – एक 2015-2018 के कार्यकाल का, दूसरा 2018-2022 का।
thesootr links
- मध्य प्रदेश की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- छत्तीसगढ़ की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- राजस्थान की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- रोचक वेब स्टोरीज देखने के लिए करें क्लिक
- एजुकेशन की खबरें पढ़ने के लिए क्लिक करें
- निशुल्क वैवाहिक विज्ञापन और क्लासिफाइड देखने के लिए क्लिक करें
अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें📢🔃 🤝💬👩👦👨👩👧👧
छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें
By Arun Tiwari
मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी
By Sandeep Kumar
IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी
By VINAY VERMA
राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं
By Ashish Bhardwaj
पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई
By Arun Tiwari
भोपाल की सेज यूनिवर्सिटी में छात्रों का हंगामा: हॉस्टल मेस के खाने में कीड़े मिलने का आरोप, अब खाद्य विभाग करेगा जांच
By Jitendra Shrivastava
UPI एमडीआर पर सुप्रीम कोर्ट का रोक से इनकार: 15 अक्टूबर से दुकानदारों को देना होगा 0.4 फीसदी चार्ज
By Sanjay Dhiman