अविमुक्तेश्वरानंद विवाद: आशुतोष महाराज पर चलती ट्रेन में हमला, टॉयलेट में छिपकर बचाई जान

Pawan Modiya | Mar 08, 2026, 17:13 IST
Photograph: (the sootr)
अविमुक्तेश्वरानंद विवाद के बीच आशुतोष महाराज पर रीवा एक्सप्रेस में हमला। टॉयलेट में छिपकर बची जान, जीआरपी ने दर्ज की FIR। दावा है कि हमलावर हमला करते समय कह रहा था- “तुम्हारी नाक काटकर अपने गुरु के चरणों में चढ़ानी है।”

भारत में धार्मिक और कानूनी विवादों के बीच एक और सनसनीखेज मामला सामने आया है। शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती के खिलाफ कोर्ट में यौन उत्पीड़न का मामला दर्ज कराने वाले आशुतोष ब्रह्मचारी महाराज पर चलती ट्रेन में जानलेवा हमला किए जाने का आरोप लगा है।


यह घटना प्रयागराज पहुंचने से पहले रीवा एक्सप्रेस ट्रेन में हुई बताई जा रही है। आशुतोष ब्रह्मचारी महाराज ने दावा किया है कि एक अज्ञात युवक ने उन पर धारदार हथियार से हमला किया। इस दौरान उन्होंने किसी तरह ट्रेन के टॉयलेट में खुद को बंद करके अपनी जान बचाई। घटना के बाद राजकीय रेलवे पुलिस (GRP) ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। इस घटना ने अविमुक्तेश्वरानंद विवाद को एक बार फिर सुर्खियों में ला दिया है।



चलती ट्रेन में हमला: क्या है पूरा मामला

आशुतोष ब्रह्मचारी महाराज के अनुसार वे शामली से गाजियाबाद पहुंचे थे और वहां से रीवा एक्सप्रेस ट्रेन से प्रयागराज के लिए रवाना हुए। वे ट्रेन के H1 कोच में सीट नंबर 15 पर यात्रा कर रहे थे। सुबह करीब 5 बजे, जब वह टॉयलेट जाने के लिए उठे, तभी टॉयलेट के पास खड़े एक युवक ने अचानक उन पर हमला कर दिया। हमलावर ने उन पर कई वार किए, जिससे उनके शरीर पर कई जगह चोटें आईं और वह लहूलुहान हो गए।


यह घटना चलती ट्रेन में हमला का गंभीर मामला बन गई है और रेलवे सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर रही है।



टॉयलेट में छिपकर बचाई जान

हमले के दौरान आशुतोष ब्रह्मचारी महाराज किसी तरह हमलावर से बचते हुए ट्रेन के टॉयलेट तक पहुंचे। उन्होंने तुरंत टॉयलेट के अंदर खुद को बंद कर लिया, जिससे उनकी जान बच गई। जब ट्रेन प्रयागराज जंक्शन पहुंची, तब पुलिस को घटना की सूचना दी गई। इसके बाद पुलिस ने उन्हें इलाज के लिए प्रयागराज के कॉल्विन अस्पताल भेजा, जहां उनका मेडिकल परीक्षण कराया गया। यह मामला अब आशुतोष महाराज हमला (Ashutosh Maharaj Attack) के नाम से चर्चा में है।



जीआरपी ने दर्ज की FIR, जांच शुरू

प्रयागराज जंक्शन पहुंचने के बाद आशुतोष ब्रह्मचारी महाराज ने जीआरपी थाने में लिखित शिकायत दी। उनकी तहरीर के आधार पर पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर ली है और पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि जांच के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा कि यह हमला किसने और क्यों किया।



आशुतोष महाराज का दावा- अविमुक्तेश्वरानंद की शिष्या ने कराया हमला

रीवा एक्सप्रेस ट्रेन में आशुतोष ब्रह्मचारी महाराज पर हुए जानलेवा हमले के संबंध में सोशल मीडिया पर एक पोस्ट सामने आई है। आशुतोष का दावा है कि खुद को अविमुक्तेश्वरानंद की शिष्या बताने वाली डॉ. स्वाति अधेरी ने हमले की जिम्मेदारी ली है। उनका दावा है कि हमलावर हमला करते समय कह रहा था- “तुम्हारी नाक काटकर अपने गुरु के चरणों में चढ़ानी है।”



फेसबुक अकाउंट के अनुसार, डॉक्टर स्वाति अघोरी उत्तराखंड में गंगोत्री की रहने वाली हैं। वह को खुद को सनातनी बेटी बताती हैं। अपने बायो में अघोरी साधक, प्रवक्ता वेद, पुराण, उपनिषद लिख रखा है। काल भैरव युवा वाहिनी की राष्ट्रीय अध्यक्ष भी हैं।



दूसरी ओर, शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने इस आरोप को सिरे से खारिज कर दिया है। उन्होंने कहा कि यह घटना दिखावा हो सकती है और इसका उद्देश्य मीडिया का ध्यान आकर्षित करना है।



दो बड़े मामलों की पैरवी के लिए आए थे प्रयागराज

आशुतोष ब्रह्मचारी महाराज के अनुसार दो महत्वपूर्ण मामलों की पैरवी के लिए वे प्रयागराज जा रहे थे, तभी यह हमला हुआ।



1. मथुरा श्रीकृष्ण जन्मभूमि विवाद


पहला मामला मथुरा श्रीकृष्ण जन्मभूमि विवाद (Krishna Janmabhoomi Dispute) से जुड़ा है, जिसकी सुनवाई इलाहाबाद हाईकोर्ट में 12 मार्च को होनी है।


2. अविमुक्तेश्वरानंद पर यौन शोषण का आरोप


दूसरा मामला स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती के खिलाफ लगाए गए यौन उत्पीड़न के आरोप से जुड़ा है, जिसमें उन्हें हाईकोर्ट में जवाब दाखिल करना है।



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