भोपाल में मछली परिवार के अवैध कब्जे पर प्रशासन की नजर, 99 एकड़ भूमि की 12 पटवारी करेंगे जांच

Sanjay Dhiman | Aug 26, 2025, 09:18 IST
Share
action on machhli family
Photograph: (the sootr)

भोपाल के अनंतपुरा कोकता बायपास क्षेत्र में 99 एकड़ जमीन पर मछली परिवार और 20 अन्य व्यक्तियों द्वारा अवैध कब्जे की आशंका जताई जा रही है। जिला प्रशासन ने कार्यवाही शुरू करने का निर्णय लिया है, जिसे कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह ने भी हरी झंड़ी दी है।

भोपाल के अनंतपुरा कोकता बायपास क्षेत्र में स्थित 99 एकड़ जमीन पर मछली परिवार और 20 अन्य व्यक्तियों द्वारा अवैध कब्जे की आशंका जताई जा रही है। जिला प्रशासन ने इस जमीन का सीमांकन करने का निर्णय लिया है और इसके लिए कार्यवाही शुरू करने की योजना बनाई है। प्रशासन की यह कार्रवाई सोमवार को कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह द्वारा प्रजेंटेशन के रूप में स्वीकृत की गई थी।

99 एकड़ जमीन पर कब्जे की जांच

प्रशासन का कहना है कि 99 एकड़ जमीन का सीमांकन 7 से 10 दिनों के भीतर पूरा कर लिया जाएगा। इस जमीन में मछली परिवार के कुछ हिस्से का कब्जा पाया गया है, जिसके बारे में प्रशासन ने पहले ही 20 लोगों को नोटिस जारी कर दिया है। एडीएम अंकुर मेश्राम के अनुसार, यदि इस सीमांकन के दौरान किसी का अवैध कब्जा पाया जाता है, तो उसे तत्काल हटाने की कार्रवाई की जाएगी।

यह खबरें भी पढ़ें...

ड्रग तस्करी केस में यासीन मछली के 15 गुर्गे गिरफ्तार, पूछताछ में खुलासा, भोपाल में सक्रिय हैं कई ड्रग पैडलर

ड्रग माफिया शाहवर-यासीन मछली की बढ़ी मुश्किलें, विवाहिता आई सामने, बोली कई बार किया दोनों ने मेरे साथ रेप

मछली परिवार के अवैध कब्जों को ऐसे समझें इनशार्ट में



  1. भोपाल के अनंतपुरा कोकता बायपास क्षेत्र में 99 एकड़ जमीन पर अवैध कब्जे की आशंका।
  2. मछली परिवार और 20 अन्य व्यक्तियों पर कब्जा करने का आरोप।
  3. जिला प्रशासन ने इस जमीन का सीमांकन करने का निर्णय लिया।
  4. कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह ने इस कार्रवाई को सोमवार को स्वीकृति दी।
  5. प्रशासन ने अवैध कब्जे की रोकथाम के लिए कार्यवाही शुरू करने की योजना बनाई।

23 दिनों में 7 संपत्तियों की कार्रवाई

जिला प्रशासन ने पिछले कुछ दिनों में अवैध कब्जे हटाने के लिए कई बड़ी कार्रवाइयां की हैं। 21 अगस्त को मछली परिवार के सदस्य शाहवर मछली और उसके भतीजे यासीन की अवैध कोठी को जमींदोज कर दिया गया। मछली परिवार की कोठी करीब 15,000 स्क्वायर फीट में फैली हुई थी, जिसकी कीमत लगभग 25 करोड़ रुपये बताई गई थी।

इससे पहले 30 जुलाई को भी भोपाल प्रशासन ने 6 संपत्तियों को जमींदोज किया था और 100 करोड़ रुपये की सरकारी जमीन पर से अवैध कब्जा हटाया था। इन दोनों कार्रवाइयों के बाद प्रशासन ने मछली परिवार की अन्य संपत्तियों की जांच शुरू कर दी है, और इसी दौरान पशुपालन विभाग ने कोकता बायपास पर 99 एकड़ जमीन का सीमांकन करने के लिए आवेदन दिया था। जिसके बाद कार्यवाही शुरू की गई।

मछली परिवार का कब्जा और कॉलोनी की जानकारी

भोपाल के कोकता बायपास पर मछली परिवार के नाम पर 26 एकड़ जमीन दर्ज है। इसमें से 12 एकड़ जमीन पर 'कोर्टयार्ड प्राइम' नामक कॉलोनी बनायी गयी है, जिसमें 250 प्लॉट काटे गए हैं। बाकी 14 एकड़ जमीन को देवेंद्र लोधी को बेचकर 'कोर्टयार्ड कस्तूरी' नामक कॉलोनी बनाई गई है। ये दोनों कॉलोनियां टीएंडसीपी से अप्रूव हैं, लेकिन प्रशासन ने दावा किया है कि इन जमीनों पर मछली परिवार सहित अन्य लोगों ने अवैध कब्जा किया है।

यह खबरें भी पढ़ें...

ड्रग तस्कर यासीन मछली व परिवार के अवैध कब्जों पर चला बुलडोजर, तोड़ा 50 करोड़ का अवैध निर्माण

भाजपा नेता के बेटे यासीन मछली का चौकाने वाला ड्रग्स नेटवर्क, लड़कियों के जरिए कराता था डिलीवरी

शाहवर और यासीन की गिरफ्तारी और अपराध

शाहवर मछली और यासीन मछली को पुलिस ने 21 अगस्त को गिरफ्तार किया था। पुलिस ने उनके पास से तीन ग्राम एमडी ड्रग्स, एक देशी पिस्टल और अन्य आपत्तिजनक सामग्री बरामद की थी। साथ ही, यासीन के मोबाइल फोन में युवकों को बेरहमी से पीटने और महिलाओं के आपत्तिजनक वीडियो भी पाए गए थे।

मछली परिवार के काले कारनामे

अवैध निर्माण हटाने की इव कार्रवाईयों से पहले भोपाल पुलिस ने क्राइम ब्रांच की मदद से मछली परिवार के ड्रग्स रैकेट का भी पर्दाफाश किया था। यासीन अहमद और शाहवर अहमद, जो इस परिवार के सदस्य थे, शहर के क्लबों और पार्टियों में ड्रग्स की सप्लाई करते थे। पुलिस ने इनसे 15 ग्राम MD (मेथामफेटामिन) पाउडर भी जब्त किया था।

राजस्थान से लाते थे ड्रग, लड़कियों से करवाते थे डिलेवरी

पुलिस और क्राइम ब्रांच द्वारा पकडे गए अंर्तराज्यीय ड्रग तस्कर यासीन अहमद उर्फ मछली और उसका चाचा शाहवर अहमद राजस्थान के रास्ते ड्रग राजधानी भोपाल में लाते थे, इस ड्रग को ग्राहक तक पहुंचाने के लिए यह दोनों लड़कियों का सहारा लेते थे, इन लड़कियों को पहले ड्रग की लत लगाई जाती थी, एकबार ड्रग की आदी हो जाने के बाद फ्री ड्रग की लालच में यह लोग लडकियों से ड्रग की तस्करी करवाते थे।

फिटनेस और पार्टी कल्चर के नाम पर ड्रग्स का धंधा

पुलिस की जांच के अनुसार, ये आरोपी युवाओं को फिटनेस और पार्टी कल्चर के नाम पर ड्रग्स का अवैध कारोबार कर रहे थे। यह आरोपी फिटनेस और पार्टी कल्चर के नाम पर युवाओं को भटकाकर उन्हें ड्रग्स का आदी बनाते थे।

इसके अलावा, लड़कियों को पहले मुफ्त में नशा कराके उनका शोषण किया जाता था। इन्हें आकर्षण के लिए क्लब पार्टियों का हिस्सा बनाया जाता था। 18 जुलाई को गिरफ्तार किए गए इन ड्रग्स पैडलरों से पूछताछ के बाद पुलिस ने मछली परिवार के आरोपियों को गिरफ्तार किया। पुलिस ने इनकी गिरफ्तारी को लेकर प्लानिंग फिल्मी स्टाइल में की थी, जो काफी प्रभावी साबित हुई।

Tags:
  • भोपाल
  • अवैध कब्जा
  • कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह
  • भोपाल प्रशासन
  • मछली परिवार की कोठी
  • मछली परिवार
गूगल पर द सूत्र चुनें ! Add as a preferredsource on Google
नवरात्रि के पहले इंदौर में 92 लाख रुपए की गर्भपात किट मिलने से भड़के हिंदूवादी नेता

By Sanjay Gupta, Sandeep Kumar

नवरात्रि के पहले इंदौर में 92 लाख रुपए की गर्भपात किट मिलने से भड़के हिंदूवादी नेता
20 हजार करोड़ रुपए के बकाया चालान: सुप्रीम कोर्ट ने दिए अनोखे सुझाव: बिजली बिल में जुड़ सकती है चालान की राशि

By Neel Tiwari

20 हजार करोड़ रुपए के बकाया चालान: सुप्रीम कोर्ट ने दिए अनोखे सुझाव: बिजली बिल में जुड़ सकती है चालान की राशि
छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें

By Arun Tiwari

छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें
मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी

By Sandeep Kumar

मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी
IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी

By VINAY VERMA

IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी
राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं

By Ashish Bhardwaj

राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं
पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई

By Arun Tiwari

पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई