भोपाल एक्सीलेंस कॉलेज बनेगा डीम्ड यूनिवर्सिटी, BU से मिली मंजूरी

भोपाल का एक्सीलेंस कॉलेज अब डीम्ड यूनिवर्सिटी बनेगा। बरकतउल्ला यूनिवर्सिटी ने इसे NOC दे दी है। उच्च शिक्षा विभाग की यह पहली और प्रदेश की दूसरी डीम्ड यूनिवर्सिटी होगी।

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Manya Jain
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bhopal excellence college become mp second deemed university

भोपाल का एक्सीलेंस कॉलेज अब एक बड़ा बदलाव करने जा रहा है। बरकतउल्ला यूनिवर्सिटी ने इसे डीम्ड यूनिवर्सिटी बनाने की मंजूरी दे दी है।

इसके लिए कॉलेज को जरूरी एनओसी (NOC) मिल गई है। एक्सीलेंस कॉलेज अब प्रदेश की दूसरी डीम्ड यूनिवर्सिटी बनेगी।

अभी प्रदेश में सिर्फ NITTTR ही इकलौती तकनीकी डीम्ड यूनिवर्सिटी है। अब एक्सीलेंस कॉलेज का दर्जा भी काफी बढ़ गया है। यह उच्च शिक्षा विभाग की पहली डीम्ड यूनिवर्सिटी बनेगी।

एक्सीलेंस कॉलेज की तैयारी

  • जमीन की कोई कमी नहीं (Land): नियम के मुताबिक डीम्ड यूनिवर्सिटी बनाने के लिए 20 एकड़ जमीन चाहिए होती है, लेकिन एक्सीलेंस कॉलेज के पास पहले से ही 30 एकड़ जमीन है। यानी जरूरत से भी ज्यादा जगह उपलब्ध है।

  • शानदार टीचर्स (Faculty): कॉलेज के पास पहले से ही बहुत अनुभवी और पढ़े-लिखे प्रोफेसर्स की एक बड़ी टीम मौजूद है, जो यूनिवर्सिटी चलाने के लिए काफी है।

  • खुद के फैसले, खुद की मर्जी (Autonomy): यूनिवर्सिटी का सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि कॉलेज को किसी और पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा। पढ़ाई क्या होगी, एडमिशन कैसे होंगे, और पैसा कहां खर्च करना है। ये सारे फैसले कॉलेज खुद ले पाएगा। इससे काम में तेजी आएगी।

बरकतउल्ला विश्वविद्यालय (BU) से खत्म होगी निर्भरता

अब तक एक्सीलेंस कॉलेज को हर छोटे-बड़े निर्णय के लिए बरकतउल्ला विश्वविद्यालय (Barkatullah University) पर निर्भर रहना पड़ता था। डीम्ड यूनिवर्सिटी का दर्जा मिलने के बाद यह निर्भरता पूरी तरह खत्म हो जाएगी।

नए कोर्स और परीक्षा सिस्टम 

डीम्ड यूनिवर्सिटी बनने के बाद कॉलेज अपना सिलेबस खुद तय करेगा। अब नए और उपयोगी कोर्स शुरू करना बहुत आसान होगा। उसे किसी बाहरी यूनिवर्सिटी की अनुमति की जरूरत नहीं पड़ेगी। कॉलेज अपनी परीक्षा प्रणाली को खुद आधुनिक बना सकेगा। सारे अधिकार अब पूरी तरह से कॉलेज के पास होंगे। इससे छात्रों को रोजगार के बेहतर अवसर मिल पाएंगे। पूरी व्यवस्था अब पहले से अधिक पारदर्शी हो जाएगी।

शोध कार्य और रिसर्च सेंटर

अभी तक शोधार्थियों (Research Scholars) को बीयू के रिसर्च सेंटर पर निर्भर रहना पड़ता था। अब एक्सीलेंस कॉलेज अपने स्तर पर शोध कार्य (Research Work) करवा सकेगा, जिससे नए-नए नवाचारों (Innovations) को बढ़ावा मिलेगा।

छात्रों को होने वाले फायदे

एक्सीलेंस कॉलेज के इस नए  से सबसे अधिक फायदा छात्रों को होगा। यहां मिलने वाली डिग्री (Degree) की वैल्यू बढ़ेगी, जिससे प्लेसमेंट के अवसर (Placement Opportunities) बेहतर होंगे।

विशेषतावर्तमान स्थिति (संबद्ध कॉलेज)भविष्य की स्थिति (डीम्ड यूनिवर्सिटी)
डिग्री वितरणबीयू से डिग्री मिलने में महीनों का इंतजारकॉलेज स्वयं समय पर डिग्री प्रदान करेगा
प्लेसमेंटसीमित कैंपस सिलेक्शनराष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर बेहतर अवसर
प्रवेश प्रक्रियाबीयू के नियमों के अधीनस्वयं की स्वतंत्र प्रवेश प्रक्रिया
कोर्स चयनपारंपरिक पाठ्यक्रमआधुनिक और कस्टमाइज्ड कोर्स

क्या होती हैं डीम्ड यूनिवर्सिटी

डीम्ड यूनिवर्सिटी एक ऐसी संस्था है जिसे बेहतरीन काम के लिए खास दर्जा मिलता है। यह किसी बड़ी यूनिवर्सिटी से जुड़ी नहीं होती है।

इसे अपनी पढ़ाई और नियम खुद बनाने की आजादी होती है। ये कॉलेज अपने हिसाब से खुद परीक्षाएं आयोजित करते हैं।

वे छात्रों को अपनी डिग्री भी खुद ही देते हैं। सरकार इनके अच्छे प्रदर्शन को देखकर यह अधिकार देती है। इससे पढ़ाई का स्तर काफी ज्यादा बेहतर हो जाता है।

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