फूफा ने 10 साल की मासूम से दो साल तक किया दुष्कर्म, अब सारी उम्र कटेगी जेल में

Sanjay Dhiman | Jul 30, 2026, 23:22 IST
Share
bhopal-pocso-court-sentence-life-imprisonment
bhopal-pocso-court-sentence-life-imprisonment

भोपाल की विशेष पॉक्सो अदालत ने 10 साल की अनाथ से दो साल तक लगातार दरिंदगी करने वाले कलयुगी फूफा को तीन बार सश्रम उम्रकैद की सजा सुनाई है। इसके साथ ही कोर्ट ने पीड़िता के पुनर्वास के लिए 5 लाख रुपए के आर्थिक मुआवजे का आदेश भी दिया है।

भोपाल के सुखीसेवनिया इलाके से एक बेहद दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है। न्याय के इस बड़े फैसले ने पूरे समाज को झकझोर दिया है। अदालत ने रिश्तों को तार-तार करने वाले आरोपी को बहुत सख्त सजा सुनाई है।

मासूम बच्ची के साथ दो साल तक दरिंदगी करने वाले फूफा को सजा मिली है। अदालत ने आरोपी फूफा को तीन अलग-अलग धाराओं में तीन बार उम्रकैद की सजा सुनाई है।

कोरोना काल की आड़ में खेला घिनौना खेल

जब पूरी दुनिया कोरोना महामारी के खौफ में थी, तब यह बच्ची अपनों के ही बीच दरिंदगी का शिकार बन रही थी। बच्ची के माता-पिता और उसकी दादी की पहले ही मौत हो चुकी थी। अनाथ होने के बाद उसकी बुआ और फूफा उसे अपने घर ले आए थे।

बुआ जब भी काम के सिलसिले में घर से बाहर जाती थी, फूफा बच्ची को अपनी हवस का शिकार बनाता था। आरोपी फूफा मासूम को जान से मारने और घर से निकालने की धमकी देता था। बच्ची इस धमकी से बुरी तरह डर गई और दो साल तक सब कुछ चुपचाप सहती रही।

सहेली की मदद से सामने आई सच्चाई

मासूम बच्ची लंबे समय तक अत्याचार सहने के कारण शारीरिक रूप से काफी बीमार रहने लगी। दर्द जब बर्दाश्त से बाहर हो गया, तब उसने अपनी सहेली को सारी बात बताई। सहेली की सलाह पर बच्ची ने अपनी बुआ को भी फूफा की करतूतों की जानकारी दी।

इसके बावजूद भी आरोपी फूफा अपनी हरकतों से बाज नहीं आया और अत्याचार करता रहा। आखिर में एसओएस संस्था की एक जागरूक कार्यकर्ता ने बच्ची का दर्द समझा और पुलिस से शिकायत की। सुखीसेवनिया थाना पुलिस ने साल 2022 में मामला दर्ज करके आरोपी फूफा को गिरफ्तार कर लिया।

पॉक्सो कोर्ट ने सुनाई 3 बार उम्रकैद की सजा

विशेष पॉक्सो कोर्ट की न्यायाधीश कुमुदिनी पटेल की अदालत में इस मामले की सुनवाई हुई। विशेष लोक अभियोजक दिव्या शुक्ला ने अदालत में पीड़िता का पक्ष मजबूती से पेश किया। अदालत ने सभी सबूतों और गवाहों के आधार पर आरोपी को दोषी करार दे दिया।

अदालत ने सख्त रुख अपनाते हुए आरोपी फूफा को तीन बार सश्रम उम्रकैद की सजा सुनाई। कोर्ट ने माना कि ऐसे घिनौने अपराध के लिए समाज में कोई माफी नहीं हो सकती।

पीड़िता के भविष्य के लिए 5 लाख रुपए के मुआवजे का आदेश

पीड़िता फिलहाल एसओएस बाल ग्राम संस्था में रहकर पढ़ाई कर रही है और अपनी नई जिंदगी शुरू कर रही है। अदालत ने उसके सुरक्षित भविष्य और पुनर्वास को ध्यान में रखते हुए बड़ा आदेश दिया है।

कोर्ट ने आरोपी को पीड़िता को 5 लाख रुपए का मुआवजा देने का निर्देश दिया है। यह फैसला समाज में यह कड़ा संदेश देता है कि अपराधियों को बख्शा नहीं जाएगा।

यह खबरें भी पढ़ें...

महाकाल भक्तों के लिए खुशखबरी, भोपाल से उज्जैन के लिए तीन जोड़ी स्पेशल ट्रेनें शुरू

भोपाल में इलेक्ट्रिक बसों की शुरुआत, अब नॉर्मल किराए में मिलेगा प्रीमियम सफर

भोपाल के बड़े तलाब क्षेत्र पर विधायक, अफसर और करोबारी का कब्जा, निगम रिपोर्ट ने खोली पोल

भोपाल में बालकनी से कचरा फेंका तो लगेगा जुर्माना, नगर निगम भेजेगा नोटिस

Tags:
  • भोपाल
  • कोरोना महामारी
  • 3 बार उम्रकैद की सजा
  • उम्रकैद की सजा
  • विशेष पॉक्सो कोर्ट
गूगल पर द सूत्र चुनें ! Add as a preferredsource on Google
नवरात्रि के पहले इंदौर में 92 लाख रुपए की गर्भपात किट मिलने से भड़के हिंदूवादी नेता

By Sanjay Gupta, Sandeep Kumar

नवरात्रि के पहले इंदौर में 92 लाख रुपए की गर्भपात किट मिलने से भड़के हिंदूवादी नेता
20 हजार करोड़ रुपए के बकाया चालान: सुप्रीम कोर्ट ने दिए अनोखे सुझाव: बिजली बिल में जुड़ सकती है चालान की राशि

By Neel Tiwari

20 हजार करोड़ रुपए के बकाया चालान: सुप्रीम कोर्ट ने दिए अनोखे सुझाव: बिजली बिल में जुड़ सकती है चालान की राशि
छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें

By Arun Tiwari

छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें
मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी

By Sandeep Kumar

मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी
IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी

By VINAY VERMA

IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी
राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं

By Ashish Bhardwaj

राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं
पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई

By Arun Tiwari

पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई