दिग्विजय सिंह बोले- जिस मशीन में चिप लगी हो, वो हो सकती है हैक, पोस्टल बैलेट के नतीजों का दिया हवाला
Chandresh Sharma | Dec 05, 2023, 24:00 IST
दिग्विजय सिंह बोले- जिस मशीन में चिप लगी हो, वो हो सकती है हैक, पोस्टल बैलेट के नतीजों का दिया हवाला
5 में से 4 राज्यों में मिली करारी हार के बाद कांग्रेस हार पर चिंतन के बजाए ईवीएम पर हार का ठीकरा फोड़ने की तैयारी कर रही है। कांग्रेस से राज्यसभा सदस्य दिग्विजय सिंह का बयान तो इसी तरफ इशारा कर रहा है।
BHOPAL. 5 में से 4 राज्यों में मिली करारी हार के बाद कांग्रेस हार पर चिंतन के बजाए ईवीएम पर हार का ठीकरा फोड़ने की तैयारी कर रही है। कांग्रेस से राज्यसभा सदस्य दिग्विजय सिंह का बयान तो इसी तरफ इशारा कर रहा है। मंगलवार सुबह कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने अपने सोशल मीडिया एक्स पर ट्वीट कर लिखा है कि ऐसी मशीन जिसमें चिप लगी हो, वो हैक की जा सकती है। बता दें कि मध्यप्रदेश में कांग्रेस विधानसभा चुनाव में 66 सीटों पर जा सिमटी है वहीं बीजेपी को दो तिहाई बहुमत प्राप्त हुआ है।
पोस्टल बैलेट के आंकड़ों का दिया हवाला
दिग्विजय सिंह ने अपने ट्वीट में लिखा है कि ऐसी कोई भी मशीन जिसमें चिप लगी हो वो हैक की जा सकती है। मैं तो साल 2003 से ही ईवीएम से मतदान के खिलाफ रहा हूं। उन्होंने सवालिया लहजे में लिखा कि क्या हम भारतीय लोकतंत्र को प्रोफेशनल हैकर्स द्वारा नियंत्रित करने दे सकते हैं? दिग्गी ने सोमवार को पोस्टल बैलेट का हवाला देते हुए लिखा था कि पोस्टल बैलेट में हमें 199 सीटों पर बढ़त हासिल हुई है। जबकि ईवीएम की काउंटिंग में हमें मतदाताओं का विश्वास नहीं मिल सका। उन्होंने आगे लिखा कि यह भी कहा जा सकता है कि जब तंत्र जीतता है तो जनता यानि लोक हार जाती है। सिंह ने सवाल करते हुए कहा था कि अगर जनता वही है तो ईवीएम और पोस्टल बैलेट के वोटिंग पैटर्न में इतना अंतर कैसे आ गया?
सभी राजनैतिक दल विचार करें
दिग्विजय सिंह ने इसे बुनियादी सवाल बताते हुए कहा कि इस पर समस्त राजनैतिक दलों को विचार करना चाहिए। दिग्गी ने भारतीय निर्वाचन आयोग और सुप्रीम कोर्ट से भी सवाल करते हुए कहा है कि क्या वो भारत के लोकतंत्र को बचा सकते हैं?
तेलंगाना की जीत पर क्या कहेंगे?
दिग्विजय सिंह द्वारा ईवीएम पर प्रश्नचिन्ह लगाए जाने पर सवाल यही उठता है कि आखिर ईवीएम हैक हो सकती है तो फिर कांग्रेस को तेलंगान में इतनी बड़ी जीत कैसे मिल गई। दूसरी तरफ बीजेपी बंगाल, हिमाचल, कर्नाटक के चुनाव भी हारी है। उस वक्त किसी ने ईवीएम के हैक होने जैसी बात क्यों नहीं कही?
पोस्टल बैलेट के आंकड़ों का दिया हवाला
दिग्विजय सिंह ने अपने ट्वीट में लिखा है कि ऐसी कोई भी मशीन जिसमें चिप लगी हो वो हैक की जा सकती है। मैं तो साल 2003 से ही ईवीएम से मतदान के खिलाफ रहा हूं। उन्होंने सवालिया लहजे में लिखा कि क्या हम भारतीय लोकतंत्र को प्रोफेशनल हैकर्स द्वारा नियंत्रित करने दे सकते हैं? दिग्गी ने सोमवार को पोस्टल बैलेट का हवाला देते हुए लिखा था कि पोस्टल बैलेट में हमें 199 सीटों पर बढ़त हासिल हुई है। जबकि ईवीएम की काउंटिंग में हमें मतदाताओं का विश्वास नहीं मिल सका। उन्होंने आगे लिखा कि यह भी कहा जा सकता है कि जब तंत्र जीतता है तो जनता यानि लोक हार जाती है। सिंह ने सवाल करते हुए कहा था कि अगर जनता वही है तो ईवीएम और पोस्टल बैलेट के वोटिंग पैटर्न में इतना अंतर कैसे आ गया?
सभी राजनैतिक दल विचार करें
दिग्विजय सिंह ने इसे बुनियादी सवाल बताते हुए कहा कि इस पर समस्त राजनैतिक दलों को विचार करना चाहिए। दिग्गी ने भारतीय निर्वाचन आयोग और सुप्रीम कोर्ट से भी सवाल करते हुए कहा है कि क्या वो भारत के लोकतंत्र को बचा सकते हैं?
तेलंगाना की जीत पर क्या कहेंगे?
दिग्विजय सिंह द्वारा ईवीएम पर प्रश्नचिन्ह लगाए जाने पर सवाल यही उठता है कि आखिर ईवीएम हैक हो सकती है तो फिर कांग्रेस को तेलंगान में इतनी बड़ी जीत कैसे मिल गई। दूसरी तरफ बीजेपी बंगाल, हिमाचल, कर्नाटक के चुनाव भी हारी है। उस वक्त किसी ने ईवीएम के हैक होने जैसी बात क्यों नहीं कही?
Congress की हार पर बोले Digvijaya, चिप लगने वाली मशीन हो सकती है हैक!
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