ग्वालियर पुलिस महकमे में 88 दागदार पुलिसकर्मी, 22 पर गंभीर मामले दर्ज
Sandeep Kumar | Jun 28, 2025, 20:34 IST
gwalior-police
ग्वालियर पुलिस महकमे में 88 पुलिसकर्मी दागदार हैं। इन पर गंभीर आरोपों के मामले दर्ज हैं। 22 पुलिसकर्मियों पर हत्या, धोखाधड़ी और आत्महत्या के लिए उकसाने जैसे संगीन अपराधों के केस हैं।
मध्यप्रदेश के ग्वालियर पुलिस में एक बार फिर दागदार पुलिसकर्मियों की सूची सामने आई है। सूची में 88 पुलिसकर्मी ऐसे हैं जिन पर विभागीय जांच चल रही है या आपराधिक मामले दर्ज हैं। इनमें से 22 पर हत्या, आत्महत्या के लिए उकसाना, धोखाधड़ी जैसे गंभीर आरोप हैं। इसके बावजूद ये पुलिसकर्मी कई थानों में तैनात हैं।
सूची में 88 पुलिसकर्मियों में से 80 प्रतिशत पुलिसकर्मी थानों और महत्वपूर्ण इकाइयों में तैनात हैं। इनमें तीन निरीक्षक हैं जो थानों की कमान संभाल रहे हैं। एक दरोगा पर सोना-खुर्द-बुर्द करने का आरोप है, फिर भी वह थाना प्रभारी हैं। इस स्थिति को देखते हुए पुलिस मुख्यालय ने इन दागदार पुलिसकर्मियों को हटाने की तैयारी शुरू की है।
ये खबर भी पढ़िए... MP में शिक्षकों को रास नहीं आ रहा E-Attendance App, कई जगह हो रहा विरोध
डीजीपी कैलाश मकवाना ने पुलिस की छवि सुधारने के लिए पिछले महीने विशेष प्रयास किए। इसके तहत पुलिसकर्मियों को विभागीय जांच और आपराधिक मामलों के आधार पर थानों से हटाया जा रहा है। 17 जून को डीजीपी के आदेश पर स्पेशल डीजी प्रशासन आदर्श कटियार ने पुलिस अधीक्षकों और पुलिस आयुक्तों को निर्देश दिए। जिन पुलिसकर्मियों पर विभागीय जांच और आपराधिक मामले चल रहे हैं, उन्हें तत्काल थानों से हटा दिया जाए।
ये खबर भी पढ़िए... MP में 39 पुलिस अधिकारियों के तबादले, गृह मंत्रालय ने जारी किेए आदेश, देखें लिस्ट
एसआई महेंद्र प्रजापति पर कई गंभीर आरोप लगे हैं। अक्टूबर 2022 में टेकनपुर चौकी प्रभारी रहते हुए, उन पर बिना बिल का सोना खुर्द-बुर्द करने का आरोप था। इसके बाद उन्हें लाइन हाजिर किया गया था। अब, डीजीपी के आदेश पर, उन्हें बेहट थाने का प्रभार सौंपा गया है। इस तैनाती को लेकर पुलिस महकमे में चर्चाएं हो रही हैं। कयास लगाए जा रहे हैं कि उन्हें जल्द हटाया जा सकता है।
ये खबर भी पढ़िए... डीजीपी की समीक्षा बैठक से सुधरेंगे मध्यप्रदेश पुलिस के हालात!
ये खबर भी पढ़िए... एक ही थाने में 5 साल से तैनात पुलिसकर्मियों का होगा ट्रांसफर, जारी होगी लिस्ट
ग्वालियर पुलिस महकमे के 88 दागी पुलिसकर्मियों में से 66 पर विभागीय जांच चल रही है और 22 पर आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। इन पुलिसकर्मियों की तैनाती थानों और महत्वपूर्ण पदों पर है, जिससे प्रदेशभर में घमासान मच गया है। हालांकि, राजनीतिक रसूख और सिफारिशों के चलते कार्रवाई धीमी पड़ रही है। पुलिस मुख्यालय के निर्देशों के बाद, इन दागदार पुलिसकर्मियों को जल्द थानों से हटाने के आदेश जारी हो सकते हैं।
अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें📢🔃🤝💬👩👦👨👩👧👧
दागी पुलिसकर्मियों की तैनाती
ये खबर भी पढ़िए... MP में शिक्षकों को रास नहीं आ रहा E-Attendance App, कई जगह हो रहा विरोध
डीजीपी की सख्त कार्रवाई
ये खबर भी पढ़िए... MP में 39 पुलिस अधिकारियों के तबादले, गृह मंत्रालय ने जारी किेए आदेश, देखें लिस्ट
एसआई की तैनाती पर सवाल
ये खबर भी पढ़िए... डीजीपी की समीक्षा बैठक से सुधरेंगे मध्यप्रदेश पुलिस के हालात!
ये खबर भी पढ़िए... एक ही थाने में 5 साल से तैनात पुलिसकर्मियों का होगा ट्रांसफर, जारी होगी लिस्ट
विभागीय जांच
thesootr links
- मध्य प्रदेश की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- छत्तीसगढ़ की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- राजस्थान की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- रोचक वेब स्टोरीज देखने के लिए करें क्लिक
अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें📢🔃🤝💬👩👦👨👩👧👧
जबलपुर में भाजपा की बड़ी पदयात्रा, सीएम मोहन यादव और केंद्रीय मंत्री अर्जुनराम मेघवाल दिखाएंगे ताकत, एक लाख लोगों के जुटने का दावा
By Ramanand Tiwari
प्रखरश्री दीदी ने जज की परीक्षा पास कर छोड़ा सांसारिक मोह; पहले पूरा किया माता-पिता का सपना, अब चुना संन्यास
By Amresh Kushwaha
एमपी में एप्को पर आर्थिक संकट के सवाल, 8 करोड़ का अनुदान रुका तो कर्मचारियों के भविष्य पर बढ़ी चिंता
By Ramanand Tiwari
पत्नी की निजी जानकारी के लिए RTI का इस्तेमाल गलत, राजस्थान हाई कोर्ट ने बरकरार रखा तलाक
By Mukesh Sharma
मध्यप्रदेश में IAS के 68 पद खाली, 4 अफसरों को दिल्ली जाने से रोका; आखिर कब पूरी होगी अधिकारियों की कमी?
By Ramanand Tiwari
मध्यप्रदेश में RTI के हजारों आवेदन अटके, 10 हजार 350 लोगों को अब तक नहीं मिली जानकारी, सरकारी जवाबदेही पर सवाल
By Ramanand Tiwari
महादेव सट्टा ऐप का मास्टरमाइंड सौरभ चंद्राकर भारत लाया गया, करोड़ों के सट्टे और हवाला नेटवर्क की जांच तेज
By VINAY VERMA