इंदौर, उज्जैन, देवास और धार मिलाकर बना रहे नया इंडस्ट्रीयल बेल्ट, उद्योगों के हित में बनाईं नई नीतियां

The Sootr | Feb 18, 2025, 23:48 IST
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव।
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मंगलवार को इंदौर में उद्योगपतियों के साथ संवाद किया। मुख्यमंत्री ने राज्य सरकार की विभिन्न नीतियों और योजनाओं की जानकारी दी और उद्योगपतियों को कई सौगातें भी दीं।

विश्वनाथ सिंह @ INDORE

मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में 24 और 25 फरवरी को ग्लोबल इन्वेस्टर समिट


2025 का आयोजन होने वाला है। इसके पहले मंगलवार (18 फरवरी) की शाम को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव इंदौर आए और यहां पर उद्योगपतियों को इस समिट के लिए आमंत्रित किया। इसी दौरान उन्होंने शहर के अलग-अलग क्षेत्रों के उद्योगपतियों के साथ सीधा संवाद भी किया। साथ ही उन्होंने ना केवल उद्योगपतियों की समस्याएं व सुझाव को सुना बल्कि उनको कई सौगातें भी दे डालीं। साथ ही आईटी कंपनी इम्पटस के संजीव अग्रवाल को प्रतीक स्वरुप ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट 2025 का न्यौता भी दिया।



MSME को मिलेगी 52 प्रतिशत तक सब्सिडी

सीएम मोहन यादव ने उद्योगपतियों से संवाद करते हुए कहा कि जो भी मांगें उद्योगपतियों ने की हैं वे सभी हम अपनी पॉलिसियों में पूरा कर चुके हैं। दो से ज्यादा बार की कैबिनेट बैठक में 21 से ज्यादा नई पॉलिसियां बनाई गई हैं। हम MSME को 52 प्रतिशत तक सब्सिडी दे रहे हैं। सेंधवा और अलीराजपुर तक में भी अगर ढाई करोड़ तक का भी निवेश होगा तो उसको भी लाभ मिलेगा। समिट में फ्री होल्ड प्लॉट को लेकर भी हम लाभ दे रहे हैं।



स्वयं की जमीन पर लगाया उद्योग, तो भी मिलेगा लाभ

मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि कोई व्यक्ति सरकार से जमीन ना लेते हुए स्वयं की जमीन खरीदकर भी उद्योग डालना चाह रहा है तो उसको भी लाभ देंगे। अगर उद्योगों में काम करने वाले कर्मचारियों के लिए भी आवास बनाने हों तो वे भी बना सकेंगे। इसमें सरकारी योजना के तहत जो भी लाभ होगा वह उन्हें दिया जाएगा। साथ ही नई पॉलिसी में प्राइवेट सेक्टर को नई स्कीम बनाने के पावर दे रहे हैं। लोग चाहें तो स्वयं ही उसे डेवलप करें और अगर उसके लिए सरकारी जमीन की जरूरत हो तो वह भी मिल जाएगी। निजी जमीन के लिए भी सरकार पूरी मदद करेगी।



इंदौर-उज्जैन में कोई प्रतिस्पर्धा नहीं...

उन्होंने कहा कि इंदौर- उज्जैन में कोई प्रतियोगिता नहीं है। पीथमपुर से धार जिला, देवास जिला, उज्जैन जिला और नागदा व बड़नगर से होते हुए पूरा एक नया इंडस्ट्रीयल बेल्ट बना रहे हैं। इंदौर-उज्जैन कनेक्टिविटी के पांच रोड बने हुए हैं और छठवां देपालपुर से नागदा होते हुए बना देंगे। 5 जिलों को जोड़कर ही मेट्रोपोलिटन नहीं बना रहे हैं।



ये खबर भी पढ़ें...



GIS से पहले मोहन कैबिनेट ने लिए बड़े फैसले, 5 शहर इलेक्ट्रिक व्हीकल सिटी के रूप में होंगे विकसित



नई फ्लाइट शुरू करने पर भी सरकार करेगी मदद

सीएम मोहन यादव ने कहा कि एविएशन पॉलिसी में हर 45 किलोमीटर में एक हवाई पट्‌टी शुरू कर रहे हैं। कोई भी कंपनी प्रदेश में नई फ्लाइट शुरू करेगी तो साढ़े सात लाख रुपए सरकार देगी और इंटरनेशनल फ्लाइट के लिए 10 लाख रुपए देगी। इससे एविएशन के क्षेत्र में नई दिशा मिलेगी।



हेलिकॉप्टर से जा सकेंगे उज्जैन-ओंकारेश्वर

उन्होंने बताया कि जल्दी ही इंदौर-उज्जैन और ओंकारेश्वर के बीच हेलिकॉप्टर सेवा शुरू करेंगे। इसके लिए 15 दिन में टेंडर जारी कर रहे हैं। मेडिकल टूरिज्म को देखें तो एयर एम्बूलेंस आयुष्मान भारत योजना में शुरू की गई है।



ये खबर भी पढ़ें...



एमपी में धूमधाम से मनाया जाएगा महाशिवरात्रि और गुड़ी पड़वा, विक्रमोत्सव की होगी शुरुआत



सिंहस्थ के लिए 2300 हेक्टेयर का लैंड बैंक तैयार

सीएम यादव ने कहा कि हरिद्वार कर तर्ज पर सिंहस्थ 2028 के लिए भी 2300 हेक्टेयर का लैंड बैंक तैयार कर दिया है। इस दौरान उन्होंने लोगों से आग्रह किया कि लोग अपने धर्म-समाज की धर्मशालाएं यहां पर बनाएं और उसे सिंहस्थ के दौरान दो महीने के लिए सरकार को दें। बाकी समय वे उसका उपयोग कर सकते हैं।



ये खबर भी पढ़ें...



उज्जैन की जेल के कैदियों को तफरीह की छूट और अवैध वसूली, कलेक्टर से हुई शिकायत



ओपन फोरम पर सीएम से ये मांग बैठे उद्योगपति

  • उद्योगपति सुनील चौरड़िया ने कहा कि इंदौर की उज्जैन से कनेक्टिविटी को ठीक करना चाहिए। यूएस से जो लोग मध्य प्रदेश में आते हैं वे इंदौर होते हुए उज्जैन में महाकाल दर्शन करने के लिए जाना चाहते हैं। भारत में 34 इंटरनेशनल एयरपोर्ट है, लेकिन मप्र में इंदौर अकेला है और यहां से भी सप्ताह में दो ही इंटरनेशनल फ्लाइट है।
  • मालवा चेंबर ऑफ कॉमर्स के चेयरमेन अशोक बड़जात्या ने कहा कि सेक्टोरियल डेवलपमेंट में काफी पीछे हैं। जैसे क्लस्टर के तरीके से एमएसएमई का विकास किया जाए। जीआईएस में बड़े उद्योगों के लिए समिट कर रहे हैं और छोटे उद्योगों के लिए भी जीआईएस किया जाए। जमीन को लीज होल्ड से फ्री होल्ड में परिवर्तित करना चाहिए। गुजरात और तमिलनाडु की तर्ज पर मप्र में भी निर्यात पर लगने वाले टैक्स पर सब्सिडी दी जाए। इंडस्ट्री में भी एफएआर देकर मल्टी स्टोरी कॉम्प्लेक्स की तर्ज पर विकसित करने के लिए प्रोत्साहित करें।
  • नेमावर रोड इंडस्ट्रीयल एसोसिएशन के संदीप बड़जात्या ने कहा कि नेमावर रोड पर 160 उद्योग हैं, ऐसे में वहां पर फायर स्टेशन की काफी जरूरत है।
  • स्टार्टअप इंडिया की तरफ से सावल लड्‌डा ने कहा कि इंदौर आईटी के क्षेत्र में टॉप 5 में आने की क्षमता रखता है। मप्र में भी स्टार्टअप के क्षेत्र में इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस का आयोजन किया जाए। सेंट्रल की स्कीम की तर्ज पर मप्र में भी स्टार्टअप को बैंक फंडिंग का लाभ मिले।
  • उद्योगपति दीप्ति हाड़ा ने कहा कि मेडिकल टूरिज्म में मप्र में कुछ नई योजनाएं लानी चाहिए।
  • दीपक जयेश शाह ने कहा कि गौतमपुरा में एक हजार करोड़ रुपए की लागत से फूड पार्क आ रहा है। इसमें 15 हजार लोगों को रोजगार देंगे। इसके लिए जीआईएस में सरकार के साथ एमओयू करना चाहते हैं।
  • सीआईआई मालवा जोन के अध्यक्ष अक्षत चौरड़िया ने कहा कि फार्मा के केंद्र सरकार की तर्ज पर बलरक पार्क आ सकें मप्र में तो फायदा होगा। साथ ही सीईटीपी सभी उद्योगों में लगाए जाएं।
  • सोपा के चेयरमेन डॉ. डेविश जैन ने कहा कि इस जीआईएस में मप्र के स्टेबलिस्ड बिजनेस ग्रुप को साथ में रखते तो प्रदेश सरकार के साथ हम मिलकर इस जीआईएस में काम कर सकते थे।

ये खबर भी पढ़ें...



आयकर विभाग की जांच का मुख्य केंद्र अवधेश दीक्षित और हर्ष जैन का 28 करोड़ का लेन-देन



Tags:
  • CM Mohan Yadav
  • Indore News
  • सीएम मोहन यादव
  • इंदौर न्यूज
  • Ujjain News
  • उज्जैन न्यूज
  • मध्य प्रदेश
  • इंदौर के उद्योगपति
  • ग्लोबल इन्वेस्टर समिट