इंदौर में अभी बाजार 24 घंटे नहीं खुलेगा, नाइट कल्चर के अनुभव से बोले मंत्री विजयवर्गीय चर्चा कर ही इसे खोलेंगे
Sanjay Gupta | Jun 15, 2024, 12:10 IST
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मंत्री विजयवर्गीय ने शुक्रवार को इंदौर में कहा कि इस फैसले को लेकर हम अभी चर्चा करेंगे, यह प्रदेश सरकार का निर्णय है। इसे किस तरह से खोला जाना है, कितने अनुशासित तरीके से खोला जाना है, इसके बारे में चर्चा करने के बाद ही निर्णय लिया जाएगा।
मध्य प्रदेश शासन ने इंदौर, भोपाल सहित सभी नगर निगम और औद्योगिक क्षेत्रों में बाजार 24 घंटे खुला रखने का फैसला लिया है, लेकिन इंदौर में अक्टूबर 2022 में लागू हुए नाइट कल्चर के अनुभव बेहद खराब है। इसका लगातार बीजेपी नेताओं ने इंदौर में विरोध किया है और इसे अनुशासित करने के लिए कहा है, लेकिन यह जारी रहा। अभी यह नाइट कल्चर बीआरटीएस के 100-100 मीटर के दायरे में ही था लेकिन अब पूरे शहर में होगा। इसे लेकर नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ( Urban Administration Minister Kailash Vijayvargiya ) का अहम बयान आया है।
मंत्री विजयवर्गीय ने शुक्रवार को इंदौर में कहा कि इस फैसले को लेकर हम अभी चर्चा करेंगे, यह प्रदेश सरकार का निर्णय है। इसे किस तरह से खोला जाना है, कितने अनुशासित तरीके से खोला जाना है, इसके बारे में चर्चा करने के बाद ही निर्णय लिया जाएगा। मुख्यमंत्रीजी से हमने बात कर ली है तो उन्होंने भी चर्चा करने की बात कही है।
इंदौर की सबसे बड़ी समस्या है यहां के बार-पब, हालांकि इन्हें रात 12 बजे ही बंद करने का आदेश है लेकिन यह रात एक-दो बजे तक चलते हैं। यहां से निकले युवा कई बार सड़कों पर झूमते हुए देखे गए हैं। वहीं खाने-पिए के ठिओं पर देर रात तक मजमा लगा रहता है। इसमें खासकर इंदौर में अन्य शहरों से पढ़ने के लिए आए युवा है, जो अनुशासित रहने की जगह इन ठियों पर खड़े रहते हैं। इसके चलते पुलिस के लिए भी लॉ एंड आर्डर एक चुनौती बन हुआ है।
प्रदेश में नाइट कल्चर की शुरुआत इंदौर से करीब डेढ़ साल पहले हुई थी। जब नशा और हुड़दंग के मामले सामने आने लगे तो मंत्री विजयवर्गीय ने इस पर ऐतराज जताया था। नाइट कल्चर पर पुनर्विचार के संकेत भी दिए थे, हालांकि चुनाव आने के चलते मामला ठंडे बस्ते में चला गया। विजयवर्गीय ने इंदौर सराफा के नाइट कल्चर की तुलना वर्तमान नाइट कल्चर से की थी। उन्होंने कहा था कि 'इंदौर में नया नाइट कल्चर नशा करने वालों का है। मैं इसका विरोधी हूं। नशे के जो शौकीन लोग हैं, मैं उनसे कहता हूं घर में पीयो। कमरे के अंदर पीओ। चौराहे पर मत झूमो। ये इंदौर की प्रतिष्ठा से जुड़ी हुई बात है। दुनिया में कहीं नाइट कल्चर नहीं था, लेकिन हमारे यहां नाइट कल्चर (सराफा) था। मैं 67 साल का हूं और बचपन से देख रहा हूं सराफा के नाइट कल्चर में लोग परिवार सहित आते हैं और जमकर खाते हैं।
पूरे प्रदेश में 24 घंटे शहर और औद्योगिक क्षेत्र खुले रखने का फैसला मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और श्रममंत्री प्रहलाद पटेल की चर्चा के बाद निर्णय हुआ था। तय किया कि अब मॉल, रेस्टोरेंट, हाेटल, रिसॉर्ट, ऑफिस, दुकानें, आईटी सेक्टर, बिजनेस सेंटर, कंस्ट्रक्शन साइट सभी 24X7 खुलेंगे। शराब, भांग की दुकानों को खोलने की व्यवस्था आबकारी पॉलिसी के तहत होगी।
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यह बोले मंत्री विजयवर्गीय
मंत्री विजयवर्गीय ने शुक्रवार को इंदौर में कहा कि इस फैसले को लेकर हम अभी चर्चा करेंगे, यह प्रदेश सरकार का निर्णय है। इसे किस तरह से खोला जाना है, कितने अनुशासित तरीके से खोला जाना है, इसके बारे में चर्चा करने के बाद ही निर्णय लिया जाएगा। मुख्यमंत्रीजी से हमने बात कर ली है तो उन्होंने भी चर्चा करने की बात कही है।
बार-पब सबसे बड़ी समस्या, बाहर से पढ़ने आए युवा रातों को घूमते हैं
इंदौर की सबसे बड़ी समस्या है यहां के बार-पब, हालांकि इन्हें रात 12 बजे ही बंद करने का आदेश है लेकिन यह रात एक-दो बजे तक चलते हैं। यहां से निकले युवा कई बार सड़कों पर झूमते हुए देखे गए हैं। वहीं खाने-पिए के ठिओं पर देर रात तक मजमा लगा रहता है। इसमें खासकर इंदौर में अन्य शहरों से पढ़ने के लिए आए युवा है, जो अनुशासित रहने की जगह इन ठियों पर खड़े रहते हैं। इसके चलते पुलिस के लिए भी लॉ एंड आर्डर एक चुनौती बन हुआ है।
विजयवर्गीय ने नाइट कल्चर का किया था विरोद
प्रदेश में नाइट कल्चर की शुरुआत इंदौर से करीब डेढ़ साल पहले हुई थी। जब नशा और हुड़दंग के मामले सामने आने लगे तो मंत्री विजयवर्गीय ने इस पर ऐतराज जताया था। नाइट कल्चर पर पुनर्विचार के संकेत भी दिए थे, हालांकि चुनाव आने के चलते मामला ठंडे बस्ते में चला गया। विजयवर्गीय ने इंदौर सराफा के नाइट कल्चर की तुलना वर्तमान नाइट कल्चर से की थी। उन्होंने कहा था कि 'इंदौर में नया नाइट कल्चर नशा करने वालों का है। मैं इसका विरोधी हूं। नशे के जो शौकीन लोग हैं, मैं उनसे कहता हूं घर में पीयो। कमरे के अंदर पीओ। चौराहे पर मत झूमो। ये इंदौर की प्रतिष्ठा से जुड़ी हुई बात है। दुनिया में कहीं नाइट कल्चर नहीं था, लेकिन हमारे यहां नाइट कल्चर (सराफा) था। मैं 67 साल का हूं और बचपन से देख रहा हूं सराफा के नाइट कल्चर में लोग परिवार सहित आते हैं और जमकर खाते हैं।
मुख्यमंत्री ने श्रम मंत्री से चर्चा कर यह यह लिया है फैसला
पूरे प्रदेश में 24 घंटे शहर और औद्योगिक क्षेत्र खुले रखने का फैसला मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और श्रममंत्री प्रहलाद पटेल की चर्चा के बाद निर्णय हुआ था। तय किया कि अब मॉल, रेस्टोरेंट, हाेटल, रिसॉर्ट, ऑफिस, दुकानें, आईटी सेक्टर, बिजनेस सेंटर, कंस्ट्रक्शन साइट सभी 24X7 खुलेंगे। शराब, भांग की दुकानों को खोलने की व्यवस्था आबकारी पॉलिसी के तहत होगी।
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