लव जिहाद की फंडिंग के आरोपी पूर्व पार्षद अनवर कादरी बोले- BJP में नहीं गया इसलिए झूठा फंसाया
Indore. लव जिहाद को फंडिंग करने के आरोपी पूर्व कांग्रेसी पार्षद अनवर कादरी ने जिला कोर्ट में नया दावा कर सनसनी फैला दी। कादरी ने जिला कोर्ट में जमानत आवेदन लगाया था। इसमें उसने बीजेपी सरकार पर झूठा फसाने का आरोप लगाया है। जमानत आवेदन खारिज हो गया है।
कादरी ने लगाया आरोप
कादरी ने अपने जमानत आवेदन में कहा कि-वह 15-16 सालों से पार्षद रहे हैं। जेल में रहने से सामाजिक प्रतिष्ठा धूमिल हो रही है। वर्तमान में बीजेपी की सरकार होकर उनके द्वारा आरोपी को अपने संगठन में आने के लिए दबाव बनाया जा रहा था। जब आरोपी के द्वारा बीजेपी की सदस्यता प्राप्त करने से इंकार किया। आरोपी को असत्य प्रकरण में संलिप्त किया गया है। आवेदन पत्नी जुलेखा बी द्वारा पेश किया गया।
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शासन ने यह दिया जवाब
उधर शासन पक्ष ने जमानत का विरोध किया। बताया गया कि बाणगंगा थाने में केस दर्ज होने के बाद आरोपी फरा हुआ। तीन माह बाद गिरफ्तारी संभव हो सकी। पूर्व में भी आपराधिक रिकार्ड है। न्यायाधीश यतेश सिसोदिया द्वारा सभी पक्ष सुनने के बाद जमानत आवेदन खारिज कर दिया गया।
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कादरी पर इन धाराओं में है केस
अनवर कादरी उर्फ डकैत पर थाना बाणगंगा में अपराध क्रमांक 799/25 के तहत केस दर्ज है। उस पर आरोप है कि उसने लव जिहाद करने वालों को एक से दो लाख रुपए की फंडिंग की। इन आरोपों के बाद निगम परिषद ने दो तिहाई बहुमत से कादरी को पार्षदी से हटा दिया। संभागायुक्त ने भी आदेश जारी कर कादरी को पांच साल तक चुनाव लड़ने से प्रतिबंधित किया। इस आदेश के खिलाफ कादरी ने राज्य स्तर पर अपील की है।