गीता भवन बन सकते हैं सनातन की लाइब्रेरी, प्रदेश में 3322 श्रीकृष्ण मंदिर, श्रीकृष्ण पाथेय योजना सर्वे में खुलासा
Sanjay Dhiman | Aug 15, 2025, 13:40 IST
Photograph: (the sootr)
मध्य प्रदेश सरकार ने कृष्ण पाथेय योजना के तहत राज्य के 3,222 श्रीकृष्ण मंदिरों का सर्वे कराया है। इस योजना में गीता भवनों का विकास सनातन धर्म के ज्ञान केंद्र के रूप में किया जाएगा, जहां प्राचीन भारतीय धर्मग्रंथ उपलब्ध होंगे।
मध्यप्रदेश से भगवान कृष्ण के जुड़ाव व उनकी स्मृतियों को लेकर प्रदेश सरकार ने श्रीकृष्ण पाथेय योजना की घोषणा की थी। इस योजना के लिए मोहन सरकार ने विशेषज्ञों की एक समिति बनाकर भगवान श्रीकृष्ण से जुडे़ स्थानों पर रिसर्च व विस्तृत इतिहास, प्रदेश में कुल कृष्ण मंदिरों का सर्वे सहित अन्य निर्देश दिए थे।
अब इस विशेषज्ञ समिति ने अपनी सर्वे रिपोर्ट मुख्यमंत्री मोहन यादव व सरकार को प्रस्तुत कर दी है। इस रिपोर्ट में जहां 3322 कृष्ण मंदिरों के संरक्षण की जरूरत बताई है तो वहीं श्रीकृष्ण पाथेय योजना को लेकर भी कई सुझाव दिए है।
राज्य सरकार ने इस रिपोर्ट के बाद अब भगवान श्रीकृष्ण से जुड़े विभिन्न स्थानों को एक सांस्कृतिक तीर्थ के रूप में विकसित करने का निर्णय लिया है। श्रीकृष्ण पाथेय योजना की शुरुआत 1 दिसंबर को गीता जयंती के अवसर पर हो सकती है। इस पहल का उद्देश्य न सिर्फ धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देना है, बल्कि संस्कृति और परंपरा को भी संरक्षित करना है।
श्रीकृष्ण पाथेय योजना का मुख्य उद्देश्य उन स्थानों की पहचान करना है, जहां भगवान श्रीकृष्ण के चरण पड़े थे। इसके लिए राज्य सरकार ने धर्म, संस्कृति, पुरातत्व, और संस्कृत साहित्य के 11 विशेषज्ञ विद्वानों की एक समिति गठित की थी। इस समिति ने कुछ महत्वपूर्ण सुझाव अब अपनी सर्वे रिपोर्ट में दिए है।
समिति ने मध्यप्रदेश के उन स्थानों को चिंहित कर रही है जो भगवान श्रीकृष्ण से जुडे़ हुए है। जहां-जहां भगवान श्रीकृष्ण पहुंचे, जहां उन्होंने ज्ञान प्राप्त किया, सहित उनकी अन्य लीलाओं में वर्णित स्थानों को श्रीकृष्ण पाथेय योजना में चिंहित करने का काम कर रही है।
यह खबरें भी पढ़ें...
श्री कृष्ण का उज्जैन से है खास कनेक्शन, जानें भगवान के शिक्षा स्थल और दोस्ती से जुड़ी अनूठी कहानी
उज्जैन, भोपाल, पन्ना समेत कई शहरों में मनेगा श्रीकृष्ण पर्व, 500 कलाकार देगें श्रीकृष्ण लीलाओं की भव्य प्रस्तुति
गीता भवनों का विकास श्रीकृष्ण पाथेय योजना का एक अहम हिस्सा होगा। यह भवन न सिर्फ धार्मिक और सांस्कृतिक ज्ञान के केंद्र बनेंगे, बल्कि इन्हें सनातन धर्म की लाइब्रेरी के रूप में भी विकसित किया जाएगा।
गीता भवनों में सभी प्रमुख भारतीय धार्मिक ग्रंथों को संग्रहित किया जाएगा। यहां तक कि हर शहर में इन गीता भवनों का निर्माण एक सांस्कृतिक ज्ञान केंद्र के रूप में किया जाएगा। यह भवन विशेष रूप से भगवत गीता और अन्य हिंदू धर्मग्रंथों की पठन-पाठन के लिए समर्पित होंगे।
राज्य सरकार श्रीकृष्ण पाथेय की खोज के लिए चार प्रमुख उपायों का पालन कर रही है:
एमपी के 82 लाख किसानों को मिला बड़ा तोहफा, सीएम मोहन यादव ने खातों में ट्रांसफर किए 1671 करोड़
MP में नई आपातकालीन सेवा: सीएम मोहन यादव ने डायल-112 को दिखाई हरी झंडी, जानिए विशेषताएं
पद्मश्री डॉ. भगवतीलाल राजपुरोहित (उज्जैन)
डॉ. शिवाकांत वाजपेयी (पुराविद्, उज्जैन)
डॉ. रमन सोलंकी (उज्जैन)
डॉ. शैलेंद्र शर्मा (उज्जैन)
डॉ. पूरन सहगल (मनासा)
डॉ. महेंद्र भनावत (उदयपुर)
डॉ. वत्स गोस्वामी (मथुरा)
डॉ. मधुसूदन पेत्रा (नागपुर)
प्रो. हरेराम वाजपेयी (इंदौर)
प्रो. विन्देश्वरी प्रसाद मिश्रा (वाराणसी)
जीवन सिंह खरकवाल (उदयपुर)
thesootr links
अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें📢🔃🤝💬👩👦👨👩👧👧👩
अब इस विशेषज्ञ समिति ने अपनी सर्वे रिपोर्ट मुख्यमंत्री मोहन यादव व सरकार को प्रस्तुत कर दी है। इस रिपोर्ट में जहां 3322 कृष्ण मंदिरों के संरक्षण की जरूरत बताई है तो वहीं श्रीकृष्ण पाथेय योजना को लेकर भी कई सुझाव दिए है।
राज्य सरकार ने इस रिपोर्ट के बाद अब भगवान श्रीकृष्ण से जुड़े विभिन्न स्थानों को एक सांस्कृतिक तीर्थ के रूप में विकसित करने का निर्णय लिया है। श्रीकृष्ण पाथेय योजना की शुरुआत 1 दिसंबर को गीता जयंती के अवसर पर हो सकती है। इस पहल का उद्देश्य न सिर्फ धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देना है, बल्कि संस्कृति और परंपरा को भी संरक्षित करना है।
श्रीकृष्ण पाथेय योजना का महत्व
समिति ने मध्यप्रदेश के उन स्थानों को चिंहित कर रही है जो भगवान श्रीकृष्ण से जुडे़ हुए है। जहां-जहां भगवान श्रीकृष्ण पहुंचे, जहां उन्होंने ज्ञान प्राप्त किया, सहित उनकी अन्य लीलाओं में वर्णित स्थानों को श्रीकृष्ण पाथेय योजना में चिंहित करने का काम कर रही है।
यह खबरें भी पढ़ें...
श्री कृष्ण का उज्जैन से है खास कनेक्शन, जानें भगवान के शिक्षा स्थल और दोस्ती से जुड़ी अनूठी कहानी
उज्जैन, भोपाल, पन्ना समेत कई शहरों में मनेगा श्रीकृष्ण पर्व, 500 कलाकार देगें श्रीकृष्ण लीलाओं की भव्य प्रस्तुति
सनातन धर्म की लाइब्रेरी में बदलेंगे गीता भवन
गीता भवनों में सभी प्रमुख भारतीय धार्मिक ग्रंथों को संग्रहित किया जाएगा। यहां तक कि हर शहर में इन गीता भवनों का निर्माण एक सांस्कृतिक ज्ञान केंद्र के रूप में किया जाएगा। यह भवन विशेष रूप से भगवत गीता और अन्य हिंदू धर्मग्रंथों की पठन-पाठन के लिए समर्पित होंगे।
भगवान श्रीकृष्ण पाथेय योजना के प्रमुख निर्णयों कोऐसे समझें In Short मेंश्रीकृष्ण पाथेय योजना: मध्य प्रदेश सरकार ने 3,222 श्रीकृष्ण मंदिरों का सर्वे किया और इन्हें सांस्कृतिक तीर्थस्थल के रूप में विकसित करने का निर्णय लिया।गीता भवनों का उपयोग: गीता भवनों को सनातन धर्म की लाइब्रेरी के रूप में विकसित किया जाएगा, जहां भारतीय धर्मग्रंथों का संग्रह होगा। विशेषज्ञ समिति का गठन: श्रीकृष्ण से जुड़े स्थानों की पहचान के लिए 11 विद्वानों की एक समिति बनाई गई है, जो पुरातात्विक और साहित्यिक साक्ष्यों पर काम कर रही है। प्रमुख स्थल: उज्जैन में सांदीपनी गुरुकुल, धार में रुक्मणी लोक, और इंदौर के जनापाव जैसे स्थल कृष्ण पाथेय योजना के तहत विकसित किए जाएंगे। योजना की शुरुआत: श्रीकृष्ण पाथेय योजना की शुरुआत 1 दिसंबर को गीता जयंती के अवसर पर हो सकती है। |
इन चार बिंदूओं पर खोजा जा रहा श्रीकृष्ण पाथेय
- संस्कृत साहित्य में जिक्र: श्रीकृष्ण के आगमन से जुड़ी जानकारी संस्कृत साहित्य से एकत्रित की जाएगी।
- पुरातात्विक प्रमाण: पहले से मौजूद पुरातात्विक साक्ष्यों और साहित्य में मिले संदर्भों पर आधारित नए प्रमाणों की खोज की जाएगी।
- लोक आख्यान और कथाएँ: लोक कथाओं का संकलन और उनके आधार पर नये अनुसंधान की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
- सैटेलाइट मैपिंग: आधुनिक तकनीकों के माध्यम से सैटेलाइट मैपिंग के जरिए श्रीकृष्ण से जुड़े स्थानों की सटीक पहचान की जाएगी।
एमपी के 82 लाख किसानों को मिला बड़ा तोहफा, सीएम मोहन यादव ने खातों में ट्रांसफर किए 1671 करोड़
MP में नई आपातकालीन सेवा: सीएम मोहन यादव ने डायल-112 को दिखाई हरी झंडी, जानिए विशेषताएं
कृष्ण पाथेय योजना में चिंहित किए प्रमुख स्थान
- इंटरनेशनल सांदीपनी वैदिक गुरुकुल, उज्जैन:
उज्जैन के सांदीपनी आश्रम में भगवान श्रीकृष्ण ने 64 कलाओं और 14 विद्याओं की शिक्षा ली थी। इस स्थल को अब एक अंतरराष्ट्रीय विश्वविद्यालय के रूप में विकसित किया जाएगा, जिसमें अन्य धर्मों पर भी अध्ययन किया जा सकेगा। - श्रीकृष्ण रुक्मणी लोक, धार:
धार जिले के अमझेरा गांव में वह स्थान है, जहां श्रीकृष्ण ने विदर्भ राज्य की राजकुमारी रुक्मणी का हरण किया था। यहां कृष्ण लीला गुरुकुल बनाने की योजना है,इस गुरुकुल में चित्रकला, मूर्तिकला और पारंपरिक नृत्य-संगीत की शिक्षा दी जाएगी। - सुदर्शन लोक, जनापाव:
इंदौर जिले के जनापाव में भगवान श्रीकृष्ण और भगवान परशुराम की मुलाकात हुई थी। इसी स्थान पर भगवान परशुराम ने भगवान श्रीकृष्ण को अपना सुदर्शन चक्र प्रदान किया था, साथ ही युद्धकला भी सिखाई थी। इस स्थान को अब आधुनिक युद्ध प्रशिक्षण केंद्र व आयुध निर्माण केंद्र स्थापना के प्रयास किए जाएंगे। इसके लिए रक्षा मंत्रालय को प्रदेश सरकार द्वारा प्रस्ताव भेजा जाएगा।
एक्सपर्ट कमेटी में शामिल है यह लोग
डॉ. शिवाकांत वाजपेयी (पुराविद्, उज्जैन)
डॉ. रमन सोलंकी (उज्जैन)
डॉ. शैलेंद्र शर्मा (उज्जैन)
डॉ. पूरन सहगल (मनासा)
डॉ. महेंद्र भनावत (उदयपुर)
डॉ. वत्स गोस्वामी (मथुरा)
डॉ. मधुसूदन पेत्रा (नागपुर)
प्रो. हरेराम वाजपेयी (इंदौर)
प्रो. विन्देश्वरी प्रसाद मिश्रा (वाराणसी)
जीवन सिंह खरकवाल (उदयपुर)
thesootr links
- मध्यप्रदेशकी खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- छत्तीसगढ़की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- राजस्थान की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- रोचक वेब स्टोरीज देखने के लिए करें क्लिक
- जॉब्स औरएजुकेशन की खबरें पढ़ने के लिए क्लिक करें
- निशुल्क वैवाहिक विज्ञापन और क्लासिफाइड देखने के लिए क्लिक करें
अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें📢🔃🤝💬👩👦👨👩👧👧👩
मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
By Jitendra Shrivastava
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
By Sanjay Dhiman
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
By Sanjay Gupta
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा
By Arun Tiwari
Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग
By Jitendra Shrivastava
Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग
By Jitendra Shrivastava