राजश्री पान मसाला कंपनी का टैक्स घोटाला, सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बाद भी नहीं हुई रिकवरी

Rohit Sahu | Jun 14, 2025, 15:36 IST
Share
rajshree tax case
rajshree tax case

राजश्री गुटखा कंपनी पर करीब 21 करोड़ की टैक्स रिकवरी अभी तक नहीं हो पाई है। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बावजूद कंपनी ने अब तक केवल ब्याज राशि जमा की है, प्रिंसिपल अमाउंट अब भी लंबित है।

देश की चर्चित पान मसाला कंपनी से रिकवरी का मामला फिर चर्चा में है। राजश्री गुटखा बनाने वाली कायपान पान मसाला कंपनी से करीब 21 करोड़ रुपए की रिकवरी डेढ़ साल बाद भी पूरी नहीं हो पाई है। मामला च्यूइंग टोबैको के नाम पर खूशबूदार जर्दा बेचने से जुड़ा हुआ है। कंपनी ने गलत क्लासिफिकेशन से एक्साइज ड्यूटी का टैक्स बचाया था।

राजश्री कंपनी से रिकवरी का पूरा मामला

साल 2015 में CGST भोपाल रेंज‑3 की टीम ने कंपनी की गोविंदपुरा फैक्टरी पर छापा मारा था। कंपनी कायपान (KAIPAN) पान प्रोडक्ट लिमिटेड नाम से संचालित होती है। जांच में सामने आया कि कंपनी Chewing Tobacco की जगह सेंटेंड जर्दा बेचकर कम ड्यूटी चार्ज चुका रही थी। च्यूइंग टोबैको और सेंटेंड जर्दा में एक्साइज ड्यूटी में चार गुना अंतर था।

कोर्ट के आदेश बाद भी नहीं चुकाया पैसा

कंपनी ने मामले को सुप्रीम कोर्ट तक लेकर गई। कोर्ट में कंपनी की और फजीहत हुई और कोर्ट में भी टैक्स चोरी की बात साबित हो गई। कोर्ट ने स्पष्ट निर्देश दिए कि 7.5 करोड़ टैक्स, 7.5 करोड़ पेनाल्टी और उस पर लगने वाला ब्याज सरकार के खजाने में जमा किया जाए। सुप्रीम कोर्ट ने अक्टूबर 2023 में यह निर्देश जारी किए थे लेकिन अब तक इसकी रिकवरी नहीं हो पाई।

ब्याज चुकाया, टैक्स नहीं

सीजीएसटी के अधिकारियों के अनुसार, कंपनी ने केवल ब्याज की राशि चुकाई है। प्रिंसिपल अमाउंट यानी मूल टैक्स और penalty अब भी लंबित पड़े हैं। इस वजह से सुप्रीम कोर्ट के आदेश का पालन पूरी तरह नहीं हो पा रहा।

कुल 21 करोड़ की होनी है रिकवरी

कंपनी पर कुल रिकवरी 21 करोड़ रुपए बनती है। रिकवरी अमाउंट में टैक्स चोरी की राशि: 7.5 करोड़ रुपए, पेनाल्टी: 7.5 करोड़ रुपए, ब्याज: करीब 6 करोड़ रुपए हुआ।

यह भी पढ़ें...भोपाल में पान मसाला कंपनी पर आयकर की रेड, टैक्स चोरी की जांच जारी

सीजीएसटी डिपार्टमेंट ने कह

CGST विभाग ने साफ कहा है कि समय पर भुगतान न होने पर संपत्ति अटैच और बैंक खाते जब्त किए जा सकते हैं। लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है। विभाग की सुस्ती और कंपनी की टालमटोल नीति रिकवरी को रोक रही है।

यह पूरा मामला तकनीकी फ्रॉड का उदाहरण है, जिसमें गलत टैक्स क्लासिफिकेशन से कम ड्यूटी पर मोटा मुनाफा कमाया गया। सुप्रीम कोर्ट के स्पष्ट आदेशों के बावजूद रिकवरी अटकी रहना सरकारी कामकाज की धीमी रफ्तार को उजागर करता है।

अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें

📢🔃 🤝💬👩‍👦👨‍👩‍👧‍👧

thesootr links

rajshree | पान मसाला व्यापारी | टोबैको कंपनी

Tags:
  • सुप्रीम कोर्ट
  • टोबैको कंपनी
  • पान मसाला
  • rajshree
  • पान मसाला व्यापारी
गूगल पर द सूत्र चुनें ! Add as a preferredsource on Google
MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग

By Atul Dwivedi

MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग
एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री

By Ramanand Tiwari

एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री
मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा

By Ramanand Tiwari

मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन

By Jitendra Shrivastava

मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें

By Sanjay Dhiman

mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे

By Sanjay Gupta

झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा

By Arun Tiwari

बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा