मध्यप्रदेश के सहकारिता विभाग में 27 करोड़ का घोटाला, दोगुनी कीमत में खरीदे कंप्यूटर सिस्टम, लोकायुक्त में की शिकायत
Jitendra Shrivastava | Jan 30, 2024, 20:34 IST
मध्यप्रदेश के सहकारिता विभाग में 27 करोड़ का घोटाला, दोगुनी कीमत में खरीदे कंप्यूटर सिस्टम, लोकायुक्त में की शिकायत
सहकारिता विभाग ने 4519 कंप्यूटर सिस्टम खरीदे हैं। इनकी कीमत 55 करोड़ रुपए है, जबकि यही सामग्री 28 करोड़ में खरीदी जा सकती है।
सूर्यप्रताप सिंह, BHOPAL. मध्यप्रदेश के सहकारिता विभाग में कमाल हो गया है। सरकारी पोर्टल पर जिस सामग्री की कीमत 28 करोड़ थी, विभाग के खरीदारों ने उससे दो गुनी कीमत में खरीदी कर डाली। अब मामला सामने आने के बाद जिम्मेदार सफाई दे रहे हैं। इस बीच गिरीश वर्मा ने दस्तावेजों के साथ लोकायुक्त में शिकायत कर दी है।
4519 कंप्यूटर सिस्टम खरीदे
मामला सितंबर 2023 का है।जब प्रदेश में शिवराज सिंह चौहान की सरकार थी और सहकारिता विभाग के प्रमुख सचिव उमाकांत उमराव थे। तभी प्रदेशभर के दफ्तरों के लिए 4519 कंप्यूटर सिस्टम खरीदे हैं। इनकी कीमत 55 करोड़ रुपए है, जबकि यही सामग्री जेम पोर्टल से 28 करोड़ में खरीदी जा सकती है। इससे सीधा सवाल लोकायुक्त अधिकारियों पर उठता है।
यहां डिटेल में मामला समझिए
मध्यप्रदेश सहकारिता विभाग द्वारा सितम्बर 2023 में अपने निजी उपयोग के लिए आईटी सामग्री खरीदी गए थी। जिसमें प्रदेश की 4519 सहकारिता समितियों के लिए 4519 कंप्यूटर सिस्टम और अन्य सामग्री खरीदी गई है। जिसमे फिजिकल वीपीएन डिवाइस, डेस्कटॉप, मल्टीफंक्शनल डिवाइस, वेबकैम, स्कैनर और यूपीएस ऑनलाइन शामिल है, इस सभी चीजों को जेम पोर्टल से खरीदा गया था। जिनकी कीमत कागजों पर 55 करोड़ है, जबकि जेम पोर्टल पर इन आईटी सामग्री की कीमत 28 करोड़ रुपए है। गिरीश सिंह वर्मा ने मंगलवार को मामले में जांच के लिए दस्तावेजों के साथ लोकायुक्त को शिकायत की है।
लोकायुक्त विभाग में शिकायत
गिरीश वर्मा ने दस्तावेजों के साथ लोकायुक्त को पत्र लिखकर पूरे मामले की शिकायत कर दी है। पत्र में जांच की मांग करते हुए लिखा कि विभाग के जिन कर्मचारी और अधिकारियों ने खुद को आर्थिक लाभ देकर 27 करोड़ रुपए ज्यादा का भुगतान किया है उनके खिलाफ करवाई होनी चाहिए। इस निविदा में एक ही कंपनी की तीन फर्मों ने ही तकनीकी निविदा में भाग लिया था। इस निविदा की जांच कर जो इसमें दोषी पाया जाए उनके खिलाफ करवाई की जाए।
शिकायतकर्ता का कहना है...
शिकायतकर्ता गिरिश वर्मा ने कहा की मैंने लोकायुक्त में शिकायत कर दी है अब मैं एक दो महीने इंतजार करूंगा। अगर मेरी शिकायत पंजीबद्ध नहीं होती है तो मैं हाइकोर्ट तक जाऊंगा और हाईकोर्ट से इस मामले की जांच करने की कोशिश करूंगा।
4519 कंप्यूटर सिस्टम खरीदे
मामला सितंबर 2023 का है।जब प्रदेश में शिवराज सिंह चौहान की सरकार थी और सहकारिता विभाग के प्रमुख सचिव उमाकांत उमराव थे। तभी प्रदेशभर के दफ्तरों के लिए 4519 कंप्यूटर सिस्टम खरीदे हैं। इनकी कीमत 55 करोड़ रुपए है, जबकि यही सामग्री जेम पोर्टल से 28 करोड़ में खरीदी जा सकती है। इससे सीधा सवाल लोकायुक्त अधिकारियों पर उठता है।
यहां डिटेल में मामला समझिए
मध्यप्रदेश सहकारिता विभाग द्वारा सितम्बर 2023 में अपने निजी उपयोग के लिए आईटी सामग्री खरीदी गए थी। जिसमें प्रदेश की 4519 सहकारिता समितियों के लिए 4519 कंप्यूटर सिस्टम और अन्य सामग्री खरीदी गई है। जिसमे फिजिकल वीपीएन डिवाइस, डेस्कटॉप, मल्टीफंक्शनल डिवाइस, वेबकैम, स्कैनर और यूपीएस ऑनलाइन शामिल है, इस सभी चीजों को जेम पोर्टल से खरीदा गया था। जिनकी कीमत कागजों पर 55 करोड़ है, जबकि जेम पोर्टल पर इन आईटी सामग्री की कीमत 28 करोड़ रुपए है। गिरीश सिंह वर्मा ने मंगलवार को मामले में जांच के लिए दस्तावेजों के साथ लोकायुक्त को शिकायत की है।
लोकायुक्त विभाग में शिकायत
गिरीश वर्मा ने दस्तावेजों के साथ लोकायुक्त को पत्र लिखकर पूरे मामले की शिकायत कर दी है। पत्र में जांच की मांग करते हुए लिखा कि विभाग के जिन कर्मचारी और अधिकारियों ने खुद को आर्थिक लाभ देकर 27 करोड़ रुपए ज्यादा का भुगतान किया है उनके खिलाफ करवाई होनी चाहिए। इस निविदा में एक ही कंपनी की तीन फर्मों ने ही तकनीकी निविदा में भाग लिया था। इस निविदा की जांच कर जो इसमें दोषी पाया जाए उनके खिलाफ करवाई की जाए।
शिकायतकर्ता का कहना है...
शिकायतकर्ता गिरिश वर्मा ने कहा की मैंने लोकायुक्त में शिकायत कर दी है अब मैं एक दो महीने इंतजार करूंगा। अगर मेरी शिकायत पंजीबद्ध नहीं होती है तो मैं हाइकोर्ट तक जाऊंगा और हाईकोर्ट से इस मामले की जांच करने की कोशिश करूंगा।
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