शहडोल में एक और घोटाला: एक घंटे में अफसर खा गए 14 किलो ड्राईफ्रूट और ये...

Sandeep Kumar | Jul 10, 2025, 22:14 IST
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शहडोल में जल गंगा संवर्धन अभियान के दौरान सरकारी धन के दुरुपयोग का मामला सामने आया। अधिकारियों ने एक घंटे में 14 किलो ड्राईफ्रूट खाए। 6 लीटर दूध में 5 किलो शक्कर डालकर चाय बनाई। वहीं, ग्रामीणों को खिचड़ी परोसी गई।

MP के शहडोल जिले में जल गंगा संवर्धन अभियान के दौरान सरकारी धन का दुरुपयोग हुआ। 25 मई को भदवाही ग्राम पंचायत में आयोजित कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों ने एक घंटे में 14 किलो ड्राईफ्रूट खा लिए। फर्जी बिलों के माध्यम से सरकारी धन का दुरुपयोग किया गया। सोशल मीडिया पर इन बिलों के वायरल होने से यह मामला सामने आया।



अफसरों ने खाया 14 किलो ड्राईफ्रूट

कार्यक्रम में कलेक्टर डॉ. केदार सिंह, जिला पंचायत सीईओ नरेंद्र सिंह और एसडीएम प्रगति वर्मा शामिल थे। ग्राम पंचायत ने अधिकारियों के स्वागत और भोजन की व्यवस्था की थी। कार्यक्रम में अधिकारियों द्वारा खर्च किए गए धन पर सवाल उठने लगे। 13 किलो ड्राईफ्रूट का बिल लगाया गया, जिसमें 5 किलो काजू, 6 किलो बादाम और 3 किलो किशमिश पर 19 हजार 10 रुपए का भुगतान किया गया।



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इतनी महंगी चाय !

अधिकारियों ने चाय के लिए 6 लीटर दूध और 5 किलो शक्कर का इस्तेमाल किया। बिल में 30 किलो नमकीन, 20 पैकेट बिस्कुट, 5 किलो शक्कर और 6 किलो दूध की खरीदारी भी थी। इन पर कुल 19 हजार 10 रुपए का भुगतान किया गया। इस प्रकार, कार्यक्रम का खर्च बढ़ा-चढ़ा कर और गलत तरीके से प्रस्तुत किया गया था।



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काजू के दाम पर अंतर

ग्राम पंचायत द्वारा लगाए गए दो अलग-अलग बिलों में काजू के दाम में अंतर पाया गया। एक बिल में 1 किलो काजू का दाम 1000 रुपए था, जबकि दूसरे स्टॉल से 1 किलो काजू 600 रुपए में खरीदा गया था। इसके अलावा, 10 रुपए में मिलने वाले 50 रसगुल्ले का बिल 1000 रुपए में प्रस्तुत किया गया था।





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ग्रामीणों को खिचड़ी, अफसरों को ड्राईफ्रूट

वहीं, इस कार्यक्रम में ग्रामीणों को ड्राईफ्रूट की बजाय खिचड़ी, पूड़ी और सब्जी परोसी गई। ग्राम पंचायत ने अफसरों और ग्रामीणों के लिए भोजन की व्यवस्था की थी, लेकिन अफसरों को महंगे ड्राईफ्रूट और चाय दी गई, जबकि ग्रामीणों को केवल खिचड़ी दी गई।



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जिला पंचायत ने जांच की बात कही

इस मामले के सामने आने के बाद जिला पंचायत के प्रभारी सीईओ एमपी सिंह ने कहा, “हम कार्यक्रम में गए थे, लेकिन वहां इतना ड्राईफ्रूट नहीं था।” उन्होंने कहा, "अब हम इन बिलों की जांच कराकर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करेंगे।"



पहले भी हो चुका है घोटला

शहडोल के सकंदी हाई स्कूल में 784 रुपए के 4 लीटर ऑयल पेंट पर 168 मजदूर और 65 मिस्त्री लगाए गए। इस कार्य के लिए 1 लाख 6,984 का भुगतान किया गया। यह आंकड़े खुद स्कूल से जारी बिल से सामने आए हैं, जिस पर प्राचार्य और DEO के हस्ताक्षर मौजूद हैं।



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