उज्जैन में महाअष्टमी पर दो दिन पूजन का संयोग, जानें सर्वार्थ सिद्धि योग में कन्या पूजन और खरीदारी के नियम

Kaushiki | Oct 18, 2026, 16:54 IST
Share
उज्जैन में महाअष्टमी का पर्व दो दिन मनाया जा रहा है<br>
उज्जैन में महाअष्टमी का पर्व दो दिन मनाया जा रहा है

उज्जैन में उज्जैन महाअष्टमी का पर्व आज 18 और 19 अक्टूबर को मनाया जा रहा है। 19 अक्टूबर को चौबीस खंभा माता मंदिर में भव्य नगर पूजा होगी। ज्योतिषाचार्यों ने कन्या पूजन के लिए शुभ मुहूर्त तय किए हैं। भक्तों के लिए यह समय बेहद खास और फलदायी माना जा रहा है।

Ujjain Mahaashtami Pujan: उज्जैन शहर में इस बार नवरात्रि का त्योहार बहुत खास बन गया है। महाकाल की नगरी में महाअष्टमी का पर्व दो अलग दिनों में मनाया जा रहा है। तिथि के समय को लेकर लोग थोड़े असमंजस में थे।

ज्योतिष के विद्वानों ने अब पूजा का सही समय बता दिया है। कुछ लोग रात में देवी की पूजा करते हैं। कुछ लोग सुबह के समय पूजा करना पसंद करते हैं। दोनों तरह के भक्तों के लिए अलग समय तय किए गए हैं।

सोमवार को शहर में भव्य नगर पूजा का आयोजन भी होगा। चौबीस खंभा माता मंदिर में अधिकारी मदिरा का भोग लगाएंगे। यह परंपरा सालों से उज्जैन में चली आ रही है। इस बार नवरात्रि में कई शुभ योग भी बन रहे हैं।

इन शुभ योगों में खरीदारी करना बहुत लाभकारी माना जाता है। आप जमीन, मकान और गाड़ियां आसानी से खरीद सकते हैं। पूजा-पाठ करने वाले साधकों को इस समय का बड़ा लाभ मिलेगा।

उज्जैन महाअष्टमी पूजन का सही समय

पंचांग के मुताबिक, अष्टमी तिथि 18 अक्टूबर सुबह शुरू हो चुकी है। यह तिथि 19 अक्टूबर सुबह 10 बजकर 51 मिनट तक रहेगी। इसके बाद नवमी तिथि की शुरुआत हो जाएगी।

रात में पूजा करने वाले भक्तों ने रविवार को पूजन किया। सुबह पूजा करने वाले लोग 19 अक्टूबर को पूजन करेंगे। 19 अक्टूबर को सुबह 11 बजकर 30 मिनट से पहले पूजा करें।

अलग-अलग पंचांग में तिथियों की गणना थोड़ी अलग होती है। विद्वानों ने सभी भ्रमों को पूरी तरह दूर कर दिया है। आप अपनी कुल परंपरा के अनुसार समय चुन सकते हैं। सही समय पर की गई पूजा से घर में सुख आता है।

चौबीस खंभा मंदिर में नगर पूजा

उज्जैन की नगर पूजा पूरी दुनिया में प्रसिद्ध मानी जाती है। यह पूजा सोमवार की सुबह चौबीस खंभा मंदिर में होगी। महामाया और महालया देवी को मदिरा का भोग लगाया जाएगा।

जिले के प्रशासनिक अधिकारी इस पूजा में मुख्य रूप से शामिल होते हैं। वे देवी मां को मदिरा अर्पित करके सुख की प्रार्थना करते हैं। इसके बाद पूरे शहर में मदिरा की धार गिराई जाती है।

यह यात्रा शहर के अलग-अलग देवी मंदिरों तक जाती है। इस परंपरा को देखने के लिए दूर-दूर से लोग आते हैं। यह पूजा शहर को हर संकट से बचाने के लिए की जाती है। इस पुरानी परंपरा का पालन आज भी नियम से होता है।

कन्या पूजन का सबसे शुभ मुहूर्त

अष्टमी पर कन्या पूजन का बहुत बड़ा धार्मिक महत्व होता है। कन्याओं को मां दुर्गा का साक्षात रूप माना जाता है। 19 अक्टूबर की सुबह कन्या पूजन के लिए सबसे उत्तम है। सूर्योदय से लेकर सुबह 10 बजकर 51 मिनट तक पूजा करें।

इस समय में किया गया कन्या पूजन महाफलदायी होता है। यदि आप सुबह पूजा न कर पाएं तो चिंता न करें। आप दोपहर 11 बजकर 43 मिनट से 12 बजकर 30 मिनट तक पूजा करें। यह समय अभिजीत मुहूर्त का माना जाता है।

अभिजीत मुहूर्त में किए गए सभी काम सफल होते हैं। इस मुहूर्त में कन्याओं को भोजन कराना बहुत शुभ होता है। नौ कन्याओं के साथ एक छोटे बालक को भी बुलाएं। भोजन कराने के बाद उन्हें उपहार और दक्षिणा अवश्य दें।

2026 शारदीय नवरात्रि: घटस्थापना से कन्या पूजन तक की पूरी पूजा सामग्री लिस्ट और शुभ मुहूर्त जानें | 2026 Shardiya Navratri: Know the complete puja सामग्री list and auspicious timings from Ghatasthapana to Kanya Pujan
शारदीय नवरात्रि की पूजा सामग्री में न रहे कोई कमी, यहां देखें घटस्थापना से लेकर कन्या पूजन तक की पूरी लिस्ट
10 Oct 2026 ,
By Kaushiki
शारदीय नवरात्रि 2026 की शुरुआत 11 अक्टूबर से हो रही है। इस पावन अवसर पर घटस्थापना शुभ मुहूर्त का विशेष ध्यान रखें। पहले ही दिन से सही पूजा सामग्री लिस्ट तैयार करना बेहद जरूरी है। पूजा में बाधा न आए, इसके लिए सामग्री पहले से जुटा लेना समझदारी है। जानिए कलश स्थापना की सही विधि, जरूरी सामान और मंदिर में रखने योग्य शुभ वस्तुएं।
शारदीय नवरात्रि 2026 की शुरुआत 11 अक्टूबर से हो रही है। इस पावन अवसर पर घटस्थापना शुभ मुहूर्त का विशेष ध्यान रखें। पहले ही दिन से सही पूजा सामग्री लिस्ट तैयार करना बेहद जरूरी है। पूजा में बाधा न आए, इसके लिए सामग्री पहले से जुटा लेना समझदारी है। जानिए कलश स्थापना की सही विधि, जरूरी सामान और मंदिर में रखने योग्य शुभ वस्तुएं।

शुभ योग में करें खरीदारी

इस बार नवरात्रि में दो सर्वार्थ सिद्धि योग बन रहे हैं। इसके साथ ही दो रवि योग का निर्माण भी हो रहा है। ये सभी योग धार्मिक दृष्टि से बहुत शुभ माने जाते हैं। इस दौरान नया काम शुरू करना बहुत अच्छा रहता है। आप नया बिजनेस या नया वाहन खरीद सकते हैं। संपत्ति में निवेश करने के लिए भी यह समय बेहतर है।

इस समय की गई पूजा से देवी मां प्रसन्न होती हैं। भक्तों को उनकी साधना का तुरंत फल प्राप्त होता है। उज्जैन में इस समय भक्ति का माहौल बना हुआ है। मंदिरों में भक्तों की भारी भीड़ देखने को मिल रही है। सभी लोग मां दुर्गा का आशीर्वाद ले रहे हैं। आप भी शुभ मुहूर्त में पूजा करके लाभ उठाएं।

पूजा के दौरान रखें ये सावधानियां

पूजा के समय मन में पूरी श्रद्धा और पवित्रता रखें। कन्याओं का सम्मान दिल से करना बहुत जरूरी है। उन्हें कभी भी बासी या दूषित भोजन न कराएं। भोजन में सफाई का विशेष रूप से ध्यान रखें। कन्याओं के पैर धोकर उन्हें आसन पर बैठाएं। उनके माथे पर रोली और अक्षत का तिलक लगाएं।

उन्हें प्यार से हलवा, पूरी और काले चने परोसें। भोजन के बाद उनके चरण छूकर आशीर्वाद प्राप्त करें। किसी भी कन्या के साथ कोई भेदभाव बिल्कुल न करें। पूजा के दौरान क्रोध या अहंकार करने से बचें। शांत मन से की गई पूजा ही सफल मानी जाती है। नियम पूर्वक पूजा करने से देवी मां खुश होती हैं।

सच्ची भक्ति से ही पूरी होगी मनोकामना

उज्जैन नगरी में महाअष्टमी का यह पर्व बेहद खास है। धार्मिक विद्वानों के बताए समय का पालन जरूर करें। इससे आपकी पूजा बिना किसी विघ्न के पूरी होगी। मां दुर्गा अपने सभी भक्तों पर कृपा बरसाती हैं। नगर पूजा से पूरे शहर में समृद्धि बनी रहती है। आप भी अपने परिवार के साथ मिलकर पूजन करें।

कन्याओं को उनकी पसंद की चीजें उपहार में दें। कॉपी, पेंसिल और किताबें देना बहुत शुभ होता है। इस तरह आपकी नवरात्रि की साधना पूरी हो जाएगी। देवी मां आपके घर को धन-धान्य से भर देंगी। सही मुहूर्त में किया गया पूजन हमेशा शुभ फल देता है।

2026 में शारदीय नवरात्रि: अष्टमी और नवमी की तारीख, कन्या पूजन का शुभ मुहूर्त और विधि जानें | Shardiya Navratri in 2026: Know the dates of Ashtami and Navami, auspicious time for Kanya Pujan and method
शारदीय नवरात्रि 2026 में कब है अष्टमी, नवमी और कन्या पूजन का सही समय, जानें कन्या पूजन का शुभ मुहूर्त
14 Oct 2026 ,
By Kaushiki
शारदीय नवरात्रि 2026 में अष्टमी और नवमी तिथि को लेकर सही जानकारी जानिए। पंचांग के मुताबिक, 19 अक्टूबर को अष्टमी और नवमी मनाई जाएगी। जानिए कन्या पूजन का शुभ मुहूर्त, पूजा की आसान विधि और धार्मिक महत्व। माता रानी का आशीर्वाद पाने के लिए सही समय पर पूजा करें। शुभ मुहूर्त में मां दुर्गा की पूजा करने से मनोकामनाएं पूरी होती हैं।
शारदीय नवरात्रि 2026 में अष्टमी और नवमी तिथि को लेकर सही जानकारी जानिए। पंचांग के मुताबिक, 19 अक्टूबर को अष्टमी और नवमी मनाई जाएगी। जानिए कन्या पूजन का शुभ मुहूर्त, पूजा की आसान विधि और धार्मिक महत्व। माता रानी का आशीर्वाद पाने के लिए सही समय पर पूजा करें। शुभ मुहूर्त में मां दुर्गा की पूजा करने से मनोकामनाएं पूरी होती हैं।
FAQs:

  1. उज्जैन में महाअष्टमी पूजन का सही समय क्या है?
    उज्जैन में महाअष्टमी का पूजन 18 अक्टूबर की सुबह से शुरू हो चुका है और यह 19 अक्टूबर सुबह 10 बजकर 51 मिनट तक रहेगा। सुबह पूजा करने वाले भक्तों को 19 अक्टूबर को सुबह 11 बजकर 30 मिनट से पहले पूजा करनी चाहिए।
  2. कन्या पूजन के लिए सबसे शुभ मुहूर्त कब है?
    कन्या पूजन के लिए 19 अक्टूबर की सुबह सूर्योदय से लेकर 10 बजकर 51 मिनट तक का समय सबसे शुभ माना गया है। यदि सुबह पूजा नहीं कर पाएं, तो दोपहर 11 बजकर 43 मिनट से 12 बजकर 30 मिनट के बीच भी पूजा कर सकते हैं।
  3. उज्जैन की नगर पूजा की विशेषताएं क्या हैं?
    उज्जैन की नगर पूजा, जो सोमवार की सुबह चौबीस खंभा मंदिर में होती है, बहुत प्रसिद्ध है। इसमें प्रशासनिक अधिकारी देवी मां को मदिरा का भोग अर्पित करते हैं और शहर को हर संकट से बचाने हेतु प्रार्थना करते हैं। यह पूजा शहरभर में खुशी और समृद्धि का संचार करती है।
Tags:
  • उज्जैन महाअष्टमी पर महासंयोग
  • महाअष्टमी
  • चौबीस खंभा मंदिर
  • Ujjain Mahaashtami
  • Kanya Pujan
  • महाअष्टमी का शुभ मुहूर्त
  • कन्या पूजन का शुभ मुहूर्त
रायपुर में भाजयुमो नेता शुभांकर द्विवेदी गिरफ्तार, थाने में तोड़फोड़ और TI से बदसलूकी मामले में हुई कार्रवाई

By Umeshwari Baghel

रायपुर में भाजयुमो नेता शुभांकर द्विवेदी गिरफ्तार, थाने में तोड़फोड़ और TI से बदसलूकी मामले में हुई कार्रवाई
रायपुर में गरबा पंडालों में महिलाओं की सुरक्षा के लिए तैनात होगी पिंक पेट्रोल टीम, पारंपरिक ड्रेस में नजर आएंगी महिला पुलिसकर्मी

By Umeshwari Baghel

रायपुर में गरबा पंडालों में महिलाओं की सुरक्षा के लिए तैनात होगी पिंक पेट्रोल टीम, पारंपरिक ड्रेस में नजर आएंगी महिला पुलिसकर्मी
गहलोत का मुख्यमंत्री पर पलटवार, बोले- परिसीमन से प्रदेश को बर्बाद किया, जनता मौका मिलते ही देगी झटका

By Jageshwar prasad

गहलोत का मुख्यमंत्री पर पलटवार, बोले- परिसीमन से प्रदेश को बर्बाद किया, जनता मौका मिलते ही देगी झटका
राजस्थान शिक्षक भर्ती में डमी अभ्यर्थियों का खेल, 8 लाख में हुआ सौदा; मध्यस्थ गिरफ्तार

By Jyoti Mahender Bhardwaj

राजस्थान शिक्षक भर्ती में डमी अभ्यर्थियों का खेल, 8 लाख में हुआ सौदा; मध्यस्थ गिरफ्तार
दिग्विजय सिंह बोले- ज्योतिरादित्य सिंधिया ग्वालियर स्कूल में क्यों नहीं कराते संघ के आयोजन, कैलाश मेरे मित्र

By Sanjay Gupta

दिग्विजय सिंह बोले- ज्योतिरादित्य सिंधिया ग्वालियर स्कूल में क्यों नहीं कराते संघ के आयोजन, कैलाश मेरे मित्र
सर्दियों में रेल यात्रियों की बढ़ेगी परेशानी, अजमेर-अमृतसर समेत 6 ट्रेनों के संचालन में बदलाव

By Jyoti Mahender Bhardwaj

सर्दियों में रेल यात्रियों की बढ़ेगी परेशानी, अजमेर-अमृतसर समेत 6 ट्रेनों के संचालन में बदलाव
सूरजपुर में बवाल: महिला की मौत के बाद ग्रामीणों ने अधिकारियों को बनाया बंधक, क्रशर प्लांट में लगाई आग

By Umeshwari Baghel

सूरजपुर में बवाल: महिला की मौत के बाद ग्रामीणों ने अधिकारियों को बनाया बंधक, क्रशर प्लांट में लगाई आग