जेल में बंद सादिक खान पर ईडी का शिकंजा: करता था धर्मांतरण, विदेशों से आता था पैसा

राजस्थान में बीकानेर के अलफुरकान एजुकेशन ट्रस्ट के पूर्व अध्यक्ष मोहम्मद सादिक खान पर ईडी ने गंभीर आरोपों के तहत अभियोजन शिकायत दर्ज की है। सादिक खान को पिछले साल दिसंबर में गिरफ्तार किया गया था। वह वर्तमान में जयपुर सेंट्रल जेल में बंद है।

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Purshottam Kumar Joshi
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News in Short

  • प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने मोहम्मद सादिक खान के खिलाफ अभियोजन शिकायत दर्ज की है। उस पर भड़काऊ भाषण, धर्मांतरण और ट्रस्ट के चंदे के दुरुपयोग के साथ अवैध गतिविधियों में शामिल होने का आरोप हैं।
  • सादिक खान की गिरफ्तारी के बाद ईडी ने उसकी गतिविधियों की जांच शुरू की और ट्रस्ट के चंदे के दुरुपयोग का खुलासा किया।
  • सादिक खान की गिरफ्तारी के बाद उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जा रही है।
  • ईडी ने 64 लाख रुपये के अवैध चंदे और विदेश यात्राओं का भी खुलासा किया है।
  • मोहम्मद सादिक खान ने आरोपों को नकारते हुए दावा किया कि उसे राजनीति से फंसाया गया है।

News in Detail

राजस्थान में जयपुर की सेंट्रल जेल में बंद बीकानेर के अलफुरकान एजुकेशन ट्रस्ट के पूर्व अध्यक्ष मोहम्मद सादिक खान पर प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। ईडी ने गंभीर आरोपों के तहत अभियोजन शिकायत दर्ज की है। सादिक पर भड़काऊ भाषण, धर्मांतरण और ट्रस्ट के चंदे के दुरुपयोग के साथ अवैध गतिविधियों में शामिल होने का आरोप हैं। सादिक पर सार्वजनिक चंदे का दुरुपयोग और जुआ-सट्टा, शराब का अवैध धंधा करने का भी आरोप है। इस मामले में मोहम्मद सादिक खान को पिछले साल दिसंबर में गिरफ्तार किया गया था। वह वर्तमान में जयपुर की सेंट्रल जेल में बंद है।

ईडी द्वारा की गई छापेमारी

ईडी के जयपुर आंचलिक कार्यालय ने पिछले साल सितंबर में सादिक खान से जुड़े कई ठिकानों पर छापेमारी की थी। इसमें संदिग्ध दस्तावेज, डिजिटल उपकरण और वित्तीय रिकॉर्ड जब्त किए गए थे। ईडी ने यह भी बताया कि इन छापेमारी के दौरान मिले दस्तावेजों में अवैध चंदे के लेन-देन, आपराधिक गतिविधियों में धन का इस्तेमाल, और जबरन धर्मांतरण से जुड़े गंभीर साक्ष्य पाए गए थे।

बैंक खातों में संदिग्ध लेन-देन

ईडी की जांच में यह बात सामने आई है कि सादिक खान की आय का प्रमुख स्रोत अवैध गतिविधियों जैसे जुआ-सट्टा और शराब के कारोबार से था। इसके अलावा सादिक खान और उनके परिवार के बैंक खातों में संदिग्ध लेन-देन का भी खुलासा हुआ है। जांच में यह भी पाया गया कि उसकी आय का कोई वैध स्रोत नहीं था, जो कि इस पूरे मामले की गंभीरता को और बढ़ाता है।

अलफुरकान ट्रस्ट के चंदे का दुरुपयोग

प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने की जांच में यह भी सामने आया है कि सादिक खान ने अलफुरकान एजुकेशन ट्रस्ट के चंदे का दुरुपयोग किया। इस चंदे का इस्तेमाल परोपकार के कार्यों के बजाय विदेश यात्रा करने में किया गया। सादिक खान ने बांग्लादेश, ओमान, ईरान, नेपाल और कतर जैसे देशों में यात्राएं कीं और इन देशों में लंबे समय तक ठहरे। इसके साथ ही इस ट्रस्ट से अवैध तरीके से विदेशों से 64 लाख रुपए का चंदा जुटाने का आरोप भी लगाया गया है।

सांसदों और वरिष्ठ नेताओं का विरोध

सादिक खान पर लगे आरोपों ने राज्य की राजनीति में भी हलचल मचा दी है। कई वरिष्ठ नेताओं और सांसदों ने इस मामले में कड़ी निंदा की है। उनका कहना है कि ऐसे मामलों में कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए ताकि समाज में धर्मांतरण और आतंकवाद जैसी गतिविधियों पर नियंत्रण पाया जा सके।

सादिक खान की सफाई

सादिक खान ने अपनी गिरफ्तारी के बाद मीडिया में बयान जारी किया और सभी आरोपों का खंडन किया। उसने कहा कि वह इन गतिविधियों में शामिल नहीं था और उसने किसी भी तरह का अवैध काम नहीं किया है। उसने यह भी दावा किया कि उसे राजनीति और व्यक्तिगत शत्रुता के कारण इस फर्जी मामले में फंसाया जा रहा है।

कानूनी कार्रवाई की दिशा

अब इस पूरे मामले में प्रवर्तन निदेशालय द्वारा लगातार जांच की जा रही है। ईडी ने पीएमएलए (प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट) के तहत मामला दर्ज किया है। इस मामले की सुनवाई विशेष अदालत में की जाएगी। ईडी ने इस मामले में सादिक खान के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करने का मन बना लिया है, ताकि उसके द्वारा किए गए सभी अवैध कामों को उजागर किया जा सके।

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आगे की जांच और संभावित कार्रवाई

आरोपी सादिक खान के खिलाफ जारी जांच में कई अन्य संदिग्ध गतिविधियां सामने आने की संभावना है।  केंद्रीय एजेंसी प्रवर्तन निदेशालय और अन्य जांच एजेंसियां इस मामले की पूरी जानकारी जुटाने में लगी हैं, ताकि सादिक खान के खिलाफ उचित कानूनी कार्रवाई की जा सके।

अब आगे क्या

मोहम्मद सादिक खान पर लगे आरोपों ने इस मामले को राजनीतिक और सामाजिक दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण बना दिया है। यदि ईडी की जांच में यह साबित हो जाता है कि वह अवैध गतिविधियों में संलिप्त था, तो उसे कड़ी सजा मिल सकती है। साथ ही, यह मामला समाज में धर्मांतरण और आतंकवाद से जुड़े मामलों पर गंभीर सवाल उठाता है।

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बीकानेर आरोपी सादिक खान केंद्रीय एजेंसी प्रवर्तन निदेशालय प्रवर्तन निदेशालय ईडी राजस्थान
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