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Photograph: (the sootr)
News In Short
- अधूरी तैयारियों से चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी भर्ती के लिए सत्यापन का काम अटका।
- शिक्षा विभाग को डेढ़ लाख अभ्यर्थियों का करना है दस्तावेज सत्यापन।
- अब दस्तावेज सत्यापन का काम 11 मार्च से मंडल स्तर पर शुरू होगा।
- शिक्षा विभाग में पहले यह सत्यापन प्रक्रिया 9 मार्च से शुरू होनी थी।
- कर्मचारी चयन बोर्ड ने 53,750 पदों के लिए दो गुणा अभ्यर्थियों का किया है चयन।
News In Detail
Jaipur: राजस्थान में चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी भर्ती में दस्तावेज सत्यापन को लेकर महत्वपूर्ण अपडेट सामने आया है। शिक्षा विभाग की अधूरी तैयारियों के कारण दस्तावेज़ सत्यापन का कार्य अब 2 दिन की देरी से यानी 11 मार्च से प्रारंभ होगा। पहले यह सत्यापन कार्य 9 मार्च से शुरू होने वाला था। इस देरी का मुख्य कारण मंडल स्तर पर प्रशासनिक तैयारियों का पूर्ण न हो पाना बताया जा रहा है।
​23 दिन में पूरा होगा 53,750 अभ्यर्थियों का सत्यापन
​इस भर्ती के तहत कुल 53,750 पदों के लिए राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड ने प्रारंभिक परिणाम जारी किया था। इसमें पदों के मुकाबले दो गुना यानी करीब 1.25 लाख अभ्यर्थियों को दस्तावेज़ सत्यापन के लिए सूचीबद्ध किया गया है। अब शिक्षा विभाग इन अभ्यर्थियों के दस्तावेज़ों की जांच मंडल स्तर पर करेगा।
विभागीय योजना के अनुसार यह पूरी प्रक्रिया 23 दिनों के भीतर पूरी की जाएगी। पहले यह कार्य 22 दिन में पूरा होना था, लेकिन अब नए शेड्यूल के अनुसार इसे 11 मार्च से शुरू कर 13 अप्रैल तक चलाया जाएगा।
​दस्तावेज़ सत्यापन का नया शेड्यूल (मंडल स्तर पर)
विभाग ने अभ्यर्थियों की सुविधा और व्यवस्था बनाए रखने के लिए सत्यापन प्रक्रिया को 7 से 8 चरणों में विभाजित किया है। विस्तृत कार्यक्रम इस प्रकार है:
चरण निर्धारित तिथियां कुल दिन
पहला चरण 11 से 14 मार्च 4 दिन
दूसरा चरण 16 से 19 मार्च 4 दिन
तीसरा चरण 23 से 25 मार्च 3 दिन
चौथा चरण 27 से 28 मार्च 2 दिन
पांचवां चरण 30 मार्च 1 दिन
छठा चरण 1 से 2 अप्रैल 2 दिन
सातवां चरण 6 से 11 अप्रैल व 13 अप्रैल 7 दिन
​आवश्यकता पड़ी, तो 15 से 20 अप्रैल के बीच एक 8वां चरण भी आयोजित किया जा सकता है।
​मंडलवार अभ्यर्थियों की संख्या: जयपुर में सबसे अधिक भीड़
दस्तावेज़ सत्यापन के लिए प्रदेश के 9 मंडलों में जिम्मेदारी सौंपी गई है। आंकड़ों के अनुसार जयपुर मंडल में सबसे अधिक 32,374 अभ्यर्थी सत्यापन के लिए पहुंचेंगे। विभिन्न मंडलों का विवरण निम्नलिखित है
​जयपुर: 32,374
​अजमेर: 24,888
​उदयपुर: 22,611
​चूरू: 18,012
​भरतपुर: 17,611
​जोधपुर: 13,918
​बीकानेर: 13,559
​कोटा: 12,151
​पाली: 5,625
​बायोमेट्रिक सत्यापन से रुकेगी फर्जीवाड़े पर लगाम
भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए विभाग ने बायोमेट्रिक सत्यापन को अनिवार्य किया है। प्रत्येक अभ्यर्थी का बायोमेट्रिक मिलान किया जाएगा, जिससे यह सुनिश्चित हो सके कि जिस अभ्यर्थी ने परीक्षा दी थी, वही दस्तावेज़ सत्यापन के लिए आया है।
​यदि कोई 'डमी अभ्यर्थी' किसी दूसरे के स्थान पर बैठता पाया जाता है, तो उसे तुरंत पकड़कर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। हर मंडल में एक 4 सदस्यीय कमेटी का गठन किया गया है जिसकी अध्यक्षता संयुक्त निदेशक करेंगे। साथ ही, हर मंडल में एक कंट्रोल रूम भी स्थापित किया जाएगा।
प्रतिदिन तैयार होगी रिपोर्ट
​दस्तावेज़ सत्यापन के दौरान हर दिन की प्रगति रिपोर्ट तैयार की जाएगी। इस रिपोर्ट में अभ्यर्थी का नाम, रोल नंबर, सत्यापन की स्थिति (पात्र/अपात्र), बायोमेट्रिक सफलता और अन्य महत्वपूर्ण टिप्पणियां दर्ज होंगी। रिपोर्ट पर अभ्यर्थी और सत्यापन दल के सदस्यों के हस्ताक्षर अनिवार्य होंगे। ​शिक्षा विभाग ने कहा है कि निर्धारित समय सीमा के भीतर सभी अभ्यर्थियों की जांच पूरी कर ली जाएगी।
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