राजस्थान को मिला नया डीजीपी, आज शाम संभालेंगे पदभार

Jinesh Jain | Jul 03, 2025, 15:44 IST
Share
DGP RAJIV SHARMA
Photograph: (the sootr)

राजीव शर्मा को राजस्थान का नया डीजीपी नियुक्त किया गया है। वे 3 जुलाई को शाम 5 बजे पदभार संभालेंगे। उनके पास लंबा प्रशासनिक अनुभव है। प्रदेश में कानून व्यवस्था को सुधारने की चुनौती होगी। 1990 बैच के आईपीएस शर्मा इस पद पर उत्कल रंजन साहू की जगह लेंगे।

JAIPUR. राजस्थान को नया पुलिस मुखिया मिल गया है। राज्य सरकार ने केंद्र की प्रतिनियुक्ति से वापस मूल कैडर में आने के बाद वरिष्ठ आईपीएस राजीव शर्मा को नया डीजीपी नियुक्त किया है। वे गुरुवार यानी तीन जुलाई को शाम पांच बजे अपनी जिम्मेदारी संभाल रहे हैं।

1990 बैच के आईपीएस राजीव शर्मा इस पद पर उत्कल रंजन साहू की जगह लेंगे। साहू को आरपीएससी का चेयरमैन बनाए जाने के बाद रविप्रकाश मेहरड़ा को कार्यवाहक डीजीपी नियुक्त किया गया था। वे इसी 30 जून को रिटायर हो गए थे। प्रतिनियुक्ति से लौटने के बाद राजीव शर्मा के डीजीपी बनाए जाने के आदेश राज्य सरकार ने गुरुवार सुबह आदेश जारी किए।

यूपीएससी ने भेजा था पैनल में तीन नाम

राजस्थान में डीजीपी पद के लिए यूपीएससी ने राज्य सरकार को तीन अधिकारियों का पैनल भेजा था। इनमें राजीव शर्मा, राजेश निर्वाण और संजय अग्रवाल का नाम था। राज्य सरकार ने वरिष्ठता के आधार पर 1990 के बैच के राजीव शर्मा का डीजीपी पद के लिए चयन किया है।

यह खबरें भी पढ़ें...

AAICLAS Recruitment सिक्योरिटी स्क्रीनर पद पर बंपर भर्ती, आवेदन की आखिरी तारीख बढ़ी

30 साल बाद मिला इंसाफ: नौकरी का हकदार निकला असली बेटा,हाईकोर्ट ने SECL को लगाई फटकार

यूपी कनेक्शन और सीएम से करीबी

आईपीएस राजीव शर्मा उत्तर प्रदेश के मथुरा के रहने वाले हैं। ऐसे में केंद्र सरकार और पीएम मोदी से उनके अच्छे रिश्ते माने जाते हैं। इसके अलावा भरतपुर आईजी रहने और मथुरा से होने की वजह से मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा से उनके पारिवारिक संबंध हैं। सीएम भजन लाल शर्मा के करीबी होने और वरिष्ठता के आधार पर ही राजीव शर्मा को राज्य का पुलिस मुखिया बनने का अवसर मिला है। राजीव शर्मा को 2014 में पुलिस सेवा में उत्कृष्ट कार्यों के लिए राष्ट्रपति पदक से भी सम्मानित किया जा चुका है।

भरतपुर और बीकानेर में रह चुके आईजी

राजीव शर्मा भरतपुर और बीकानेर के आईजी रह चुके हैं। इसके अलावा उन्होंने जयपुर, झालावाड़, भरतपुर, दौसा, जयपुर ट्रैफिक, राजसमंद में बतौर पुलिस अधीक्षक अपनी सेवाएं दी हैं। वे एसीबी के डीजी भी रह चुके हैं। राजीव शर्मा लंबे समय से केंद्र में प्रतिनियुक्ति पर थे। उन्होंने सीबीआई में संयुक्त निदेशक पद की जिम्मेदारी भी निभाई है। वर्तमान में वे दिल्ली में ब्यूरो ऑफ पुलिस रिसर्च एंड डवलपमेंट के प्रमुख के रूप में तैनात थे।

यह खबरें भी पढ़ें...

MP के टाइगर रिजर्व में घूमना अब हुआ और भी महंगा, सरकार ने बढ़ा दी एंट्री फीस

रियलिटी शो Bigg Boss 19 में AI डॉल हबुबू की होगी एंट्री, शो को मिलेगा नया ट्विस्ट

कानून व्यवस्था बनाए रखना चुनौती

राजस्थान के डीजीपी बनाए जाने के बाद राजीव शर्मा पर प्रदेश की कानून व्यवस्था बनाए रखने का बड़ा दायित्व मिल जाएगा। राजस्थान में इस समय अपराध बेलगाम है। प्रदेश में हत्या, बलात्कार, माफिया, लूट और चोरी के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। ऐसे में राज्य सरकार पर लगातार सवाल उठ रहे हैं। डीजीपी बनने के बाद राजीव शर्मा के सामने कानून व्यवस्था को मजबूत करना बड़ी चुनौती होगी।

FAQ

  1. राजस्थान के नए डीजीपी कौन बने हैं?
    राजस्थान के नए डीजीपी के रूप में वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी राजीव शर्मा को नियुक्त किया गया है। वे 1990 बैच के अधिकारी हैं और उन्होंने कई महत्वपूर्ण पदों पर काम किया है।
  2. राजीव शर्मा की नियुक्ति कैसे हुई?
    राज्य सरकार को UPSC द्वारा तीन वरिष्ठ आईपीएस अधिकारियों का पैनल भेजा गया था, जिसमें से वरिष्ठता और योग्यता के आधार पर राजीव शर्मा का चयन किया गया।
  3. पूर्व डीजीपी कौन थे और अब वे क्या कर रहे हैं?
    इससे पहले उत्कल रंजन साहू डीजीपी थे, जिन्हें अब राजस्थान लोक सेवा आयोग (RPSC) का चेयरमैन बनाया गया है। उनके बाद रविप्रकाश मेहरड़ा कार्यवाहक डीजीपी थे, जो 30 जून को रिटायर हो गए।
  4. राजीव शर्मा का अनुभव और पृष्ठभूमि क्या है?
    राजीव शर्मा उत्तर प्रदेश के मथुरा के रहने वाले हैं। वे भरतपुर और बीकानेर में आईजी रह चुके हैं। इसके अलावा, जयपुर, झालावाड़, भरतपुर, दौसा, जयपुर ट्रैफिक और राजसमंद में एसपी के तौर पर सेवाएं दे चुके हैं। वे सीबीआई में संयुक्त निदेशक और दिल्ली में ब्यूरो ऑफ पुलिस रिसर्च एंड डवलपमेंट के प्रमुख भी रह चुके हैं।
  5. राजीव शर्मा को डीजीपी क्यों बनाया गया?
    उनकी वरिष्ठता, केंद्र और राज्य में लंबा अनुभव, मुख्यमंत्री से करीबी और उत्कृष्ट पुलिस सेवा के लिए राष्ट्रपति पदक जैसे कारणों से उन्हें यह जिम्मेदारी सौंपी गई है।
  6. नए डीजीपी के सामने कौन-कौन सी चुनौतियां हैं?
    राज्य में बढ़ते अपराध, कानून व्यवस्था बनाए रखना, पुलिसिंग में सुधार और जनता का भरोसा जीतना राजीव शर्मा के सामने बड़ी चुनौतियां होंगी।
  7. डीजीपी की नियुक्ति प्रक्रिया क्या है?
    डीजीपी की नियुक्ति के लिए UPSC राज्य सरकार को तीन वरिष्ठ अधिकारियों का पैनल भेजता है। राज्य सरकार इनमें से एक का चयन करती है।

thesootr links

दसूत्र की खबरें आपको कैसी लगती हैं? Google my Business पर हमें कमेंट केसाथ रिव्यू दें। कमेंट करने के लिए इसी लिंक पर क्लिक करें

अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें📢🔃🤝💬👩‍👦👨‍👩‍👧‍👧👩

Tags:
  • राजस्थान
  • Jaipur
  • जयपुर
  • राजीव शर्मा
  • भरतपुर
  • मुख्यमंत्री
  • आईपीएस
  • बीकानेर
  • डीजीपी
  • आईपीएस राजीव शर्मा
गूगल पर द सूत्र चुनें ! Add as a preferredsource on Google
MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग

By Atul Dwivedi

MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग
एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री

By Ramanand Tiwari

एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री
मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा

By Ramanand Tiwari

मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन

By Jitendra Shrivastava

मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें

By Sanjay Dhiman

mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे

By Sanjay Gupta

झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा

By Arun Tiwari

बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा