ओलंपिक में भारत का स्वर्ण युग, जानें कब था
Ravi Singh | Jul 28, 2024, 18:07 IST
पेरिस ओलंपिक 2024
ओलंपिक इतिहास की एक सदी कई ऊंचाइयों से भरी हुई है। हॉकी में 8 स्वर्ण पदक जो कि एक रिकॉर्ड है, जिनमें से 6 लगातार थे। इस दौरान हमें बुरा दौर भी देखने को मिला और भारतीय प्रशंसकों का दिल भी टूटा।
ओलंपिक के इतिहास भारत ने भी कई ऊंचाइयों छुई हैं। हॉकी में 8 स्वर्ण पदक जो कि एक रिकॉर्ड है, जिनमें से छह लगातार थे, इतना ही नहीं स्वतंत्र भारत के लिए केडी जाधव का पहला व्यक्तिगत ओलंपिक पदक, और बीजिंग 2008 में अभिनव बिंद्रा का ऐतिहासिक स्वर्ण और टोक्यो 2020 में नीरज चोपड़ा द्वारा पहला ट्रैक-एंड-फील्ड स्वर्ण पदक भी एक मशाल है। इस दौरान हमें बुरा दौर भी देखने को मिला और भारतीय प्रशंसकों का दिल भी टूटा। आइए जानते हैं ओलंपिक में भारत के प्रदर्शन का इतिहास...
भारत ने अब तक कुल 28 ओलंपिक पदक जीते हैं, जिनमें 10 स्वर्ण, 9 रजत और 9 कांस्य पदक शामिल हैं। भारत की सबसे बड़ी ओलंपिक उपलब्धि 1928 से 1956 तक हॉकी में आठ स्वर्ण पदक जीतना था, जब भारतीय हॉकी टीम ने लगातार छह ओलंपिक में स्वर्ण पदक जीता था।
हाल के वर्षों में, भारत ने निशानेबाजी, पहलवानी, और टेनिस में ओलंपिक पदक जीते हैं। 2020 के टोक्यो ओलंपिक में, भारत ने 1 स्वर्ण, 2 रजत और 4 कांस्य पदक जीते, जो कि अब तक का सबसे सफल ओलंपिक था।
![ravi kushwah]()
ओलंपिक में भारत का इतिहास
प्रारंभिक वर्ष (1900-1920)
- भारत ने पहली बार 1900 में पेरिस ओलंपिक में भाग लिया, जब नॉर्मन प्रिचार्ड ने एथलेटिक्स में दो कांस्य पदक जीते।
- 1908 में लंदन ओलंपिक में, भारत ने हॉकी में अपना पहला ओलंपिक स्वर्ण पदक जीता।
स्वर्ण युग (1920-1960)
- 1928 में एम्स्टर्डम ओलंपिक में, भारतीय हॉकी टीम ने अपना पहला स्वर्ण पदक जीता, और इसके बाद लगातार छह ओलंपिक में स्वर्ण पदक जीता।
- इस दौरान, ध्यानचंद जैसे महान हॉकी खिलाड़ियों ने भारत को ओलंपिक में शीर्ष पर रखा।
- 1952 में हेलसिंकी ओलंपिक में, केशव दत्त ने कुश्ती में भारत का पहला व्यक्तिगत स्वर्ण पदक जीता।
संघर्ष का दौर (1970-2000)
- 1970 के दशक से 1990 के दशक तक, भारतीय ओलंपिक टीम ने पदक जीतने में संघर्ष किया।
- 1996 में अटलांटा ओलंपिक में, लिएंडर पेस ने टेनिस में भारत का पहला व्यक्तिगत ओलंपिक पदक जीता।
नया युग (2000-वर्तमान)
- 2000 से शुरू होकर, भारत ने ओलंपिक में अपनी उपस्थिति बढ़ाई है और विभिन्न खेलों में पदक जीते हैं।
- 2008 में बीजिंग ओलंपिक में, अभिनव बिंद्रा ने निशानेबाजी में भारत का पहला व्यक्तिगत स्वर्ण पदक जीता।
- 2012 में लंदन ओलंपिक में, सुशील कुमार ने कुश्ती में रजत पदक जीता, और मैरी कॉम ने मुक्केबाजी में कांस्य पदक जीता।
- 2016 में रियो ओलंपिक में, पीवी सिंधु ने बैडमिंटन में रजत पदक जीता, और साक्षी मलिक ने कुश्ती में कांस्य पदक जीता।
- 2020 में टोक्यो ओलंपिक में, नीरज चोपड़ा ने एथलेटिक्स में स्वर्ण पदक जीता, और भारत ने कुल सात पदक जीते।
भारत के प्रसिद्ध ओलंपियन
- ध्यानचंद: हॉकी के दिग्गज जिन्होंने 1928, 1932 और 1936 में स्वर्ण पदक जीते।
- अभिनव बिंद्रा: निशानेबाज जिन्होंने 2008 में स्वर्ण पदक जीता।
- सुशील कुमार: पहलवान जिन्होंने 2008 और 2012 में कांस्य पदक जीते।
- पीवी सिंधु: बैडमिंटन खिलाड़ी जिन्होंने 2016 और 2020 में रजत और कांस्य पदक जीते।
- नीरज चोपड़ा: एथलीट जिन्होंने 2020 में स्वर्ण पदक जीता।
हॉकी में आठ स्वर्ण पदक
हाल के वर्षों में, भारत ने निशानेबाजी, पहलवानी, और टेनिस में ओलंपिक पदक जीते हैं। 2020 के टोक्यो ओलंपिक में, भारत ने 1 स्वर्ण, 2 रजत और 4 कांस्य पदक जीते, जो कि अब तक का सबसे सफल ओलंपिक था।
ravi kushwah
thesootr links
- मध्य प्रदेश की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- छत्तीसगढ़ की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- रोचक वेब स्टोरीज देखने के लिए करें क्लिक
MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग
By Atul Dwivedi
एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
By Jitendra Shrivastava
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
By Sanjay Dhiman
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
By Sanjay Gupta
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा
By Arun Tiwari