ऑनलाइन सट्टा रोकने देश में नहीं है एक कानून, अलग-अलग राज्‍यों में बने हैं अलग कानून, सटोरिए उठा रहे इसका फायदा

Jitendra Shrivastava | Oct 08, 2023, 24:00 IST
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ऑनलाइन सट्टा रोकने देश में नहीं है एक कानून, अलग-अलग राज्‍यों में बने हैं अलग कानून, सटोरिए उठा रहे इसका फायदा
ऑनलाइन सट्टा रोकने देश में नहीं है एक कानून, अलग-अलग राज्‍यों में बने हैं अलग कानून, सटोरिए उठा रहे इसका फायदा

मोबाइल पर क्रिकेट से लेकर पोकर, तीन पत्‍ती, रमी जैसे गेम मौजूद हैं। घर-घर में खेले जाने वाले लूडो और सांप सीढ़ी पर ऑनलाइन पैसों का गेम चल रहा है।

गंगेश द्विदेदी, RAIPUR. महादेव एप मामले में लगातार हो रही कार्रवाई को लेकर छत्‍तीसगढ़ में बहस छिड़ गई है। मोबाइल पर क्रिकेट से लेकर पोकर, तीन पत्‍ती, रमी जैसे गेम मौजूद हैं। घर-घर में खेले जाने वाले लूडो और सांप सीढ़ी पर ऑनलाइन पैसों का गेम चल रहा है। क्रिकेट, फुटबॉल, टेनिस जैसे स्‍पोटर्स पर भी ऑनलाइन बेटिंग लगाने वाली साइट और एप की बाढ़ सी आ गई है। वहीं इनको क्रैक करने और सटीक अनुमान बताने वाले एक्‍सपर्ट भी फेसबुक, इंस्‍टाग्राम, स्‍नैपचैट जैसे सोशल साइट में अपने विज्ञापन दे रहे हैं। यू-ट्यूब चैनल और टेलीग्राम में सटीक अनुमान बताने और बेटिंग की ट्रेनिंग देने वाले एक्‍सपर्ट की बड़ी संख्‍या सक्रिय है। तमाम गेमिंग और बेटिंग एप को छोड़कर केवल महादेव और रेड्डी एप पर ही स्‍थानीय पुलिस से लेकर ईडी तक कार्रवाई करने टूट पड़ी है।

'द सूत्र' ने इस मामले की तह तक जाने के लिए कानून विदों से चर्चा की तो पाया कि पूरे देश में ऐसे ऑनलाइन गेमिंग और बेटिंग एप को रोकने या कंट्रोल करने के लिए कोई सार्वभौम कानून सरकार ने नहीं बनाया। बल्कि इसके बढ़ते व्‍यवसाय को देखते हुए केंद्र सरकार ने 28 फीसदी जीएसटी लगाकर अपने राजस्‍व में इजाफा करने का इंजाम कर लिया है। छत्‍तीसगढ़ सरकार सहित कई अन्‍य राज्‍यों ने जरूर अपना स्‍थानीय कानून बनाया है जिसके आधार पर पुलिस कार्रवाई हो रही है।

क्या है ऑनलाइन बेटिंग?

कानून के जानकारों के मुताबिक ऑनलाइन बेटिंग एक तरह का जुआ है जिसमें लोग इंटरनेट के माध्यम से पैसे लगाते हैं और स्पोर्ट्स, कैसीनो खेल और अन्य इवेंट्स पर दावेबाजी करते हैं। यह जुआ आपकी जीत या हार पर आधारित होता है और इसमें पैसे जीतने की और हारने की संभावना होती है। ऑनलाइन बेटिंग चूंकी इंटरनेट पर है तो उसे एक जगह से कंट्रोल नहीं किया जा सकता, इसे रोकने के लिए सहीं मायने में देश स्‍तर पर कानून बनाने की जरूरत है।

भारत में ऑफलाइन अवैध ऑनलाइन पर कानून नहीं

राजधानी के क्रिमिनल लॉयर फैजल रिजवी बताते हैं कि देश के अधिकांश हिस्सों में सट्टेबाजी या जुआ अवैध है। लेकिन ऐसा कोई कानून नहीं है जो ऑनलाइन सट्टेबाजी को गैरकानूनी गतिविधि बनाता हो। यानी हमारे यहां ऐसी कानून तो हैं जो केसीनो में फिजिकल गेंबलिंग को प्रतिबंधित करता है, लेकिन काम ऑनलाइन हो तो कोई ठोस कानून नहीं है। सट्टेबाजी और जुआ कानून राज्य नियमों के अंतर्गत आता है। इसका मतलब यह है कि हर राज्य अपने जुआ नियम बना सकता है, और इसलिए अब तक भारत में केवल कुछ ही राज्यों ने ऑनलाइन सट्टेबाजी के खिलाफ कानून बनाया है। जैसे असम, ओडिशा, आंध्र प्रदेश, सिक्किम, नागालैंड और तेलंगाना।

केंद्र की नजर इससे कमाई करने पर

पिछले साल भारत में ऑनलाइन गेमिंग का कारोबार 2.8 अरब डॉलर का था जानकारों के मुताबिक वर्ष 2027 तक 8.7 अरब डॉलर का कारोबार बन सकता है। उल्‍लेखनीय है कि केंद्र सरकार को पिछले वित्त वर्ष 2022-23 में ऑनलाइन गेमिंग से 1700 करोड़ रुपए का राजस्व प्राप्त हुआ था। सरकार ने इस पर 28 प्रतिशत जीएसटी वसूलने का प्रावधान ले आई। अब माना जा रहा है कि इस राजस्व में पांच गुना से अधिक का इजाफा इस सत्र में हो सकता है।

सुप्रीम कोर्ट ने इसे गलत नही माना

एडवोकेट नरेंद्र चंद्राकर बताते हैं ऑनलाइन क्रिकेट बेटिंग को लेकर दायर एक याचिका में सुप्रीम कोर्ट ने क्रिकेट बेटिंग को गैरकानूनी नहीं माना, सुप्रीम कोर्ट ने केवल यह देखा कि क्रिकेट बेटिंग जनरली गैरकानूनी नहीं है, लेकिन उन्‍होंने क्रिकेट बेटिंग की अवैध गतिविधियों के खिलाफ किसी भी कानूनी कार्रवाई को समर्थन नहीं किया। कानूनी कार्रवाई करने का निर्णय विशेष तरीके से स्थानीय प्राधिकृतियों के हाथ में होता है और वे बेटिंग गतिविधियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई कर सकती हैं, अगर वे किसी स्थानीय कानून का उल्लंघन करती हैं या अनुमति प्राप्त किए बिना बेटिंग गतिविधियों को प्रमोट करती हैं। इसलिए, क्रिकेट बेटिंग के मामले में कार्रवाई केवल सुप्रीम कोर्ट के निर्णय के साथ ही नहीं, स्थानीय कानूनों और प्राधिकृतियों के कानूनी निर्णय पर भी निर्भर करती है।

महादेव एप पर क्‍यों हो रही ताबड़तोड़ कार्रवाई

जानकारों के मुताबिक महादेव एप में आन लाइन बेटिंग के अलावा हवाले से पैसों के लेन-देन का मामला सामने आया है। छत्‍तीसगढ़ के कानून के मुताबिक यहां की पुलिस ने कार्रवाई शुरू की। वहीं आईटी की भी इन पर नजर थी। आईटी के छापे से ईडी को क्‍लू मिला। वहीं दुबई में हुई 200 करोड़ की शादी ने सभी जांच एजेंसियों का ध्‍यान खींचा। यहां मुंबई से बुलाए गए सेलेब्रिटीज को हवाला के जरिए भुगतान करने का सबूत ईडी को मिला है। यही वजह है कि ईडी मनी लांड्रिंग और स्‍थानीय पुलिए जुआ सट्टा एक्‍ट के तहत कार्रवाई कर रही है।

छत्‍तीसगढ़ ने बनाया ऑनलाइन सट्टा पर कानून

छत्तीसगढ़ में ऑनलाइन सट्टेबाजी को रोकने के लिए पिछले वर्ष कांग्रेस सरकार ने नया कानून बनाया। विधानसभा में जुआ प्रतिषेध विधेयक 2022 पारित किया गया। इस कानून के तहत ऑनलाइन जुआ खेलने और इसे आयोजित करने वाले पर 7 साल तक की सजा और 10 लाख रुपए के जुर्माने का प्रावधान किया गया है। इस विधेयक के पारित होने के साथ ही छत्तीसगढ़ में ऑनलाइन सट्टा और सार्वजनिक स्थलों पर जुआ खेलना कानून के दायरे में आ गया है।

ये हैं प्रमुख ऑनलाइन बेटिंग गेम...

स्पोर्ट्स बेटिंग:इसमें आप विभिन्न स्पोर्ट्स जैसे कि फुटबॉल, टेनिस, बास्केटबॉल, हॉकी, और अन्य पर बेटिंग कर सकते हैं।

क्रिकेट बेटिंग: क्रिकेट भारत में बहुत ही लोकप्रिय है, और इस पर बेटिंग करने के विभिन्न ऑनलाइन प्लेटफार्म्स उपलब्ध हैं। जिसमें आप क्रिकेट मैचों पर पैसे लगा सकते हैं, जैसे कि विनर, टॉप बैट्समेन, टॉप बोलर, और अन्य प्रकार की बेटिंग की जा सकती है।

कैसीनो खेल: ऑनलाइन कैसीनो प्लेटफार्म्स पर रूलेट, स्लॉट मशीन, ब्लैकजैक, पोकर, और अन्य कैसीनो खेल खेले जा सकते हैं।

फुटबॉल बेटिंग: फुटबॉल भी एक प्रमुख बेटिंग विकल्प है, और यहां पर विभिन्न फुटबॉल लीग्स और टूर्नामेंट्स पर बेटिंग की जा सकती है।

कबड्डी बेटिंग:कबड्डी भारतीय खेल का हिस्सा है, और इस पर भी बेटिंग करने के ऑनलाइन विकल्प हैं।

आइपीएल बेटिंग:भारतीय प्रीमियर लीग (IPL) क्रिकेट टूर्नामेंट पर बेटिंग भी बहुत लोकप्रिय है।

हॉर्स रेसिंग: यह खेल में आप घोड़ों पर बेटिंग कर सकते हैं, और जीतने वाले घोड़े को पूर्वानुमान करने का प्रयास कर सकते हैं।

फॉरेक्स ट्रेडिंग: यह विदेशी मुद्रा विनिमय के माध्यम से पैसे कमाने का तरीका है, जिसमें आप मुद्रा के मूल्य में बदलाव पर बेट करते हैं।

क्रिप्टो करेंसी ट्रेडिंग: यह आपको विभिन्न क्रिप्टोकरेंसी जैसे कि बिटकॉइन, इथेरियम और अन्य के मूल्य में बदलाव पर बेट करने की अनुमति देता है।

लॉटरी:लॉटरी में आप निश्चित नंबर्स पर बेट लगाते हैं और यदि वे नंबर ड्रा किए जाने पर मेल खाते हैं, तो आप जीतते हैं।

बिंगो:यह एक पॉपुलर नंबर गेम है जिसमें आपको एक बोर्ड पर डब्ल्यू लाइन्स, फुल हाउस, और अन्य पैटर्न्स के आधार पर नंबर्स पर बेट लगाना होता है।

वर्चुअल स्पोर्ट्स: यह ऑनलाइन कंप्यूटर जनरेटेड स्पोर्ट्स इवेंट्स पर बेटिंग का माध्यम होता है, जैसे कि वर्चुअल हॉर्स रेसिंग या फुटबॉल।

ए-स्पोर्ट्स: इसमें वीडियो गेम्स के टूर्नामेंट्स पर बेटिंग की जाती है, जैसे कि कॉन्टर-स्ट्राइक, डोटा 2, और अन्य ए-स्पोर्ट्स गेम्स।

पॉलिटिकल बेटिंग: यहां पर आप सियासी घटनाओं और चुनावों पर बेटिंग कर सकते हैं, जैसे कि चुनावी परिणाम या राजनीतिक घटनाएं।

वेदिक्टेड बेटिंग:इसमें आप घटनाओं के परिणाम पर बेट लगाते हैं, जैसे कि विश्व कप विजेता, फिल्म अवॉर्ड विजेता और अन्य प्रकार की घटनाओं पर।

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