कोटा में स्कूल से निकाला तो 10वीं के स्टूडेंट ने उठाया खौफनाक कदम
Vikram Jain | Oct 18, 2024, 24:15 IST
Rajasthan Kota 10th class student commits suicide
दीपावली से पहले शिक्षा नगरी कोटा से फिर दुखद खबर आई है। यहां 10वीं के छात्र ने तीसरी मंजिला घर से कूदकर आत्महत्या कर ली। छात्र स्कूल से टर्मिनेट किए जाने के बाद से डिप्रेशन में था। जानें पूरा मामला
JAIPUR. राजस्थान के कोटा में स्कूल से निकाले जाने से दुखी होकर 10वीं के छात्र ने घर की तीसरी मंजिल से कूदकर आत्महत्या कर ली। बताया जा रहा है कि 16 साल के छात्र के बैग से सिगरेट मिली थी, इसके बाद उसे स्कूल से टर्मिनेट कर दिया गया था, जिससे आहत में आकर छात्र ने यह कदम उठाया। इसके बाद छात्र के परिजनों ने स्कूल प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाते हुए जमकर हंगामा कर दिया। साथ ही स्कूल प्रबंधन के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की।
मामले में आरकेपुरम थानाधिकारी अजीत बागडोलिया का कहना है कि 16 साल के भावेश पिता रविंद्र वर्मा ने 3 मंजिला घर की छत से कूदकर आत्महत्या कर ली। वह कोटा के तलवंडी के DAV स्कूल में 10वीं का छात्र था। छात्र काला भैरव बादल सामुदायिक भवन के पास रहता था। डेढ़ महीने पहले भावेश वर्मा के बैग से हुक्का और सिगरेट जैसा आपत्तिजनक सामान मिला था। इसके बाद स्कूल प्रबंधन ने उसके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की थी। हालांकि 10 अक्टूबर को छात्र को एग्जाम देने की परमिशन मिल गई थी। साथ ही उससे बाद में माफीनामा भी लिखवाया गया था।
परिजन का आरोप है कि बैग से इस तरह का सामान मिलने के बाद स्कूल मैनेजमेंट ने भावेश को सस्पेंड कर दिया था। जिसके बाद वह डिप्रेशन में चला गया था। घटना के बाद गुरुवार को छात्र के परिवार के लोगों ने न्यू मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल की मॉर्च्युरी के बाहर विरोध प्रदर्शन किया। उन्होंने शव का अंतिम संस्कार करने से इनकार कर दिया था। लोगों ने पहले स्कूल प्रबंधन को बुलाने और उनके खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की। हालांकि, बाद में पुलिस की समझाइश के बाद परिजन मान गए। पोस्टमॉर्टम कराने के बाद शव उन्हें सौंप दिया गया। परिजन की शिकायत पर परिवाद दर्ज किया है। मामले में जांच के बाद कार्रवाई की जाएगी।
भावेश के पिता रविंद्र ने आरोप लगाया कि स्कूल में किसी साथ पढ़ने वाले ने बेटे के बैग में सिगरेट रख दी थी। बैग से सिगरेट निकलने के बाद प्रबंधन ने उसे स्कूल से निकाल दिया। हम लोगों ने मिन्नतें कीं, दादा-दादी ने हाथ भी जोड़े, लेकिन प्रबंधन नहीं माना, उसे स्कूल में वापस नहीं लिया। पिता रविंद्र ने छात्र के मेडल दिखाते कहा कि बेटा भावेश खेल में बहुत अच्छा था। उसने कई मेडल जीते हैं। लेकिन स्कूल में उसका खेलना भी बैन कर दिया गया था।
जानें पूरा मामला
डिप्रेशन में चला गया था भावेश
पिता रविंद्र ने प्रबंधन पर लगाए आरोप
thesootr links
- मध्य प्रदेश की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- छत्तीसगढ़ की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- रोचक वेब स्टोरीज देखने के लिए करें क्लिक
MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग
By Atul Dwivedi
एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
By Jitendra Shrivastava
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
By Sanjay Dhiman
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
By Sanjay Gupta
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा
By Arun Tiwari