मिठाइयों पर महंगाई का साया: राखी पर चीनी की जगह आजमाएं ये हेल्दी मिठास के रास्ते
Manya Jain | Aug 22, 2026, 14:18 IST
sugar price hike natural alternatives
त्योहारी सीजन से पहले चीनी और गुड़ की कीमतों में तेज उछाल आया है। 15 दिनों में चीनी करीब 17 रुपए और गुड़ करीब 40 रुपए महंगा हो गया है। ऐसे में शहद, गुड़, कोकोनट शुगर, खजूर और स्टेविया जैसे विकल्प अपनाए जा सकते हैं।
रक्षाबंधनऔर त्योहारीसीजन नजदीक आते ही चीनी और गुड़ कीकीमतों ने आम लोगों कीरसोई का बजट बिगाड़ दिया है। पिछले 15दिनों में चीनी करीब 17 रुपए प्रतिकिलोग्राम औरगुड़ करीब 40 रुपए प्रति किलोग्राम तकमहंगा हो चुका है।
इसका असर चाय से लेकरमिठाई, खीर औरचॉकलेट तक हर चीज पर दिख रहा है। ऐसे मेंअगर आप त्योहारों की मिठासबनाए रखना चाहते हैं और साथ ही बजट भीसंभालना चाहते हैं, तो शक्कर की जगह शहद,गुड़, कोकोनट शुगर, खजूर औरस्टेविया जैसे नेचुरल विकल्प अपना सकतेहैं।
कल तक जिस चीनी को लोगकिलो-दो किलो आराम से खरीद लाते थे, उसकेभाव ने अचानक घर का बजट बिगाड़दिया है। चीनी और गुड़ के बढ़ते दाम सेबाजारों में हलचल मची हुई है।आम लोगों से लेकर कारोबारियों तक कीचिंता बढ़ गई है। आशंकाजताई जा रही है कि इससे कालाबाजारी भीबढ़ सकती है। कुछ कारोबारियों ने सरकारसेमांग की है कि कीमतों पर तुरंत लगाम लगाईजाए, वरना दिवाली तक हालात औरबिगड़ सकते हैं।
रिटेल कारोबारीप्रवीण गोयल के मुताबिक 15 दिन पहले गुड़60 रुपए प्रति किलोग्राम मेंमिल रहा था, जो अब बढ़कर 100 रुपएकिलोग्राम तक पहुंच गया है। वहीं 15 दिनपहले चीनी की कीमत 48 रुपए प्रतिकिलोग्राम थी, जो अब बढ़कर 62 से 65 रुपएकिलोग्राम हो गई है।
इसके अलावा एकमहीने पहले 900 रुपएकिलोग्राम में मिलने वाला बादाम अब एक हजार 100रुपए किलोग्राम तक में बिक रहा है। इससेमिठाई, चाय की दुकानों,हलवाई, बेकरी और फूड आइटम बनाने वालेछोटेकारोबारियों की लागत भी बढ़ने की आशंकाहै।
एक थोक कारोबारी केमुताबिक इस साल देश में 3.20 लाख टन चीनीतैयार होनी थी, लेकिन असल में सिर्फ 2.80लाख टन हीतैयार हो पाई। इसके साथ ही चीनी कानिर्यात भी किया गया, हालांकि बढ़तीमहंगाई को देखते हुए अबनिर्यात फिलहाल रोक दिया गया है।
![sugar prices hike]()
इसकेबावजूद चीनी के दामों में कोई कमी नहींआई है। कारोबारी के मुताबिक थोक बाजारमें पिछले दो महीनों में चीनी की कीमतकरीब 15 रुपए तक बढ़ चुकी है। सरकारने 1 अगस्त से स्टॉक लिमिट भी लागू कर दीहै, जिसके तहत थोककारोबारी 30 दिन में सिर्फ 4 हजारक्विंटल चीनी ही बेच सकेगा।कारोबारियों का यह भी तर्क है कि इसमहंगाई के पीछे एथेनॉल उत्पादन भी एकबड़ीवजह है।
चीनी की बढ़ती कीमत केबीच घरकी मिठास बनाए रखने के लिए कुछ नेचुरल औरसेहतमंद विकल्प अपनाए जा सकते हैं।ज्यादा चीनीका सेवन वैसे भी मोटापा, डायबिटीज और दिलसे जुड़ी बीमारियों की वजह बन सकता है,इसलिएयह मौका इन विकल्पों को आजमाने के लिएअच्छा हो सकता है।
![sugar alternative option]()
चीनीकी जगह शहद का इस्तेमाल एकबेहतर और सेहतमंद विकल्प माना जाता है।यह एक पुराना और भरोसेमंद नेचुरल मिठासदेने वालाजरिया है, जिसमें भरपूर मात्रा मेंएंटीऑक्सिडेंट,एंटीबैक्टीरियल और एंटी-इंफ्लेमेटरी गुणमौजूद होते हैं। शहद को दूध, चाय, ब्रेडया मिठाई मेंमिलाया जा सकता है। हालांकि ध्यान रखेंकि शहद को कभी गर्म न करें, क्योंकि इससेइसके पोषक तत्व नष्ट होसकते हैं।
गुड़ को भी चीनी केहेल्दी विकल्प के तौर पर इस्तेमाल कियाजा सकता है। गांवों में आज भी बड़ीसंख्या में लोग गुड़ काही इस्तेमाल करते हैं। गन्ने के रस याखजूर से तैयार गुड़ में आयरन, कैल्शियमऔर मैग्नीशियम जैसे मिनरल्सभरपूर मात्रा में मौजूद होते हैं और यहपाचन क्रिया को भी बेहतर बनाता है।हालांकि गुड़ की तासीर गर्म होती है,इसलिए गर्मियों में इसकाज्यादा सेवन करने से बचना चाहिए। इसेचाय, खीर या रोटी के साथ खाया जा सकताहै।
कोकोनट शुगर नारियल केफलों के रस से तैयार की जाती है। इसकाग्लाइसेमिक इंडेक्स कम होता है,यानी यह ब्लड शुगर को तेजी से नहींबढ़ाती। इसमें आयरन, जिंक, पोटैशियम केसाथ इनुलिन नामक फाइबर भीपाया जाता है, जो पाचन में मदद करता है।
वहीं खजूर भी खुद में एक मीठा और पोषकतत्वों से भरपूर फल है। इसमें फ्रक्टोजऔर ग्लूकोज जैसी नैचुरल शुगर के साथफाइबर, आयरन और कई विटामिन भी मौजूद होतेहैं। खजूर को स्मूदी, शेक यामिठाई में इस्तेमाल किया जा सकता है, साथही बेकिंग में भी चीनी की जगह खजूर केपेस्ट का इस्तेमाल किया जा सकता है।
स्टेविया एक ऐसा पौधा हैजिसकी पत्तियां काफी मीठी होती हैं,लेकिन इसमें कैलोरी लगभग नहीं के बराबरहोती है। यही वजह है कि डायबिटीज केमरीजों के लिएइसे एक अच्छा विकल्प माना जाता है। बाजारमें स्टेविया पाउडर और लिक्विड, दोनोंरूपों में उपलब्ध है, जिसेचाय, कॉफी या अन्य ड्रिंक्स में मिलायाजा सकता है।
रिटेल कारोबारीप्रवीण गोयल के मुताबिक 15 दिन पहले गुड़60 रुपए प्रति किलोग्राम था, जो अब बढ़कर100 रुपए किलोग्रामतक पहुंच गया है। उन्होंने बताया कि इसीअवधि में चीनी की कीमत भी 48 रुपए सेबढ़कर 62 से 65रुपए प्रति किलोग्राम हो गई है।
ये भी पढ़ें...
सरकार ने चीनी की स्टॉक लिमिट घटाई, बढ़ते दाम और कालाबाजारी को देख लिया फैसला
DJ बजाया तो लगेगा 21 हजार जुर्माना, खंडवा में समाज का बड़ा फैसला
अब छोटे शहरों से भी भरेंगे उड़ान, मध्य प्रदेश में बनेंगे 5 नए एयरपोर्ट
महाकाल नगरी में सज रहा हजार साल पुराना शिव मंदिर, खुदाई में मिले थे सुराग
इसका असर चाय से लेकरमिठाई, खीर औरचॉकलेट तक हर चीज पर दिख रहा है। ऐसे मेंअगर आप त्योहारों की मिठासबनाए रखना चाहते हैं और साथ ही बजट भीसंभालना चाहते हैं, तो शक्कर की जगह शहद,गुड़, कोकोनट शुगर, खजूर औरस्टेविया जैसे नेचुरल विकल्प अपना सकतेहैं।
कल तक जिस चीनी को लोगकिलो-दो किलो आराम से खरीद लाते थे, उसकेभाव ने अचानक घर का बजट बिगाड़दिया है। चीनी और गुड़ के बढ़ते दाम सेबाजारों में हलचल मची हुई है।आम लोगों से लेकर कारोबारियों तक कीचिंता बढ़ गई है। आशंकाजताई जा रही है कि इससे कालाबाजारी भीबढ़ सकती है। कुछ कारोबारियों ने सरकारसेमांग की है कि कीमतों पर तुरंत लगाम लगाईजाए, वरना दिवाली तक हालात औरबिगड़ सकते हैं।
कितनी बढ़ी है चीनी और गुड़ की कीमत
इसके अलावा एकमहीने पहले 900 रुपएकिलोग्राम में मिलने वाला बादाम अब एक हजार 100रुपए किलोग्राम तक में बिक रहा है। इससेमिठाई, चाय की दुकानों,हलवाई, बेकरी और फूड आइटम बनाने वालेछोटेकारोबारियों की लागत भी बढ़ने की आशंकाहै।
चीनी की कीमत क्यों बढ़ रही है
sugar prices hike
इसकेबावजूद चीनी के दामों में कोई कमी नहींआई है। कारोबारी के मुताबिक थोक बाजारमें पिछले दो महीनों में चीनी की कीमतकरीब 15 रुपए तक बढ़ चुकी है। सरकारने 1 अगस्त से स्टॉक लिमिट भी लागू कर दीहै, जिसके तहत थोककारोबारी 30 दिन में सिर्फ 4 हजारक्विंटल चीनी ही बेच सकेगा।कारोबारियों का यह भी तर्क है कि इसमहंगाई के पीछे एथेनॉल उत्पादन भी एकबड़ीवजह है।
त्योहारों में चीनी की जगह अपनाएं ये विकल्प
sugar alternative option
शहद बन सकता है भरोसेमंद विकल्प
गुड़ भी है फायदेमंद विकल्प
कोकोनट शुगर और खजूर भी हैं अच्छे विकल्प
वहीं खजूर भी खुद में एक मीठा और पोषकतत्वों से भरपूर फल है। इसमें फ्रक्टोजऔर ग्लूकोज जैसी नैचुरल शुगर के साथफाइबर, आयरन और कई विटामिन भी मौजूद होतेहैं। खजूर को स्मूदी, शेक यामिठाई में इस्तेमाल किया जा सकता है, साथही बेकिंग में भी चीनी की जगह खजूर केपेस्ट का इस्तेमाल किया जा सकता है।
डायबिटीज मरीजों के लिए स्टेविया एक अच्छा विकल्प
एक्सपर्ट कोट्स
ये भी पढ़ें...
सरकार ने चीनी की स्टॉक लिमिट घटाई, बढ़ते दाम और कालाबाजारी को देख लिया फैसला
DJ बजाया तो लगेगा 21 हजार जुर्माना, खंडवा में समाज का बड़ा फैसला
अब छोटे शहरों से भी भरेंगे उड़ान, मध्य प्रदेश में बनेंगे 5 नए एयरपोर्ट
महाकाल नगरी में सज रहा हजार साल पुराना शिव मंदिर, खुदाई में मिले थे सुराग
20 हजार करोड़ रुपए के बकाया चालान: सुप्रीम कोर्ट ने दिए अनोखे सुझाव: बिजली बिल में जुड़ सकती है चालान की राशि
By Neel Tiwari
छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें
By Arun Tiwari
मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी
By Sandeep Kumar
IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी
By VINAY VERMA
राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं
By Ashish Bhardwaj
पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई
By Arun Tiwari
भोपाल की सेज यूनिवर्सिटी में छात्रों का हंगामा: हॉस्टल मेस के खाने में कीड़े मिलने का आरोप, अब खाद्य विभाग करेगा जांच
By Jitendra Shrivastava