फर्जी आर्किटेक्ट के नाम पर 400 नक्शे और 150 ले-आउट पास, EOW कर सकती है जांच
Pravesh Shukla | Aug 01, 2025, 17:33 IST
bilaspur-map-layout-scam the sootr
बिलासपुर। जिले में नक्शा और ले-आउट में घोटाले का मामला सामने आया है। नगर निगम के साथ ही टाउन एंड कंट्री प्लानिंग (TCP) के कुछ अधिकारियों पर आरोप है कि उन्होंने फर्जी आर्किटेक्ट के नाम से 400 से ज्यादा नक्शे और 150 से ज्यादा ले-आउट पास करवा दिए।
बिलासपुर। जिले में नक्शा और ले-आउट में घोटाले का मामला सामने आया है। नगर निगम के साथ ही टाउन एंड कंट्री प्लानिंग (TCP) के कुछ अधिकारियों पर आरोप है कि उन्होंने फर्जी आर्किटेक्ट के नाम से 400 से ज्यादा नक्शे और 150 से ज्यादा ले-आउट पास करवा दिए।
पढ़ें: छत्तीसगढ़ सरकार की शुगर मिल में अब घाटे की मिठास, मुंह मीठा कराने में 550 करोड़ की कंगाली
पढ़ें: बौखलाहट में नक्सली, कमजोर पड़ते ही ग्रामीणों पर उतार रहे गुस्सा, 2025 में 30 निर्दोषों की हत्या
अधिकारियों ने बताया कि इन लोगों ने भवन अनुज्ञा की शर्तों का उल्लंघन किया। ओपन स्पेस और पार्किंग के लिए निर्धारित जगह पर अवैध निर्माण कर दिया। इस प्रोजेक्ट को सुपरविजन करने का शपथ पत्र आर्किटेक्ट विकास सिंह ने दिया था। निगम ने कार्रवाई के बाद जांच की और 24 जुलाई 2025 को विकास सिंह का लाइसेंस ब्लैक लिस्ट कर दिया।
पढ़ें: BJP विधायक ने रिश्तेदारों को सरकारी खजाने से बांट दिए लाखो रुपए,PA,PSO और ऑपरेटर भी फायदा उठाने में पीछे नहीं
पढ़ें: ननों की गिरफ्तारी और कब्र से शव निकालने को लेकर बड़े पैमाने पर ईसाई समाज का विरोध प्रदर्शन
नगर निगम के अधिकारियों ने संकेत दिए हैं कि यह पूरा मामला जल्द ही आर्थिक अपराध अन्वेषण शाखा (EOW) को सौंपा जा सकता है। FIR की प्रक्रिया भी प्रारंभ की जा रही है। सिंडिकेट में शामिल नगर निगम और TCP के कई अधिकारियों को जांच के दायरे में लाया गया है। आने वाले दिनों में कई बड़े नाम सामने आ सकते हैं।
bilaspur news in hindi
bilaspur news in h
Bilaspur Nagar Nigam | Bilaspur | "नक्शा ले आउट फर्जीवाड़ा" | छत्तीसगढ़ न्यूज | सीजी न्यूज | ईओडब्लू | license | blacklisted | bilaspur news | Bilaspur News | bilaspur news in hindi | CG News | cg news hindi
पढ़ें: छत्तीसगढ़ सरकार की शुगर मिल में अब घाटे की मिठास, मुंह मीठा कराने में 550 करोड़ की कंगाली
विभागीय जांच में हुई पुष्टिविभागीय जांच में आरोपी अधिकारियों के खिलाफ गड़बड़ी की पुष्टि हुई है। इसके बाद विभाग इस मामले में कानूनी कार्रवाई की तैयारी कर रहा है। आरोपी पिछले 10 साल से भी ज्यादा वक्त से इस फर्जी काम को अंजाम दे रहे थे।आर्किटेक्ट के नाम पर फर्जीवाड़ानगर निगम से मिली जानकारी के मुताबिक आरोपी अफसरों ने आर्किटेक्ट विकास सिंह के नाम से इस पूरे फर्जीवाड़े को अंजाम दिया। इंजीनियर विकास सिंह बिलासपुर निगम से लाइसेंस क्रमांक 234 के माध्यम से पंजीकृत है।फर्जी मोबाइल नंबर रजिस्टर्डविकास सिंह के लाइसेंस नंबर पर मोबाइल नंबर (7415380854) रजिस्टर्ड है, जो मयूर गेमनानी नाम के शख्स का है।2015 में शुरू हुआ था कामजांच आगे बढ़ाने पर नगर निगम के अफसरों को पता चला कि आर्किटेक्ट विकास सिंह के नाम पर नक्शा पास कराने का काम नगर निगम में 10 जुलाई 2015 से शुरू हुआ, जो जून 2025 तक जारी रहा।ऐसे सामने आया घोटाला13 मई के दिन नगर निगम की टीम ने पुराने बस स्टैंड में मौजूद एक होटल के अवैध निर्माण पर बुलडोजर चलाया था। यह कार्रवाई नक्शे के विपरीत किए गए निर्माण को हटाने के लिए की गई।इनके नाम पास हुआ नक्शानगर निगम के अधिकारियों के अनुसार होटल का नक्शा रामचंद्र लालचंदानी, दौलतराम चौधरी और महक आहूजा के नाम पर पास हुआ था। |
शर्तों का हुआ उल्लंघन
पढ़ें: BJP विधायक ने रिश्तेदारों को सरकारी खजाने से बांट दिए लाखो रुपए,PA,PSO और ऑपरेटर भी फायदा उठाने में पीछे नहीं
दायरा बढ़ा तो फर्जीवाड़ा सामने आया आर्किटेक्ट के ब्लैक लिस्ट लाइसेंस की जानकारी एसोसिएशन को हुई, तो उन्होंने विकास सिंह नाम का व्यक्ति ना होने की बात कही और निगम में लिखित जानकारी दी। एसोसिएशन से मिली जानकारी के बाद जब बिलासपुर नगर निगम के अधिकारियों ने जांच की, ताे फर्जीवाड़ा सामने आया ।
पढ़ें: ननों की गिरफ्तारी और कब्र से शव निकालने को लेकर बड़े पैमाने पर ईसाई समाज का विरोध प्रदर्शन
EOW को सौंपा जा सकता है केस
bilaspur news in hindi
bilaspur news in h
FAQ
- सवाल 1: बिलासपुर में नक्शा और ले-आउट घोटाले का खुलासा कैसे हुआ?
13 मई को नगर निगम की टीम ने पुराने बस स्टैंड क्षेत्र में एक होटल के अवैध निर्माण पर बुलडोजर चलाया। यह निर्माण पास हुए नक्शे के विपरीत था। जांच में पाया गया कि आर्किटेक्ट विकास सिंह ने इस निर्माण का सुपरविजन शपथ पत्र दिया था। आगे जांच बढ़ने पर पता चला कि विकास सिंह नाम का कोई आर्किटेक्ट मौजूद ही नहीं है और इस नाम पर फर्जी तरीके से 400 से ज्यादा नक्शे और 150 से अधिक ले-आउट पास कराए गए हैं। - सवाल 2: घोटाले में कौन-कौन से विभाग और व्यक्ति संदेह के घेरे में हैं?
इस घोटाले में नगर निगम और टाउन एंड कंट्री प्लानिंग (TCP) विभाग के कुछ अधिकारी संदेह के घेरे में हैं। इन अधिकारियों ने फर्जी आर्किटेक्ट के नाम से नक्शे और ले-आउट पास कराए। साथ ही, विकास सिंह नामक आर्किटेक्ट के नाम से फर्जी दस्तावेज और मोबाइल नंबर का उपयोग किया गया, जो असल में किसी मयूर गेमनानी के नाम पर रजिस्टर्ड है। - सवाल 3: नगर निगम ने इस घोटाले पर क्या कार्रवाई की है और आगे क्या कदम उठाए जा रहे हैं?
नगर निगम ने 24 जुलाई 2025 को फर्जी आर्किटेक्ट विकास सिंह का लाइसेंस ब्लैकलिस्ट कर दिया। इसके बाद जब एसोसिएशन ने बताया कि ऐसा कोई आर्किटेक्ट है ही नहीं, तो जांच का दायरा बढ़ाया गया और बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया। अब इस मामले को आर्थिक अपराध अन्वेषण शाखा (EOW) को सौंपने की तैयारी की जा रही है और FIR दर्ज करने की प्रक्रिया भी शुरू हो चुकी है।
Bilaspur Nagar Nigam | Bilaspur | "नक्शा ले आउट फर्जीवाड़ा" | छत्तीसगढ़ न्यूज | सीजी न्यूज | ईओडब्लू | license | blacklisted | bilaspur news | Bilaspur News | bilaspur news in hindi | CG News | cg news hindi
20 हजार करोड़ रुपए के बकाया चालान: सुप्रीम कोर्ट ने दिए अनोखे सुझाव: बिजली बिल में जुड़ सकती है चालान की राशि
By Neel Tiwari
छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें
By Arun Tiwari
मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी
By Sandeep Kumar
IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी
By VINAY VERMA
राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं
By Ashish Bhardwaj
पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई
By Arun Tiwari
भोपाल की सेज यूनिवर्सिटी में छात्रों का हंगामा: हॉस्टल मेस के खाने में कीड़े मिलने का आरोप, अब खाद्य विभाग करेगा जांच
By Jitendra Shrivastava