भ्रष्टाचार राशि वसूली पर नया आदेश, आश्रितों को बड़ी राहत
VINAY VERMA | Jul 13, 2026, 17:27 IST
विभागीय जांच पर नया आदेश 2026
छत्तीसगढ़ सरकार ने विभागीय जांच और भ्रष्टाचार से जुड़े मामलों में बड़ा प्रशासनिक बदलाव किया है। GAD ने आदेश जारी कर स्पष्ट किया है कि किसी शासकीय कर्मचारी की विभागीय जांच के दौरान मृत्यु होने पर कार्रवाई स्वत: समाप्त मानी जाएगी।
छत्तीसगढ़ सरकार ने विभागीय जांच और भ्रष्टाचार से जुड़े मामलों में बड़ा प्रशासनिक फैसला लिया है। सामान्य प्रशासन विभाग (GAD) ने स्पष्ट कर दिया है कि यदि किसी शासकीय सेवक की विभागीय जांच या अनुशासनात्मक कार्रवाई के दौरान मृत्यु हो जाती है तो उसके खिलाफ चल रही कार्रवाई तत्काल समाप्त मानी जाएगी। यह राहत केवल सामान्य मामलों तक सीमित नहीं है। सरकारी धन के गबन, वित्तीय अनियमितता और शासन को हुई आर्थिक हानि वाले मामलों में भी यही व्यवस्था लागू होगी। इससे वर्षों से लंबित मामलों में फंसे आश्रितों को बड़ी राहत मिलेगी।
GAD ने 2012 के परिपत्र को लेकर विभागों में बने भ्रम को दूर किया है। कई विभाग कर्मचारी की मौत के बाद भी जांच जारी रख रहे थे। इसके चलते पेंशन, ग्रेच्युटी और अन्य देयकों का भुगतान अटक जाता था। अब नए परिपत्र में साफ कहा गया है कि कर्मचारी की मृत्यु के बाद विभागीय कार्रवाई जारी नहीं रहेगी। मामला उसी समय समाप्त माना जाएगा। इससे सभी विभागों के लिए एक समान व्यवस्था लागू हो जाएगी।
सरकार का मानना है कि कर्मचारी की मृत्यु के बाद उसके परिवार को अनावश्यक कानूनी और प्रशासनिक परेशानी नहीं झेलनी चाहिए। लंबे समय तक जांच लंबित रहने से परिवारों को पेंशन, ग्रेच्युटी, भविष्य निधि और अनुकंपा नियुक्ति जैसी सुविधाओं में देरी होती थी। नए आदेश के बाद ऐसी बाधाएं खत्म होने का रास्ता साफ हो गया है। अब विभागीय जांच आश्रितों के अधिकारों में रुकावट नहीं बनेगी।
सरकार ने राहत के साथ एक अहम शर्त भी जोड़ी है। यदि कर्मचारी के जीवित रहते हुए विभागीय जांच पूरी हो चुकी थी और सक्षम प्राधिकारी ने रिकवरी या दंड का अंतिम आदेश जारी कर दिया था, तब वसूली की कार्रवाई जारी रहेगी। ऐसे मामलों में नियमानुसार कर्मचारी के देय स्वत्वों से राशि की कटौती की जा सकेगी। यानी अंतिम आदेश के बाद मृत्यु होने पर रिकवरी नहीं रुकेगी।
GAD के उप सचिव एस.के. सिंह की ओर से जारी परिपत्र सभी विभागों, संभागायुक्तों, कलेक्टरों, जिला पंचायतों और विभागाध्यक्षों को भेजा गया है। सभी अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि नए आदेश का कड़ाई से पालन किया जाए। माना जा रहा है कि इससे लंबे समय से विवादों में फंसे कई मामलों का पटाक्षेप होगा। साथ ही मृत कर्मचारियों के परिवारों को समय पर उनका वैधानिक अधिकार भी मिल सकेगा।
अश्लील मैसेज भेजता था प्रोफेसर, पिटाई की बाद विभागीय जांच की तलवार
महिला वन रक्षक ने सीनियर अधिकारी पर लगाए सेक्सुअल हैरेसमेंट के आरोप, विभागीय जांच के आदेश
छत्तीसगढ़ सरकार ने सरकारी कर्मचारियों के वेतन नियमों में किया बड़ा बदलाव !
ACB ट्रैप केस में छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, 2 बरी
पुराने नियम पर खत्म हुआ भ्रम
आश्रितों को मिलेगी सीधी राहत
लेकिन एक शर्त भी रखी गई
प्रदेशभर में लागू होंगे निर्देश
FAQ
- क्या कर्मचारी की मृत्यु के बाद भ्रष्टाचार की जांच जारी रहेगी?
नहीं, यदि कर्मचारी की मृत्यु जांच के दौरान होती है तो विभागीय कार्रवाई समाप्त हो जाएगी। यह नियम सरकारी धन के गबन, वित्तीय अनियमितता और आर्थिक नुकसान से जुड़े मामलों में भी लागू होगा। - छत्तीसगढ़ सरकार का विभागीय जांच को लेकर नया आदेश क्या है?
छत्तीसगढ़ सरकार ने स्पष्ट किया है कि किसी शासकीय कर्मचारी की विभागीय जांच या अनुशासनात्मक कार्रवाई के दौरान मृत्यु होने पर उसके खिलाफ चल रही कार्रवाई स्वत: समाप्त मानी जाएगी।
ये खबरें भी पढ़ें...
महिला वन रक्षक ने सीनियर अधिकारी पर लगाए सेक्सुअल हैरेसमेंट के आरोप, विभागीय जांच के आदेश
छत्तीसगढ़ सरकार ने सरकारी कर्मचारियों के वेतन नियमों में किया बड़ा बदलाव !
ACB ट्रैप केस में छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, 2 बरी
MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग
By Atul Dwivedi
एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
By Jitendra Shrivastava
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
By Sanjay Dhiman
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
By Sanjay Gupta
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा
By Arun Tiwari