नवा रायपुर के कर्मचारियों को बड़ी राहत, मेडिकल बिल के लिए खुला स्पेशल काउंटर

VINAY VERMA | Jul 24, 2026, 16:19 IST
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नवा-रायपुर मेडिकल बिल काउंटर: बड़ी राहत
नवा-रायपुर मेडिकल बिल काउंटर: बड़ी राहत

नवा रायपुर के शासकीय कर्मचारियों को मेडिकल बिलों के सत्यापन के लिए रायपुर अस्पताल की भागदौड़ से राहत मिलेगी। संचालनालय स्वास्थ्य सेवाएं में बने स्पेशल काउंटर से प्रक्रिया आसान और तेज होगी।

RAIPUR : नवा रायपुर में मंत्रालय और विभागाध्यक्ष कार्यालयों में काम करने वाले हजारों शासकीय कर्मचारियों की लंबे समय से चली आ रही परेशानी पर आखिरकार स्वास्थ्य विभाग ने फैसला ले लिया है। अब मेडिकल बिलों के सत्यापन और प्रतिहस्ताक्षर के लिए कर्मचारियों को जिला अस्पताल रायपुर के बार-बार चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। संचालनालय स्वास्थ्य सेवाएं ने नवा रायपुर मेडिकल बिल काउंटर शुरू करने का आदेश जारी कर दिया है। दावा है कि इससे मेडिकल क्लेम की प्रक्रिया तेज होगी और कर्मचारियों को राहत मिलेगी।

शिकायतों के बाद जागा विभाग

नवा रायपुर में पदस्थ अधिकारी और कर्मचारी लंबे समय से मेडिकल बिलों के अटकने और प्रतिहस्ताक्षर के लिए रायपुर दौड़ने की मजबूरी झेल रहे थे। कर्मचारी संगठनों ने कई बार इस मुद्दे को उठाया और स्वास्थ्य संचालनालय को ज्ञापन सौंपे। लगातार बढ़ते दबाव के बाद विभाग ने आखिरकार अलग काउंटर खोलने का फैसला लिया। आयुक्त-सह-संचालक स्वास्थ्य सेवाएं ने को इसका आधिकारिक आदेश जारी कर दिया।

अब ऐसे चलेगी प्रक्रिया

नई व्यवस्था के तहत नवा रायपुर स्थित सभी मंत्रालयीन और विभागाध्यक्ष कार्यालयों के मेडिकल बिल पहले संचालनालय स्वास्थ्य सेवाएं में बनाए गए विशेष काउंटर पर जमा होंगे। यहां सभी बिलों को एकजाई कर तय दिन जिला चिकित्सालय रायपुर भेजा जाएगा। वहां सिविल सर्जन सह अस्पताल अधीक्षक प्रतिहस्ताक्षर करेंगे। इसके बाद बिल वापस संबंधित विभागों तक पहुंचाए जाएंगे। यानी अब हर कर्मचारी को अलग-अलग अस्पताल के चक्कर लगाने की जरूरत नहीं होगी।

कागज एक जगह, काम तेज

स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि नई व्यवस्था से मेडिकल क्लेम के निष्पादन की रफ्तार बढ़ेगी। बिलों का संग्रह, पावती और जमा करने की जिम्मेदारी संचालनालय स्वास्थ्य सेवाएं निभाएगा। हालांकि बिलों की जांच, स्वीकृति और भुगतान की प्रक्रिया पहले की तरह नियमानुसार ही होगी। यानी सिर्फ दस्तावेज भेजने की व्यवस्था बदली है, नियम नहीं।

साथ में चेतावनी भी

स्वास्थ्य संचालनालय ने सुविधा देने के साथ कर्मचारियों को सावधान भी किया है। आदेश की प्रति कर्मचारी-अधिकारी फेडरेशन और लिपिक वर्गीय कर्मचारी संघ को भेजते हुए स्पष्ट किया गया है कि बिल जमा करते समय सभी दस्तावेज पूरे और नियमानुसार होने चाहिए। विभाग ने यह भी संकेत दिया है कि दस्तावेजों के रखरखाव में लापरवाही की जिम्मेदारी संबंधित कार्यालय और कर्मचारी की होगी।

कर्मचारियों को बड़ी राहत

नवा रायपुर में मंत्रालय, विभागाध्यक्ष कार्यालय और अन्य शासकीय संस्थानों में हजारों कर्मचारी कार्यरत हैं। अब तक मेडिकल बिल पास कराने के लिए उन्हें समय और पैसा दोनों खर्च करना पड़ता था। नई व्यवस्था से न केवल उनकी भागदौड़ कम होगी, बल्कि मेडिकल क्लेम के निपटारे में भी तेजी आने की उम्मीद है। कर्मचारी संगठनों ने इसे लंबे समय से लंबित मांग पूरी होने की दिशा में बड़ा कदम बताया है।

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