रायपुर में एआई वीडियो विवाद : साइबर सेल हुआ अलर्ट, एफआईआर दर्ज
Aishwarya Dwivedi | Jun 28, 2026, 10:08 IST
रायपुर एआई वीडियो विवाद साइबर सेल एफआईआर
रायपुर में फेसबुक पेज पर एआई से बने आपत्तिजनक और भ्रामक धार्मिक वीडियो अपलोड करने पर विवाद हुआ है। हिंदू संगठनों की शिकायत पर पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है।
समझें क्या है पूरा मामला
AI वीडियो पर रायपुर में विवाद
नाराज हिंदू संगठनों ने इस मामले की शिकायत पुलिस से की है। उन्होंने रायपुर के सिविल लाइन थाने में अपनी शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए अज्ञात आरोपियों पर एफआईआर (FIR - First Information Report) दर्ज कर ली है। अब इस मामले की आगे की जांच पुलिस की साइबर सेल को सौंप दी गई है।
फेसबुक पेज पर भ्रामक दावे
वीडियो में कथित तौर पर दिखाया गया है कि भगवान राम उपदेश ले रहे हैं। इसके साथ ही ईसा मसीह को भगवान हनुमान से भी अधिक शक्तिशाली दिखाने की कोशिश हुई है। हिंदू संगठनों का साफ आरोप है कि इन वीडियो का मकसद धार्मिक भावनाएं भड़काना है। बजरंग दल के अध्यक्ष रवि वाधवानी ने भी इस पर कड़ा ऐतराज जताया है।
कार्टून के रूप में दिखाया
विशेषज्ञों का कहना है कि इन वीडियो को बनाने में एआई (AI - Artificial Intelligence) का इस्तेमाल हुआ है। वीडियो बनाने के लिए करीब आधा दर्जन टूल्स और मोबाइल एप्स का सहारा लिया गया है। इसमें सबसे मुख्य तकनीक डीपफेक की बताई जा रही है। डीपफेक तकनीक से किसी भी चेहरे या आवाज को आसानी से बदला जा सकता है।
रायपुर में एआई वीडियो विवाद
एक्सपर्ट ने दी सलाह
फोरेंसिक सॉफ्टवेयर की मदद से एआई कंटेंट और वीडियो की सही जांच हो सकेगी। इससे यह भी पता लगाया जा सकता है कि वीडियो कहां और किसने बनाया है। पुलिस आईटी (IT - Information Technology) एक्ट-2026 के तहत संबंधित सर्विस प्रोवाइडर कंपनी को नोटिस भेज सकती है। कंपनी से आरोपी की पूरी जानकारी मांगी जा सकती है।
FAQ
- रायपुर में किस फेसबुक पेज को लेकर विवाद हुआ है?
उतर: रायपुर में 'From Heaven to Earth' नाम के फेसबुक पेज को लेकर विवाद हुआ है। इस पेज पर एआई से बने भ्रामक धार्मिक वीडियो अपलोड किए गए थे। - वीडियो में किस तरह के भ्रामक दावे किए गए हैं?
उत्तर: वीडियो में ईसा मसीह को हिंदू देवी-देवताओं का पिता बताया गया है। साथ ही भगवान राम को उपदेश लेते हुए और हनुमान जी से शक्तिशाली दिखाया गया है। - इंटरनेट और सोशल मीडिया अपराधों की जांच के लिए पुलिस किस कानून (एक्ट) के तहत सर्विस प्रोवाइडर को नोटिस भेज सकती है?
उत्तर: पुलिस इस तरह के साइबर अपराधों और एआई के दुरुपयोग की जांच के लिए आईटी एक्ट-2026 (IT Act-2026) के तहत संबंधित सोशल मीडिया कंपनियों को नोटिस जारी कर जानकारी मांग सकती है.
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