परिवारवाद से नहीं कोई अछूता, अकेले दिग्विजय सिंह के परिवार और नातेदारों को दी 7 टिकटें, बीजेपी में भी राजनैतिक परिवारों का वर्चस्व
Chandresh Sharma | Oct 28, 2023, 24:00 IST
परिवारवाद से नहीं कोई अछूता, अकेले दिग्विजय सिंह के परिवार और नातेदारों को दी 7 टिकटें, बीजेपी में भी राजनैतिक परिवारों का वर्चस्व
पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह अपने परिवार और रिश्तेदारों को सबसे ज्यादा टिकट दिलवाने में सफल हुए हैं। दिग्विजय सिंह के परिवार और नातेदारों को कांग्रेस ने 7 जगहों से चुनाव मैदान में उतारा है।
BHOPAL. मध्यप्रदेश में लगभग-लगभग हर सीट पर उम्मीदवारों की घोषणा हो चुकी है। बीजेपी महज 2 सीटों पर उम्मीदवारों का ऐलान रोक कर रखे है। पार्टियों के टिकट वितरण का विश्लेषण किया जाए तो पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह अपने परिवार और रिश्तेदारों को सबसे ज्यादा टिकट दिलवाने में सफल हुए हैं। दिग्विजय सिंह के परिवार और नातेदारों को कांग्रेस ने 7 जगहों से चुनाव मैदान में उतारा है। हालांकि इन 7 टिकटों में से दो टिकटें पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन सिंह के परिवार और नातेदार की भी हैं। जो कि दिग्विजय सिंह के रिश्तेदार भी हैं।
पारिवारिक टिकटों का शिजरा
दिग्विजय सिंह के बेटे जयवर्द्धन को पार्टी ने राघौगढ़ से मैदान में उतारा है, तो भाई लक्ष्मण सिंह चाचौड़ा से चुनाव लड़ रहे हैं। भतीजे प्रियव्रत सिंह खिलचीपुर से प्रत्याशी हैं। तो प्रियव्रत सिंह के मामा घनश्याम सेवढ़ा से चुनाव मैदान में हैं। केपी सिंह को शिवपुरी से प्रत्याशी बनाया गया है, जिनकी बेटी की शादी दिग्विजय सिंह के भानजे से हुई है। वहीं दिग्विजय सिंह के भांजे सिंधु विक्रम सिंह शमशाबाद सीट से कांग्रेस प्रत्याशी हैं। दिग्विजय सिंह के ही रिश्तेदार और पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन सिंह के बेटे अजय सिंह राहुल चुरहट से प्रत्याशी हैं। वहीं अजय सिंह के राहुल के मामा राजेंद्र कुमार सिंह अमरपाटन से चुनाव लड़ रहे हैं।
बीजेपी में दो से ज्यादा टिकट किसी को नहीं
इधर बीजेपी की बात की जाए तो पूर्व मुख्यमंत्री गोविंद नारायण सिंह के बेटे ध्रुव नारायण सिंह और उनके भतीजे विक्रम सिंह को टिकट दिया गया है। मंत्री विजय शाह और उनके भाई संजय शाह को चुनाव मैदान में उतारा गया है। यह बात और है कि संजय शाह के मुकाबले कांग्रेस ने उनके ही भतीजे अभिषेक को चुनाव मैदान में उतारा है।
यहां भी परिवारवाद
कांग्रेस ने नेता प्रतिपक्ष डॉ गोविंद सिंह और उनके भांजे राहुल भदौरिया (मेहगांव) और समधन चंदा रानी (खरगापुर) को भी चुनाव मैदान में उतारा है। इंदौर की बात की जाए तो इंदौर 1 से कांग्रेस प्रत्याशी संजय शुक्ला के साथ-साथ उनके चचेरे भाई राकेश शुक्ला को इंदौर 3 से टिकट दिया गया है। अलीराजपुर में मुकेश पटेल और उनकी भाभी जोबट से प्रत्याशी बनाई गई हैं।
यहां आमने-सामने अपने
नर्मदापुरम में पूर्व विधानसभा अध्यक्ष सीताशरण शर्मा का मुकाबला उनके ही बड़े भाई गिरिजाशंकर शर्मा कर रहे हैं। डबरा से पूर्व मंत्री इमरती देवी के सामने समधी सुरेश राजे मैदान में हैं। देवतालाब में विधानसभा अध्यक्ष गिरीश गौतम के सामने कांग्रेस ने भतीजे पद्मेश को टिकट दिया है। सागर में विधायक शैलेंद्र जैन के सामने निधि जैन को उतारा गया है, शैलेंद्र निधि के जेठ हैं।
पारिवारिक टिकटों का शिजरा
दिग्विजय सिंह के बेटे जयवर्द्धन को पार्टी ने राघौगढ़ से मैदान में उतारा है, तो भाई लक्ष्मण सिंह चाचौड़ा से चुनाव लड़ रहे हैं। भतीजे प्रियव्रत सिंह खिलचीपुर से प्रत्याशी हैं। तो प्रियव्रत सिंह के मामा घनश्याम सेवढ़ा से चुनाव मैदान में हैं। केपी सिंह को शिवपुरी से प्रत्याशी बनाया गया है, जिनकी बेटी की शादी दिग्विजय सिंह के भानजे से हुई है। वहीं दिग्विजय सिंह के भांजे सिंधु विक्रम सिंह शमशाबाद सीट से कांग्रेस प्रत्याशी हैं। दिग्विजय सिंह के ही रिश्तेदार और पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन सिंह के बेटे अजय सिंह राहुल चुरहट से प्रत्याशी हैं। वहीं अजय सिंह के राहुल के मामा राजेंद्र कुमार सिंह अमरपाटन से चुनाव लड़ रहे हैं।
बीजेपी में दो से ज्यादा टिकट किसी को नहीं
इधर बीजेपी की बात की जाए तो पूर्व मुख्यमंत्री गोविंद नारायण सिंह के बेटे ध्रुव नारायण सिंह और उनके भतीजे विक्रम सिंह को टिकट दिया गया है। मंत्री विजय शाह और उनके भाई संजय शाह को चुनाव मैदान में उतारा गया है। यह बात और है कि संजय शाह के मुकाबले कांग्रेस ने उनके ही भतीजे अभिषेक को चुनाव मैदान में उतारा है।
यहां भी परिवारवाद
कांग्रेस ने नेता प्रतिपक्ष डॉ गोविंद सिंह और उनके भांजे राहुल भदौरिया (मेहगांव) और समधन चंदा रानी (खरगापुर) को भी चुनाव मैदान में उतारा है। इंदौर की बात की जाए तो इंदौर 1 से कांग्रेस प्रत्याशी संजय शुक्ला के साथ-साथ उनके चचेरे भाई राकेश शुक्ला को इंदौर 3 से टिकट दिया गया है। अलीराजपुर में मुकेश पटेल और उनकी भाभी जोबट से प्रत्याशी बनाई गई हैं।
यहां आमने-सामने अपने
नर्मदापुरम में पूर्व विधानसभा अध्यक्ष सीताशरण शर्मा का मुकाबला उनके ही बड़े भाई गिरिजाशंकर शर्मा कर रहे हैं। डबरा से पूर्व मंत्री इमरती देवी के सामने समधी सुरेश राजे मैदान में हैं। देवतालाब में विधानसभा अध्यक्ष गिरीश गौतम के सामने कांग्रेस ने भतीजे पद्मेश को टिकट दिया है। सागर में विधायक शैलेंद्र जैन के सामने निधि जैन को उतारा गया है, शैलेंद्र निधि के जेठ हैं।
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