बीजेपी विधायक ने पूछा प्रदेश में कितने अतिथि विद्वान, कब आएगी हरियाणा पॉलिसी पर रिपोर्ट

मध्य प्रदेश विधानसभा में अतिथि विद्वानों के मुद्दे पर सवाल उठाया गया है। विधायक नीरज सिंह ठाकुर ने गेस्ट फैकल्टी की संख्या, योग्यता और हरियाणा पॉलिसी पर रिपोर्ट के बारे में पूछा।

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Sanjay Sharma
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MLA Neeraj Singh Thakur

News in Short

  • विधायक नीरज सिंह ठाकुर ने अतिथि विद्वानों की संख्या पर सवाल उठाए।
  • गेस्ट फैकल्टी की योग्यता और उनकी नियुक्ति पर सवाल किया गया।
  • उच्च शिक्षा विभाग को 24 फरवरी तक जवाब देना है।
  • हरियाणा पॉलिसी के आधार पर गेस्ट फैकल्टी की समस्याओं को हल करने की उम्मीद है।
  • रिपोर्ट की देरी और गेस्ट फैकल्टी को कोई जवाब नहीं मिल रहा है।

News in detail

BHOPAL. सरकारी कॉलेजों में शैक्षणिक व्यवस्था का भार संभाल रहे अतिथि विद्वानों का मामला मध्यप्रदेश विधानसभा पहुंचा है। जबलपुर जिले के बरगी विधायक नीरज सिंह ठाकुर ने उच्च शिक्षा से प्रदेश के कॉलेजों में पढ़ा रहे अतिथि विद्वानों की संख्या पूछी है। विधानसभा में विधायक के अतारंकित प्रश्न पर उच्च शिक्षा विभाग को 24 फरवरी को जवाब देना है। 

कर्मचारियों की नाराजगी बनी चुनौती 

मध्य प्रदेश में साल 2026 की शुरूआत से ही कर्मचारी संगठन सरकार की चुनौती बने हुए हैं। ऐसे में स्कूलों में पढ़ाने वाले अतिथि शिक्षक, कॉलेजों में अध्यापन करा रहे अतिथि विद्वानों के प्रदर्शन भी तेज हो गए हैं। 

शिक्षक संवर्ग और सहायक प्राध्यापक भर्ती में ज्यादा मौकों की मांग को लेकर ये कर्मचारी आवाज उठा रहे हैं। प्रदेश विधानसभा का बजट सत्र 16 फरवरी से शुरू होने जा रहा है। 6 मार्च तक चलने वाले सत्र के लिए प्रदेश भर से विधायक विभिन्न विषयों को लेकर अपने प्रश्न लगा रहे हैं। 

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कर्मचारी मामलों से गरमाया रहेगा सत्र

सरकारी योजनाओं, आमजन, किसानों और कर्मचारियों से जुड़े मामलों के अलावा विधानसभा का बजट सत्र गरमा सकता है। प्रदेश के अतिथि विद्वानों की लगातार उठ रही मांग को देखते हुए जबलपुर के बरगी से विधायक नीरज सिंह ठाकुर ने विधानसभा प्रश्न पूछा है। 

बीजेपी विधायक ठाकुर ने प्रदेश में खाली सहायक प्राध्यकों के पदों के खिलाफ कार्यरत गेस्ट फैकल्टी की संख्या जाननी चाही है। उनका सवाल है कि प्रदेश में कितने अतिथि विद्वान हैं जो यूजीसी द्वारा तय न्यूनतम योग्यता रखते हैं। उन्होंने यह भी पूछा कि कितने अतिथि विद्वान 1000 दिन से ज्यादा कॉलेजों में अध्यापन करा चुके हैं।

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विधायक ने पूछा कब तक आएगी रिपोर्ट

बरगी विधायक ने उच्च शिक्षा विभाग से हरियाणा पॉलिसी पर भी सवाल किया है। उन्होंने पूछा है कि गेस्ट फैकल्टी के लिए क्या विभाग ने हरियाणा पॉलिसी से संबंधित कोई समिति गठित की है। इस समिति द्वारा विभाग को कौन सी रिपोर्ट सौंपी है और नहीं सौंपी गई तो क्यों नहीं। 

मध्यप्रदेश में उच्च शिक्षा विभाग ने 2 फरवरी को हरियाणा पॉलिसी के अध्ययन के  लिए समिति गठित की थी। जिसे तीसरे दिन ही बदलते हुए नई समिति बना दी गई। इस समिति को 7 जनवरी तक अपनी अध्ययन रिपोर्ट उच्च शिक्षा आयुक्त को सौंपनी थी। 

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हरियाणा पॉलिसी पर रिपोर्ट का इंतजार

प्रदेश के हजारों अतिथि विद्वान हरियाणा पॉलिसी के आधार पर अपनी समस्याओं के समाधान की आस लगाए हैं। उन्हें हरियाणा की तर्ज पर मध्य प्रदेश में गेस्ट फैकल्टी को  नियमित और निर्धारित वेतन मिलने और बार- बार फॉलेन आउट की समस्या से निजात मिलने की उम्मीद है। 

इसी को लेकर वे हरियाणा पॉलिसी पर उच्च शिक्षा विभाग की समिति की रिपोर्ट का इंतजार कर रहे हैं। हांलाकि रिपोर्ट सात जनवरी तक जमा होनी थी, लेकिन 27 दिन बाद भी समिति रिपोर्ट पेश नहीं कर पाई है। गेस्ट फैकल्टी को भी इस संबंध में कोई जवाब नहीं दिया जा रहा है।

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