महू में उषा ठाकुर का विरोध करने वाले पदाधिकारियों को बीजेपी ने थमाया नोटिस, तीन दिन में मांगा जवाब
Vikram Jain | Dec 07, 2023, 24:00 IST
महू में उषा ठाकुर का विरोध करने वाले पदाधिकारियों को बीजेपी ने थमाया नोटिस, तीन दिन में मांगा जवाब
महू में उषा ठाकुर का विरोध करने वाले पदाधिकारियों को बीजेपी ने कारण बताओ नोटिस जारी किया है।
संजय गुप्ता, INDORE. इंदौर के महू में उषा ठाकुर के विरोध प्रदर्शन का खामियाजा अब पदाधिकारियों को भुगतना होगा। बीजेपी ने कई पूर्व पदाधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी कर दिया है और उनसे जवाब मांगा गया है। सूत्रों के अनुसार यह नोटिस उषा ठाकुर द्वारा शिकायत होने पर जारी किए गए हैं। नोटिस कार्यवाहक जिलाध्यक्ष घनश्याम नारोलिया ने जारी किए हैं और तीन दिन में जवाब देने के आदेश दिए गए हैं।
इन पदाधिकारियों को मिला नोटिस
नोटिस पाने वालों में जिला संयोजक खेल प्रकोष्ठ देवेंद्र बिट्टु ठाकुर, पूर्व जिलाध्यक्ष अशोक सोमानी, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष रामकरण नागर, पूर्व युवा मोर्चा प्रदेश कार्यसमिति संतोष पाटीदार, पूर्व बीजेपी मंडल अध्यक्ष धन्नालाल निनामा व अन्य शामिल है। नोटिस लिखा है कि बीजेपी प्रत्याशी के विरुद्ध आपके द्वारा निरंतर पार्टी विरोधी गतिविधियां की गई है। आपके इस कृत्य की शिकायतें जिला नेतृत्व को मिली है। इससे पार्टी की छवि धूमिल हुई है, यह काम घोर अनुशासनहीनता में आता है। जिला संगठन के सामने आकर तीन दिन के भीतर जवाब प्रस्तुत करें, अन्यता अनुशासनात्मक कार्रवाई होगी।
![WhatsApp Image 2023-12-07 at 23.39.41.jpeg]()
महू में उषा ठाकुर के विरोध में हुए थे प्रदर्शन
महू में स्थानीय प्रत्याशी की मांग को लेकर बीजेपी प्रत्याशी उषा ठाकुर के विरोध में प्रदर्शन हुए थे। यहां तक कि चुनाव संयोजक भूपेंद्र यादव व अन्य पदाधिकारियों से भी इन्होंने मुलाकात कर उन्हें प्रत्याशी नहीं बनाने की मांग की थी और स्थानीय व्यक्ति को ही मैदान में उतारने के लिए कहा था। यहां तक कि विरोधियों ने उनके विरुद्ध हस्ताक्षर अभियान भी चलाया था और पार्टी तक सभी जानकारी भेजी थी। लेकिन पार्टी ने उनकी मांगों को दरकिनार करते हुए फिर से उषा ठाकुर पर ही भरोसा जताया और उन्हें टिकट दिया।
![WhatsApp Image 2023-12-07 at 23.40.10.jpeg]()
पार्टी के विरोध में काम करने की शिकायत
नोटिस पाने वाले पदाधिकारियों पर आरोप है कि इन लोगों ने टिकट होने के बाद भी पार्टी के खिलाफ काम किया और उषा ठाकुर का साथ नहीं दिया। इसके बाद पार्टी ने अनुशासनहीनता के आरोपों के चलते इन सभी को कारण बताओ नोटिस जारी किए हैं। माना जा रहा है कि नोटिस के बाद कई लोगों को पार्टी से निष्कासित किया जा सकता है।
महू से उषा ठाकुर की सबसे बड़ी जीत
इस चुनाव में त्रिकोणीय मुकाबला था, उषा ठाकुर के सामने कांग्रेस प्रत्याशी रामकिशोर शुक्ला मैदान में थे तो वहीं पूर्व कांग्रेस विधायक अंतर सिंह दरबार भी निर्दलीय उतरे थे। लेकिन इस चुनाव में ठाकुर ने महू सीट की अभी तक की सबसे बड़ी जीत हासिल करते हुए 34 हजार वोट से अंतर सिंह दरबार को हराया। कांग्रेस के शुक्ला तीसरे नंबर पर रहे और उनकी जमानत भी जब्त हो गई। ठाकुर लगातार दूसरी बार महू सीट से जीतीं है।
इन पदाधिकारियों को मिला नोटिस
नोटिस पाने वालों में जिला संयोजक खेल प्रकोष्ठ देवेंद्र बिट्टु ठाकुर, पूर्व जिलाध्यक्ष अशोक सोमानी, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष रामकरण नागर, पूर्व युवा मोर्चा प्रदेश कार्यसमिति संतोष पाटीदार, पूर्व बीजेपी मंडल अध्यक्ष धन्नालाल निनामा व अन्य शामिल है। नोटिस लिखा है कि बीजेपी प्रत्याशी के विरुद्ध आपके द्वारा निरंतर पार्टी विरोधी गतिविधियां की गई है। आपके इस कृत्य की शिकायतें जिला नेतृत्व को मिली है। इससे पार्टी की छवि धूमिल हुई है, यह काम घोर अनुशासनहीनता में आता है। जिला संगठन के सामने आकर तीन दिन के भीतर जवाब प्रस्तुत करें, अन्यता अनुशासनात्मक कार्रवाई होगी।
WhatsApp Image 2023-12-07 at 23.39.41.jpeg
महू में उषा ठाकुर के विरोध में हुए थे प्रदर्शन
महू में स्थानीय प्रत्याशी की मांग को लेकर बीजेपी प्रत्याशी उषा ठाकुर के विरोध में प्रदर्शन हुए थे। यहां तक कि चुनाव संयोजक भूपेंद्र यादव व अन्य पदाधिकारियों से भी इन्होंने मुलाकात कर उन्हें प्रत्याशी नहीं बनाने की मांग की थी और स्थानीय व्यक्ति को ही मैदान में उतारने के लिए कहा था। यहां तक कि विरोधियों ने उनके विरुद्ध हस्ताक्षर अभियान भी चलाया था और पार्टी तक सभी जानकारी भेजी थी। लेकिन पार्टी ने उनकी मांगों को दरकिनार करते हुए फिर से उषा ठाकुर पर ही भरोसा जताया और उन्हें टिकट दिया।
WhatsApp Image 2023-12-07 at 23.40.10.jpeg
पार्टी के विरोध में काम करने की शिकायत
नोटिस पाने वाले पदाधिकारियों पर आरोप है कि इन लोगों ने टिकट होने के बाद भी पार्टी के खिलाफ काम किया और उषा ठाकुर का साथ नहीं दिया। इसके बाद पार्टी ने अनुशासनहीनता के आरोपों के चलते इन सभी को कारण बताओ नोटिस जारी किए हैं। माना जा रहा है कि नोटिस के बाद कई लोगों को पार्टी से निष्कासित किया जा सकता है।
महू से उषा ठाकुर की सबसे बड़ी जीत
इस चुनाव में त्रिकोणीय मुकाबला था, उषा ठाकुर के सामने कांग्रेस प्रत्याशी रामकिशोर शुक्ला मैदान में थे तो वहीं पूर्व कांग्रेस विधायक अंतर सिंह दरबार भी निर्दलीय उतरे थे। लेकिन इस चुनाव में ठाकुर ने महू सीट की अभी तक की सबसे बड़ी जीत हासिल करते हुए 34 हजार वोट से अंतर सिंह दरबार को हराया। कांग्रेस के शुक्ला तीसरे नंबर पर रहे और उनकी जमानत भी जब्त हो गई। ठाकुर लगातार दूसरी बार महू सीट से जीतीं है।
MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग
By Atul Dwivedi
एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
By Jitendra Shrivastava
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
By Sanjay Dhiman
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
By Sanjay Gupta
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा
By Arun Tiwari