बिकने लगा BSNL, MP के लिए निकाले टेंडर, उज्जैन की एक जमीन की कीमत 1900 करोड़
Sanjay Sharma | Jul 11, 2024, 10:44 IST
STYLESHEET THESOOTR - 2024-07-11T103013.036
राजधानी भोपाल की 8 संपत्तियों की कीमत 973 करोड़ 60 लाख रुपए आंकी गई है, जबकि जबलपुर की 12 प्रॉपर्टी 1357 करोड़ रुपए से ज्यादा कीमत की हैं। हालांकि अभी एमपी की चार संपत्तियों को बेचने के लिए ही टेंडर जारी किए गए हैं...
भारत संचार निगम लिमिटेड यानी बीएसएनएल को समेटने की तैयारी तेज हो गई है। देशभर में बीएसएनएल की 531 संपत्तियां बिकने लगी हैं। केंद्र सरकार के आदेश के बाद अब मध्यप्रदेश में 52 संपत्तियों को बेचने के लिए चिन्हित कर लिया गया है। इसमें से चार संपत्तियों की बिक्री के लिए 1 जुलाई को ई-टेंडर जारी किया जा चुका है। पहले फेज में बीएसएनएल की जिन चार संपत्तियों को बेचा जाना है, वे इटारसी, देवास, शहडोल और जबलपुर में हैं।
इन संपत्तियों की बिक्री के लिए 74.46 करोड़ रुपए का मूल्य रखा गया है। सभी के लिए अलग-अलग रिजर्व प्राइस पर टेंडर बुलाए गए हैं। ई-टेंडर प्रक्रिया संभाल रहे बीएसएनएल के डिप्टी मैनेजर संदीप गुप्ता का कहना है संपत्तियों का ऑक्शन ऑनलाइन किया जा रहा है। इसके लिए जरूरी दस्तावेज और तय राशि जमा कराते हुए संबंधित संस्था, निकाय या लोग इसमें शामिल हो सकते हैं।
वहीं उज्जैन के नानाखेड़ा की 3010 वर्ग मीटर जमीन है जिसकी कीमत प्रति मीटर कीमत 74400 रुपए आंकी गई है। वहीं, राजधानी भोपाल की 8 संपत्तियों की कीमत 973 करोड़ 60 लाख रुपए आंकी गई है, जबकि जबलपुर की 12 प्रॉपर्टी 1357 करोड़ रुपए से ज्यादा कीमत की हैं। हालांकि अभी एमपी की चार संपत्तियों को बेचने के लिए ही टेंडर जारी किए गए हैं। बाकी संपत्तियों की कीमत का आकलन कर लिया है।
दरअसल, केंद्र सरकार के आदेश के बाद भारत संचार निगम लिमिटेड ने अपनी संपत्तियों की जानकारी जुटाकर मूल्यांकन करा लिया है। यह सब इसलिए किया गया है, ताकि सरकार को बीएसएनएल की संपत्तियों की जानकारी के साथ उनकी कीमत का पता लग सके।
अब इन संपत्तियों को बेचने का सिलसिला शुरू कर दिया गया है। पहले चरण में आंध्र प्रदेश की 3, छत्तीसगढ़, गुजरात, पश्चिम बंगाल और पुड्डूचेरी में 1-1, केरल, कर्नाटक, पंजाब में 2-2, मध्यप्रदेश और तमिलनाडू में 4-4 और, उत्तरप्रदेश में 6 सहित 27 प्रॉपर्टी की बिक्री के लिए ऑक्शन टेंडर जारी किए जा चुके हैं।
![7a600762-9b7]()
मध्य प्रदेश में फर्स्ट फेज में चार प्रॉपर्टी की बिक्री के लिए ई-टेंडर जारी किए गए हैं। इसमें इटारसी के सनखेड़ा नाका स्थित कर्मचारी आवासों की बिक्री के लिए 8.43 करोड़ आरक्षित मूल्य रखा गया है। वहीं देवास में कालानी बाग कॉलोनी में 50 प्लॉटों के लिए 39.29 करोड़, शहडोल में राजेन्द्र टॉकीज के पास स्थित बीएसएनएल कंपाउंड के लिए 4.72 करोड़, जबलपुर में मढ़ोताल कृषि मंडी के पास जेडीए स्कीम नंबर 5 में 26 प्लाटों के लिए 22.02 करोड़ रिजर्व प्राइज रखा गया है।
इसके लिए 1 जूलाई 2024 को टेंडर जारी किया गया है। इन संपत्तियों को खरीदने के लिए सरकारी संस्थाएं, नगरीय निकाय, निजी संस्थाएं या लोग ऑनलाइन टेंडर की प्रक्रिया में शामिल हो रहे हैं। प्रदेश के अलावा अन्य प्रदेशों में भी बीएसएनएल की संपत्तियां खरीदने ई-टेंडर प्रक्रिया चल रही है।
![c1b742d5-669]()
बीएसएनएल लंबे समय से घाटे में चल रहा है। इस वजह से सरकार को नुकसान पहुंचाने वाले इस उपक्रम को कई वर्षों से बेचने की चर्चाएं सामने आती रही हैं, लेकिन अब जबकि निगम की संपत्तियों को चिन्हित कर बेचने की प्रक्रिया ही शुरू कर दी गई है तो दो तरह की बातें हो रही हैं।
अधिकारी देशभर में लगभग अनुपयोगी हो चुकी संपत्तियों को ही चिन्हित करके उन्हें बेचने और उससे मिलने वाली राशि से निगम को घाटे से उबारने की सफाई दे रहे हैं। वहीं दूसरी तरफ संपत्तियों को बेचने के साथ ही बीएसएनएल के देश भर में फैले नेटवर्क और संसाधनों को समेटने की भी चर्चा चल पड़ी है। निगम के अधिकारी-कर्मचारियों में भी इसको लेकर विरोधाभास की स्थिति है। भारत संचार निगम लिमिटेड के कर्मचारियों के संगठन भी संपत्तियों को बेचने के निर्णय को गलत बता रहे हैं।
बीएसएनएल ने प्रदेश के शहरों में स्थित भूखंड, एक्सचेंज, कर्मचारी आवास सहित अन्य 52 संपत्तियों को बेचने की तैयारी कर ली है। इसके लिए भोपाल में अयोध्यानगर टेलीकॉम कंपाउंड, हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी होशंगाबाद में टेलीकॉम कंपाउंड, होशंगाबाद की सेमरी हरचंद में टेलीकॉम एक्सचेंज कंपाउंड, भोपाल के दामखेड़ा में बीएसएनएल की भूमि, भोपाल में बागमुगालिया एक्सटेंशन में प्लॉट, भोपाल के साकेत नगर में कर्मचारी आवास, ग्वालियर के विनयनगर में प्लॉट, जबलपुर में बारेला वार्ड में भूखंड, देवास में कालानी नगर में प्लॉट के अलावा इंदौर में स्कीम नंबर 78, नेहरु पार्क क्षेत्र, भंवर कुआं, अमितेशनगर और चंदननगर में प्लॉट, मुरैना, जबलपुर, बालाघाट, बड़वानी, खरगोन, धार, रीवा, सतना, नरसिंहपुर, कटनी, शहडोल, उज्जैन शहर में भी संपत्तियों को ब्योरा जुटा लिया गया है।
राज्य संपत्ति
आंध्रप्रदेश 24
असम 11
छत्तीसगढ़ 6
दिल्ली 2
गोवा 3
गुजरात 42
हरियाणा 12
हिमाचल प्रदेश 32
जम्मू_कश्मीर 2
झारखंड 12
कर्नाटक 62
केरल 27
मध्यप्रदेश 52
महाराष्ट 41
मणिपुर 2
नगालैंड 6
ओडिशा 15
पंजाब 22
पुड्डूचेरी 4
राजस्थान 9
तमिलनाडू 29
तेलंगाना 27
उत्तराखंड 14
उत्तरप्रदेश 59
पश्चिम बंगाल 13
इन संपत्तियों की बिक्री के लिए 74.46 करोड़ रुपए का मूल्य रखा गया है। सभी के लिए अलग-अलग रिजर्व प्राइस पर टेंडर बुलाए गए हैं। ई-टेंडर प्रक्रिया संभाल रहे बीएसएनएल के डिप्टी मैनेजर संदीप गुप्ता का कहना है संपत्तियों का ऑक्शन ऑनलाइन किया जा रहा है। इसके लिए जरूरी दस्तावेज और तय राशि जमा कराते हुए संबंधित संस्था, निकाय या लोग इसमें शामिल हो सकते हैं।
उज्जैन की तीन संपत्तियां 2010 करोड़ रुपए की सबसे खास यह है कि उज्जैन की तीन संपत्तियां 2010 करोड़ रुपए की हैं। इनमें अकेले उज्जैन की भरतपुरी स्थित सबसे बड़ी प्रापर्टी 7 लाख 28 हजार 750 वर्ग मीटर की है, जिसकी कीमत 19 अरब यानी 1900 करोड़ रुपए आंकी गई है। यह प्रदेश में बीएसएनएल की सबसे बड़ी और ज्यादा कीमत की प्रॉपर्टी है।
देशभर की 27 संपत्तियों के लिए टेंडर जारी
अब इन संपत्तियों को बेचने का सिलसिला शुरू कर दिया गया है। पहले चरण में आंध्र प्रदेश की 3, छत्तीसगढ़, गुजरात, पश्चिम बंगाल और पुड्डूचेरी में 1-1, केरल, कर्नाटक, पंजाब में 2-2, मध्यप्रदेश और तमिलनाडू में 4-4 और, उत्तरप्रदेश में 6 सहित 27 प्रॉपर्टी की बिक्री के लिए ऑक्शन टेंडर जारी किए जा चुके हैं।
7a600762-9b7
एमपी के 4 शहरों में संपत्ति बेच रहा बीएसएनएल
इसके लिए 1 जूलाई 2024 को टेंडर जारी किया गया है। इन संपत्तियों को खरीदने के लिए सरकारी संस्थाएं, नगरीय निकाय, निजी संस्थाएं या लोग ऑनलाइन टेंडर की प्रक्रिया में शामिल हो रहे हैं। प्रदेश के अलावा अन्य प्रदेशों में भी बीएसएनएल की संपत्तियां खरीदने ई-टेंडर प्रक्रिया चल रही है।
c1b742d5-669
घाटे से उबारने या निगम बंद करने बेंच रहे संपत्ति
अधिकारी देशभर में लगभग अनुपयोगी हो चुकी संपत्तियों को ही चिन्हित करके उन्हें बेचने और उससे मिलने वाली राशि से निगम को घाटे से उबारने की सफाई दे रहे हैं। वहीं दूसरी तरफ संपत्तियों को बेचने के साथ ही बीएसएनएल के देश भर में फैले नेटवर्क और संसाधनों को समेटने की भी चर्चा चल पड़ी है। निगम के अधिकारी-कर्मचारियों में भी इसको लेकर विरोधाभास की स्थिति है। भारत संचार निगम लिमिटेड के कर्मचारियों के संगठन भी संपत्तियों को बेचने के निर्णय को गलत बता रहे हैं।
मध्यप्रदेश के इन शहरों में संपत्ति चिन्हित
इन राज्यों की संपत्तियों को किया गया चिह्नित
आंध्रप्रदेश 24
असम 11
छत्तीसगढ़ 6
दिल्ली 2
गोवा 3
गुजरात 42
हरियाणा 12
हिमाचल प्रदेश 32
जम्मू_कश्मीर 2
झारखंड 12
कर्नाटक 62
केरल 27
मध्यप्रदेश 52
महाराष्ट 41
मणिपुर 2
नगालैंड 6
ओडिशा 15
पंजाब 22
पुड्डूचेरी 4
राजस्थान 9
तमिलनाडू 29
तेलंगाना 27
उत्तराखंड 14
उत्तरप्रदेश 59
पश्चिम बंगाल 13
thesootr links
- मध्य प्रदेश की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- छत्तीसगढ़ की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- रोचक वेब स्टोरीज देखने के लिए करें क्लिक
MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग
By Atul Dwivedi
एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
By Jitendra Shrivastava
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
By Sanjay Dhiman
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
By Sanjay Gupta
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा
By Arun Tiwari