एमपी के सरकारी स्कूलों पर संकट? भोपाल में Gen Z, Gen Alpha हुए एकजुट
Sandeep Kumar | Aug 23, 2026, 20:32 IST
एमपी के सरकारी स्कूलों पर संकट
एमपी सरकारी स्कूल बचाओ आंदोलन को लेकर भोपाल में बड़ा कन्वेंशन हुआ। 36 जिलों से छात्र, शिक्षक और अभिभावक पहुंचे। स्कूल बंद न करने की मांग उठी।
समझें क्या है पूरा मामला
- भोपाल के नीलम पार्क में बड़ा कन्वेंशन आयोजित हुआ।
- इसमें 36 जिलों से लोग शामिल हुए।
- छात्रों, शिक्षकों और अभिभावकों ने भाग लिया।
- सरकारी स्कूल बंद करने का विरोध किया गया।
- स्कूल मरम्मत और TET नियम हटाने की मांग उठी।
government-schools-crisis
भोपाल में जुटा बड़ा जनसमूह
कन्वेंशन में मुख्य रूप से सरकारी स्कूलों को बंद किए जाने का विरोध हुआ। इसके साथ ही जर्जर स्कूलों की मरम्मत और जरूरी सुविधाओं की मांग भी उठी। लोगों ने TET की अनिवार्यता हटाने की भी मांग रखी।
government-schools-crisis
संयोजक बोले, बजट में हो रही कटौती
उनके मुताबिक सरकारी स्कूलों के बजट में लगातार कटौती हो रही है। इस वजह से कई स्कूलों की सालों से मरम्मत नहीं हुई। बारिश में छतों से पानी टपकने और दीवारें गिरने की घटनाएं आम हो गई हैं।
उज्जैन में स्कूल बचाने का आंदोलन
इसके खिलाफ उज्जैन में जोरदार आंदोलन हुआ। शहर से 15 किलोमीटर दूर दाऊदखेड़ी गांव के सांदीपनी स्कूल में कन्या विद्यालय के मर्जर का विरोध हुआ। इसके बाद प्रशासन को छात्रों की मांग के आगे झुकना पड़ा।
उन्होंने बताया कि अशोकनगर, गुना, देवास और इंदौर जैसे जिलों में भी समिति ने आंदोलन चलाकर स्कूलों को बंद होने से बचाया। उनके मुताबिक अब हर जिले में इसी तरह के आंदोलन की जरूरत है। उन्होंने साफ कहा कि किसी भी योजना की आड़ में किसी स्कूल को बंद नहीं किया जाना चाहिए।
government-schools-crisis
आंकड़ों से जताई चिंता
इनमें सबसे ज्यादा करीब 30 हजार स्कूल अकेले मध्यप्रदेश में बंद किए गए। उनके मुताबिक इससे प्रदेश के छात्र शिक्षा से दूर हो रहे हैं। पिछले कुछ सालों में 12 लाख से ज्यादा बच्चों का ड्रॉपआउट हुआ है। दूर स्कूलों के चलते कई बच्चों की पढ़ाई भी छूट रही है।
शिक्षकों की संख्या घटाने का विरोध
नई भर्तियां करने के बजाय शिक्षकों की संख्या कम करने की कोशिश हो रही है। इसके साथ ही परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं की भी निंदा हुई। लोगों ने स्वच्छ और पारदर्शी परीक्षा प्रणाली लागू करने की मांग रखी।
कई संगठनों ने दिया समर्थन
क्या हैं प्रमुख मांगें
FAQ
- मध्यप्रदेश में कितने सरकारी स्कूल बंद हुए हैं?
डॉ. रामावतार शर्मा के मुताबिक बीते दस साल में मध्यप्रदेश में करीब 30 हजार सरकारी स्कूल बंद हुए हैं। यह देशभर में बंद हुए 94 हजार स्कूलों में सबसे बड़ी संख्या है। इससे लाखों छात्रों की पढ़ाई प्रभावित हुई है। - कन्वेंशन में मुख्य मांगें क्या थीं?
मुख्य मांग सरकारी स्कूलों को बंद करने पर रोक लगाने की थी। इसके अलावा जर्जर स्कूलों की मरम्मत के लिए बजट देने की मांग रखी गई। साथ ही TET की अनिवार्यता हटाने की भी मांग उठी।
ये भी पढ़ें...
एमपी मुख्यमंत्री हाउस रेंट योजना: Gen Z तलाश लो अपना मकान, किराया भरेगी सरकार
क्या है वियतनाम के ट्री 55 की कहानी, जिससे सड़कों पर उतरा वियतनाम का Gen Z
Gen Z के बाद Gen Alpha अपने हक के लिए बेखौफ, मंत्री-DM से आंख मिलाकर कर रहे सवाल
वेदांता ग्रुप को जल्द नया और युवा नेतृत्व मिलेगा: प्रिया अग्रवाल हेब्बर हो सकती हैं उत्तराधिकारी, कौन सी जिम्मेदारी मिलेगी?
By Arohi Raj
हाईकोर्ट की फटकार से जागा स्वास्थ्य विभाग: सचिव अमित कटारिया पर लगा जुर्माना, लापरवाही में कांकेर CMHO सस्पेंड
By Umeshwari Baghel
बंटी नागर सुसाइड केस: रियल एस्टेट कारोबारी की मौत पर तीन महिलाएं पुलिस के राडार पर
By Sanjay Gupta
ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, तो शोषण कैसे कर सकते हैं', नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
By Sanjay Dhiman
देश में मानसून की बेरुखी से 51% हिस्से में सूखे का संकट: खरीफ फसलों पर मार, बढ़ सकती है महंगाई और आम आदमी की मुश्किलें
By Aman Vaishnav, CHAKRESH
Live |उज्जैन में मस्जिद हटाने पर बवाल
By
राजस्थान नगर निगम चुनाव में BJP का दबदबा
By