मंत्री कैलाश विजयवर्गीय बोले, इंदौर को कलंकित कर दिया इस बेटी ने, बिना संस्कार के बच्चे सोनम बन जाते हैं

Vishwanath Singh | Jun 11, 2025, 20:07 IST
Share
The Sootr
The Sootr

मंत्री कैलाश विजयवर्गीय बोले कि बच्चों को पढ़ाना–लिखाना बहुत अच्छी बात है, लेकिन संस्कार भी देना। बिना संस्कार की बच्ची सोनम बन जाती है। हमारे इंदौर को कलंकित कर उस बेटी ने।

इंदौर की सोनम रघुवंशी को लेकर मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने एक बड़ा बयान दिया है। वे बुधवार को एक कार्यक्रम में मंच से संबोधित कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने सोनम को लेकर उन्होंने कहा कि इस बेटी ने इंदौर को कलंकित कर दिया। इस पर बात करने में भी शर्म आती है। बिना संस्कार के बच्चे सोनम बन जाते हैं।

बिना संस्कार के बच्चे सोनम बन जाते हैं

मंत्री कैलाश विजयवर्गीय बोले कि बच्चों को पढ़ाना–लिखाना बहुत अच्छी बात है, लेकिन संस्कार भी देना। बिना संस्कार की बच्ची सोनम बन जाती है। हमारे इंदौर को कलंकित कर उस बेटी ने। हम कहीं पर भी जाते हैं जैसे कल भोपाल और ग्वालियर में था। वहां पर लोग पूछने लग गए कि इंदौर की घटना है तो मैंने कह दिया कि मुझे नहीं पता। तो वे कहने लगे कि अरे आप इंदौर के जनप्रतिनिधि हैं, तो मैंने कह दिया कि मुझे इस बारे में कोई बात नहीं करनी है। इस पर बात करने में भी शर्म आती है।

संस्कारवान बच्चियां कभी ऐसा नहीं करेंगी

उन्होंने यह भी कहा कि अगर बच्चियों में संस्कार हों तो कभी वे कभी ऐसी काम नहीं करेंगी। इसलिए माताओं–बहनों एक रोटी कम खाना, पर बच्चियों को संस्कार जरूर देना। शिक्षा दे दी लेकिन संस्कार नहीं दिए तो वे पशु बन जाते हैं, पाश्विक जिंदगी जीते हैं।

महिला में अगर शर्म, ममता, प्यार नहीं हो तो वह पूतना है

उन्होंने एक किताब का हवाला देते हुए कहा कि कल मैं एक किताब पढ़ रहा था और मुझे मां कनकेश्वरी देवी ने प्रवचन में भी कहा था। कोई महिला हो और उसमें शर्म नहीं हो, ममता नहीं हो और प्यार नहीं हो। ऐसी महिला अगर है तो वह महिला नहीं बल्कि वह पूतना रहती है। जिसने भगवान श्री कृष्ण को मरने की कोशिश की। क्या कोई मां किसी बच्चे को मार सकती है? पूतना दूध में जहर लेकर गई थी, इसीलिए क्योंकि उसमें ममता नहीं थी। उसमें करुणा नहीं थी, प्यार नहीं था।
यह खबर भी पढ़ें...सोनम का दो घंटे चला मेडिकल चेकअप, प्रेग्नेंसी टेस्ट भी हुआ, रिपोर्ट में यह हुआ खुलासा

आरोपियों ने जरूर नशा किया होगा

मंत्री विजयवर्गीय ने यह भी कहा कि ऐसे बच्चे जिनमें ममता, करुणा और प्यार नहीं हो वे दैत्य बन जाते हैं। इसलिए संस्कार देना बहुत जरूरी है यह मैं बार-बार कहता हूं। उन्हें नशे से बचाना बहुत जरूरी है। जो सोनम के साथ लड़के पकड़ में आए हैं वे जरूर नशा करने वाले होंगे और नशे में हत्या कर दी होगी। इसके बाद कैलाश विजयवर्गीय जब मंच से उतरकर जाने लगे तो उन्हें मीडिया ने घेर लिया और सोनम रघुवंशी को लेकर सवाल किए। इस पर वे बोले कि मैं खुद शर्मिंदा हूं। इंदौर का नाम बदनाम हुआ है, इसलिए मैं कोई टिप्पणी नहीं करना चाहता।

यह खबर भी पढ़ें...स्वास्थ्य विभाग का नया कारनामा, गणित से फार्मेसी करने वाले युवा किए अपात्र

कम कपड़े पहनने वाली लड़कियां मुझे पसंद नहीं

मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने नगराध्यक्ष सुमित मिश्रा के छोटे भाषण को लेकर कहा कि उन्होंने अच्छा और छोटा भाषण दिया। छोटा भाषण ही देना चाहिए, पाश्चात्य कहावत है, हमारे यहां तो लड़की श्रृंगार करे, गहने पहने, अच्छे सुंदर कपड़े पहने तो अच्छा मानते हैं। बहुत सुंदर है। लेकिन विदेश में जो कम कपड़े पहनती है उसे अच्छा मानते हैं उनकी सोच है. ऐसा कहते हैं कि कम कपड़े पहनने वाली लड़की सुंदर होती है और कम भाषण देने वाला नेता अच्छा होता है। मैं नहीं मानता हूं। महिला देवी का स्वरूप होती है, खूब कपड़े पहने। कम कपड़े वाली अच्छी नहीं लगती है। कई बार लड़कियां आती है सेल्फी लेने के लिए, तो मैं बोल देता हूं, बेटा अच्छे कपड़े पहना करो। फोटो फिर लेना।
यह खबर भी पढ़ें...राजधानी में नगर निगम की शह पर अनाधिकृत भवन निर्माण

महापौर बोले, सोनम की घटना आत्म मंथन का विषय

महापौर पुष्यमित्र भार्गव ने सोनम की घटना पर कहा कि इंदौर केवल स्वच्छता में अग्रणी नहीं, बल्कि सांस्कृतिक संवाद और सामाजिक सहभागिता का भी प्रेरणास्रोत है। "इंदौर की आत्मा 'संस्कार और सहभागिता' में बसती है। इस प्रकार की घटना आत्ममंथन का विषय है। हमें यह सुनिश्चित करना है कि हमारा शहर केवल साफ-सुथरा नहीं, बल्कि आचरण और रिश्तों की दृष्टि से भी परिष्कृत बना रहे।
उन्होंने समाज में विशेषकर युवा वर्ग और परिवारों के मध्य संवाद को बढ़ावा देने पर जोर दिया। “हम ‘परिवार संवाद कार्यक्रम’ के माध्यम से यह सुनिश्चित करेंगे कि भावनात्मक दूरी, अवसाद, और संवादहीनता को कम किया जा सके। अगर इस घटना से मेघालय की छवि, पर्यटन या वहां की सिस्टरहुड संस्कृति प्रभावित हुई है, तो हम खेद प्रकट करते हैं। यह क्षेत्र अपने सौहार्द और शांति के लिए प्रसिद्ध है। उन्होंने मेघालय सरकार की भूमिका की सराहना करते हुए कहा कि जिस संवेदनशीलता और तत्परता के साथ मेघालय सरकार ने इस मामले की जांच को गति दी, वह प्रशंसनीय है।

यह खबर भी पढ़ें...IDFC Bank Recruitment: सरकारी बैंक में निकली रिलेशनशिप मैनेजर के लिए भर्ती, ऐसे करें आवेदन

अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें📢🔃

🤝💬👩‍👦👨‍👩‍👧‍👧



Tags:
  • कैलाश विजयवर्गीय
  • इंदौर
  • मंत्री
  • सोनम
  • बच्चियां
गूगल पर द सूत्र चुनें ! Add as a preferredsource on Google
MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग

By Atul Dwivedi

MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग
एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री

By Ramanand Tiwari

एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री
मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा

By Ramanand Tiwari

मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन

By Jitendra Shrivastava

मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें

By Sanjay Dhiman

mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे

By Sanjay Gupta

झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा

By Arun Tiwari

बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा