विधायक भंवरसिंह शेखावत ने जब मंत्री कैलाश विजयवर्गीय को कहा गाली तो सुनना पड़ेगी प्यारे

विधानसभा में भागीरथपुरा कांड पर बहस के दौरान पूर्व गुरु-चेले कैलाश विजयवर्गीय और भंवर सिंह शेखावत भिड़ गए। शेखावत ने मंत्री से कहा कि जनता की गाली तो सुननी पड़ेगी प्यारे।

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Sanjay Gupta
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Indore. बदनावर से कांग्रेस विधायक भंवर सिंह शेखावत और मंत्री कैलाश विजयवर्गीय एक समय गुरु-चेले के रूप में माने जाते थे। शेखावत ने कई बार कहा कि राजनीति में वही विजयवर्गीय को लेकर आए, लेकिन बाद में शेखावत कांग्रेस में गए और 2023 के चुनाव में कांग्रेस से विधायक बने। अब एक बार फिर उनके बीच की विधानसभा में तकरार राजनीतिक चर्चा का विषय बन गई है। 

विधानसभा में पहले मंत्री ने यह कहा

दरअसल शुक्रवार को भागीरथपुरा कांड को लेकर स्थगन प्रस्ताव मंजूर हो या नहीं इस पर बहस हो रही थी। इस दौरान मंत्री विजयवर्गीय ने इस घटना की जानकारी विस्तार से बताई। कहा कि 29 दिसंबर से 2 जनवरी तक वह अवकाश पर दिल्ली, मथुरा जा रहे थे। लेकिन फिर फोन आया, तो मैं दिल्ली एयरपोर्ट से लौटा सीधे इंदौर पहुंचा।

वहां 20-25 अस्पताल में 200-250 लोगों को भर्ती कराया। मैं तीन दिन तक सोया नहीं, मैंने अस्पताल में नारियल पानी बंटवाए। यह इंदौर के लिए कलंक है, आत्मग्लानी वाली है। भागीरथपुरा मुबंई की धारावी जैसी है. थोड़े अशिक्षित लोग है। इंदौर नंबर वन है और रहेगा। 

इस पर भंवर सिंह शेखावत ने टोका और बात ऐसे बढ़ी

इस पर विधायक शेखावत ने टोका और कहा कि मंत्री जी इंदौर की ऐसी तारीफ कर रहे हैं कि जैसे वह सोने का शहर है। फिर 20 मौत कैसे हो गई और आप तो वहीं हो सालों से।

मंत्री विजयवर्गीय बोले- मैं वहीं का हूं और आप भी हो। आप मेरे साथ डिप्टी मेयर थे, जब मैं स्थाई समिति का अध्यक्ष था। 

शेखावत बोले- तारीफ के लिए क्या ये सदन बुलाया है।

मंत्री विजयवर्गीय- फिर क्या गाली देने के लिए बुलाया है।

शेखावत फिर बोले- गाली तो सुनना पड़ेगी प्यारे जनता की।

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शेखावत और विजयवर्गीय के संबंधों की खटास

शेखावत और विजयवर्गीय के संबंध लंबे समय तक अच्छे रहे, लेकिन बाद में शेखावत ने आरोप लगाए कि विजयवर्गीय के कारण उन्हें इंदौर से बाहर धार जिले में टिकट दिया गया। इसके बाद आरोप लगाए कि उनके कारण वह विधानसभा चुनाव हारे। आखिर में बीजेपी से उकता कर शेखावत 2023 चुनाव के पहले कांग्रेस में चले गए और वहां बदनावर से चुनाव जीते। उन्होंने राजवर्धन दत्तीगांव को हराया। 

फिर नरेंद्र सिंह तोमर ने किया माहौल को हल्का

शेखावत ने कहा- आज कैलाश जी बदले-बदले नजर आ रहे हैं। माहौल भी कुछ अलग दिखाई दे रहा है। मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने भी कहा- किसी की बर्बादी के आसार नहीं हैं। होली आ रही है सभी को खुश रहना चाहिए। रिश्तों में मिठास बनी रहना चाहिए।

विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर ने कहा- इंदौर में होली पर मूर्ख सम्मेलन होता है। उसमें भंवर सिंह शेखावत की क्या भूमिका रहती है? इस पर शेखावत ने भी हंसते हुए कहा- वहां बजरबट्टू सम्मेलन होता है, जिसमें विजयवर्गीय हर बार अलग-अलग रूप में आते हैं। दूसरे को मौका नहीं मिलता।

भागीरथपुरा में इतने विधायकों ने लगाए थे सवाल

भागीरथपुरा कांड में कांग्रेस लगातार हमलावर रही है। इस मामले में बजट सत्र में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार के साथ ही जयवर्धन सिंह, प्रताप ग्रेवाल, राजन मंडलोई, अजय सिंह, महेश परमार, सचिन यादव, बाला बच्चन इन सभी विधायकों ने इसे लेकर सवाल लगाए।

जिसके जवाब मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने दिए। इसमें बताया गया कि अभी 22 लोगों की मौत पर 44 लाख की राहत राशि दी गई है। जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई हुई है।

मौत का कारण एक्यूट डायरिया डिजीज बताया गया। हाईकोर्ट के आदेश से मप्र हाईकोर्ट के पूर्व न्यायाधीश सुशील गुप्ता का जांय आयोग गठित हो गया है और जांच शुरू हो गई है। मौत का कारण, जिम्मेदार कौन, मुआवजा राशि यह सभी उनके जांच के बिंदु है।

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