मध्य प्रदेश में 4 हजार बेटियां लापता, पुलिस खोजने में नाकाम

Sandeep Kumar | Jan 24, 2025, 10:48 IST
Share
missing-girls
missing-girls

मध्य प्रदेश में बेटियों के गायब होने की घटनाएं हर साल बढ़ रही हैं। जनवरी 2021 से दिसंबर 2024 तक के आंकड़ों के अनुसार, 4,000 से अधिक बेटियों का कोई सुराग नहीं है। पुलिस की लापरवाही और मानव तस्करी की आशंका चिंता का विषय है।

मध्य प्रदेश में बेटियों के गायब होने की घटनाएं हर साल बढ़ रही हैं। जनवरी 2021 से दिसंबर 2024 तक के आंकड़ों के अनुसार, 4,000 से अधिक बेटियों का कोई सुराग नहीं है। यह आंकड़े न केवल पुलिस प्रशासन की अक्षमता को उजागर करते हैं, बल्कि मानव तस्करी जैसे गंभीर अपराधों की ओर भी इशारा करते हैं।

नाबालिग से रेप के बाद हत्या, लोगों ने चौकी में लगाई आग, पुलिसकर्मी जान बचाने भागे

मानव तस्करी और अपहरण के बढ़ते मामले

विशेषज्ञों का मानना है कि लापता बेटियों में से कई मानव तस्करी का शिकार हो सकती हैं। 2024 में, बालिकाओं और महिलाओं के अपहरण के 10,400 मामले दर्ज किए गए। इनमें लैंगिक शोषण के लिए 630, बंधुआ मजदूरी के लिए 17, और नौकरी के लिए 12 बेटियों को जबरदस्ती ले जाया गया।

9 महीने की सरकार में 9 बड़े जघन्य हत्याकांड, तीन हजार से ज्यादा महिलाओं के खिलाफ अपराध

ऑपरेशन 'मुस्कान' के नतीजे

पुलिस ने 2021 से 2024 के बीच ऑपरेशन 'मुस्कान' के तहत 12,567 बेटियों को खोजा, जिनमें से 659 बेटियों को जबरदस्ती पकड़कर ले जाया गया था। हालांकि, 4,000 से अधिक बेटियों का अभी भी पता नहीं है।
इंदौर में लापता मासूम लक्षिका का शव नाले में मिला, गुस्से में परिजन

पुलिस बल की कमी और प्रशासनिक लापरवाही

पुलिस की लापरवाही और बल की कमी इन घटनाओं की एक बड़ी वजह है। सेवानिवृत्त डीजी अरुण गुर्टू के अनुसार, अपराध रोकने के लिए पुलिस की सड़क पर उपस्थिति और सक्रियता बढ़ाना आवश्यक है। साथ ही, दोषी अधिकारियों को सेवा से हटाने जैसे कड़े कदम उठाने की जरूरत है।



Indore News: दादा-दादी से मिलने आई 6 साल की मासूम लापता, बोल नहीं सकती

बेटी बचाओ योजनाएं और उनकी असफलता

मध्य प्रदेश सरकार "लाड़ली लक्ष्मी योजना" और "बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ" जैसी योजनाएं चला रही है। लेकिन, बेटियों के गुम होने की बढ़ती घटनाएं इन योजनाओं की सफलता पर सवाल खड़े करती हैं।

FAQ

  1. 2021 से 2024 के बीच कितनी बेटियां लापता हुईं?
    लगभग 4,000 बेटियां लापता हुईं, जिनका अब तक कोई सुराग नहीं है।
  2. ऑपरेशन 'मुस्कान' का क्या उद्देश्य है?
    ऑपरेशन मुस्कान का उद्देश्य लापता बेटियों को खोजकर सुरक्षित वापस लाना है।
  3. मानव तस्करी के कितने मामले सामने आए?
    लैंगिक शोषण, बंधुआ मजदूरी, और नौकरी के लिए कई बेटियों को जबरदस्ती ले जाया गया।
  4. पुलिस बल की कमी का इस समस्या पर क्या असर है?
    पुलिस बल की कमी और लापरवाही के कारण लापता बेटियों को खोजने में समस्या बढ़ रही है।
  5. सरकार की कौन-कौन सी योजनाएं बेटियों के लिए हैं?
    "लाड़ली लक्ष्मी योजना" और "बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ" जैसी योजनाएं बेटियों को सशक्त बनाने के लिए चलाई जा रही हैं।


Tags:
  • मानव तस्करी
  • मप्र में बेटी बचाओ बेटी पढाओ योजना
  • बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ
  • एमपी हिंदी न्यूज
  • बेटी बचाओ अभियान
  • Operation Muskaan
  • ऑपरेशन मुस्कान
  • Missing Girls
गूगल पर द सूत्र चुनें ! Add as a preferredsource on Google
MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग

By Atul Dwivedi

MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग
एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री

By Ramanand Tiwari

एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री
मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा

By Ramanand Tiwari

मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन

By Jitendra Shrivastava

मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें

By Sanjay Dhiman

mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे

By Sanjay Gupta

झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा

By Arun Tiwari

बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा