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Photograph: (the sootr)
News in Short
- भोपाल में SET परीक्षा के दौरान पेपर लीक का आरोप, छात्रों ने प्रदर्शन किया।
- कई प्रश्नपत्रों में 40 सवाल पहले से हल और नाम रोल नंबर लिखे मिले।
- परीक्षा में अव्यवस्था, प्रश्नपत्र वितरण में डेढ़ घंटे की देरी।
- पुलिस ने छात्रों को डराया-धमकाया, कहा- ज्यादा बोले तो कस्टडी में ले लेंगे।
- छात्रों ने निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
News in Detail
BHOPAL. भोपाल में 2025 की राज्य पात्रता परीक्षा (SET) के दौरान पेपर लीक का गंभीर आरोप लगा है। कमला नेहरू हायर सेकेंडरी स्कूल सेंटर में लगभग 150 छात्रों को पहले से हल किया हुआ प्रश्न पत्र थमाए जाने का मामला सामने आया। कैंडिडेट्स ने पेपर लीक का आरोप लगाते हुए प्रदर्शन किया। उनका कहना था कि पेपर में 50 में से लगभग 40 सवाल पहले से ही मार्क किए हुए थे।
रफ वर्क और नामों के साथ पेपर मिला
कैंडिडेट्स ने बताया कि उनकी कॉपियों में रफ वर्क भी था और कई पेपरों में दूसरे छात्रों के नाम और रोल नंबर पहले से लिखे हुए थे। कुछ छात्रों ने ये पेपर अपने पास छुपा कर रख लिए ताकि बाद में इसे सबूत के तौर पर दिखा सकें। विरोध करने पर कुछ छात्रों को डराया-धमकाया गया। पुलिस ने कहा कि "अगर ज्यादा बोले तो कस्टडी में ले लेंगे।"
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'नाम चूड़ामणि और रोल नंबर भी बदला हुआ'
पटना से परीक्षा देने आईं कोमल ने बताया कि उन्हें जो पेपर मिला, उस पर किसी 'चूड़ामणि' का नाम लिखा था। कोमल के मुताबिक, महिला अभ्यर्थियों को पुरुषों के नाम वाले पेपर थमा दिए गए। पेपर पहले से ही खुले हुए थे और उनमें रफ वर्क तक किया गया था। यह साफ इशारा करता है कि दाल में कुछ काला नहीं, बल्कि पूरी दाल ही काली है।
प्रशासन की लापरवाही और ढीली व्यवस्था
परीक्षा का आयोजन 12 बजे से 3 बजे के बीच था, लेकिन पेपर वितरण में गड़बड़ी के कारण इसमें डेढ़ घंटे की देरी हुई। कुछ छात्रों को पेपर 45 मिनट बाद मिला और यह पहले से खुला हुआ था। एक छात्र ने बताया कि वह पेपर मिलते ही पुलिस अधिकारियों के पास गया, लेकिन उनसे भी कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला।
छात्रों का प्रदर्शन और कड़ी कार्रवाई की मांग
इस मामले में छात्रों ने परीक्षा की निष्पक्षता पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने यह मांग की कि एमपी पीएससी को पूरी घटना की जांच करनी चाहिए और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करनी चाहिए।
एमपी SET परीक्षा का महत्व
SET (State Eligibility Test) परीक्षा का आयोजन असिस्टेंट प्रोफेसर बनने के लिए किया जाता है। यह परीक्षा राज्य के विश्वविद्यालयों और कॉलेजों में शिक्षण पदों के लिए पात्रता तय करने के लिए होती है। SET पास करने वाले उम्मीदवारों को उच्च शिक्षा संस्थानों में नौकरी के अवसर मिलते हैं।
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पेपर लीक नहीं, इनविजिलेटर ने बांटे गलत पेपर
यह कहना है mppsc के ओएसडी डॉ रविंदर पांचभाई का। उन्होंने बताया कि भोेपाल के कमला नेहरु स्कूल परीक्षा केंद्र पर एक कक्ष में गलत सीरियल नंबर के प्रश्नपत्र बांट दिए थे। जब इस बात का पता चला तब तक कई कैंडिडेट्स ने पेपर खोल लिए थे। कई जगह रोल नंबर और नाम भी लिख दिए गए थे। गलती सामने आने पर पेपर वापस लिए गए। जिससे कुछ देर परीक्षा लेट भी हुई। पेपर लीक जैसी कोई बात नहीं है। किन इनविजिलेटरों से यह गलती हुई है इसकी जांच आयोग कर रहा है।
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