बैतूल में प्राइवेट स्कूल छात्राओं की नहीं दे रहा था टीसी, कलेक्टर ने भेज दी गाड़ी, जानें फिर क्या हुआ ?
Sandeep Kumar | Jul 24, 2024, 17:23 IST
STYLESHEET THESOOTR - 2024-07-24T165550.931
एमपी के बैतूल जिले में कलेक्टर की जनसुनवाई में पहुंची दो बच्चियों ने स्कूल की तानाशाही रवैए को लेकर शिकायत कर दी। इसके पहले कि कलेक्टर पूरी तरह से स्कूल पर एक्शन लेते, स्कूल प्रबंधन ने वो काम कर दिया जिससे कलेक्टर की चौतरफा वाहवाही हो रही है...
मध्य प्रदेश के बैतूल में कलेक्टर नरेंद्र कुमार सूर्यवंशी की संवेदनशीलता इनदिनों काफी चर्चा में है। दरअसल जिले के शाहपुर स्थित प्राइवेट स्कूल गुड शेपर्ड में पलक ठाकुर और परी ठाकुर सातवीं और आठवीं कक्षा में पढ़ती थी। परी और पलक इस स्कूल को छोड़कर दूसरे स्कूल में पढ़ना चाह रही हैं और उनका किसी दूसरी स्कूल में एडमिशन भी हो गया।
जब यह दोनों बच्चियां प्राइवेट स्कूल में टीसी लेने गईं तो उन्हें बैरंग लौटा दिया गया। बताया जाता है कि इन दोनों बच्चों की करीब 70 हजार रुपए फीस बाकी थी जिसके कारण उन्हें टीसी नहीं दी जा रही थी।
दोनों बच्चियां टीसी के लिए बार-बार स्कूल के चक्कर काटने से परेशान हो गईं। बच्चियों ने मंगलवार यानी 23 जुलाई को कलेक्टर नरेंद्र कुमार सूर्यवंशी की जनसुनवाई में पहुंचकर आवेदन देकर अपनी समस्या बताई।
दोनों छात्राओं की समस्या सुनकर कलेक्टर ने तत्काल ही आदिवासी विकास विभाग की सहायक आयुक्त शिल्पा जैन के साथ इन बच्चियों को 38 किमी दूर शाहपुर अपनी कार से भेजा। शिल्पा जैन ने स्कूल प्रबंधन से बात की और दोनों बच्चियों की टीसी दिलवाई। साथ ही बच्चियों की फीस भी माफ कर दी गई।
कलेक्टर नरेंद्र कुमार सूर्यवंशी की इस संवेदनशीलता से बच्चियां और उनके परिजन खुश हो गए। बच्चियों ने कलेक्टर का धन्यवाद ज्ञापित किया। बताया जा रहा है कि फीस देने में इन बच्चियों का परिवार सक्षम नहीं था और फीस की व्यवस्था करने में जुटा था।
![sandeep mishr]()
जब यह दोनों बच्चियां प्राइवेट स्कूल में टीसी लेने गईं तो उन्हें बैरंग लौटा दिया गया। बताया जाता है कि इन दोनों बच्चों की करीब 70 हजार रुपए फीस बाकी थी जिसके कारण उन्हें टीसी नहीं दी जा रही थी।
बच्चियों ने कलेक्टर से लगाई गुहार
दोनों छात्राओं की समस्या सुनकर कलेक्टर ने तत्काल ही आदिवासी विकास विभाग की सहायक आयुक्त शिल्पा जैन के साथ इन बच्चियों को 38 किमी दूर शाहपुर अपनी कार से भेजा। शिल्पा जैन ने स्कूल प्रबंधन से बात की और दोनों बच्चियों की टीसी दिलवाई। साथ ही बच्चियों की फीस भी माफ कर दी गई।
कलेक्टर के संवदेनशीलता
thesootr links
- मध्य प्रदेश की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- छत्तीसगढ़ की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- रोचक वेब स्टोरीज देखने के लिए करें क्लिक
sandeep mishr
MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग
By Atul Dwivedi
एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
By Jitendra Shrivastava
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
By Sanjay Dhiman
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
By Sanjay Gupta
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा
By Arun Tiwari