सागर के मंदिर में तोड़फोड़, तनाव के बाद थाने पर धरना, मामला गरमाया

सागर के मोराजी इलाके में एक मंदिर में तोड़फोड़ का मामला सामने आया, जिसने इलाके में तनाव पैदा कर दिया। जानकारी के अनुसार, कुछ नकाबपोश लोगों ने मंदिर को नुकसान पहुंचाया।

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Sourabh Bhatnagar
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नीलेश कुमार @ सागर

शनिवार को सागर के मोराजी इलाके में एक मंदिर में तोड़फोड़ की घटना के बाद शहर में तनाव फैल गया। सोनी और जड़िया समाज के कुलदेव के 200 साल पुराने मंदिर में तोड़फोड़ का आरोप जैन समाज के युवकों पर लगाया गया। बताया जा रहा है कि करीब 30 से अधिक युवक नकाब पहनकर आए और मंदिर में तोड़फोड़ करने लगे। घटना के बाद क्षेत्र में माहौल तनावपूर्ण हो गया और लोगों में आक्रोश फैल गया।  

तनाव और विरोध प्रदर्शन  

घटना के बाद हिंदू संगठन और सोनी-जड़िया समाज के लोग कोतवाली थाने पर विरोध प्रदर्शन करने पहुंच गए। प्रदर्शनकारी पुलिस और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करने लगे और आरोपियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की। 4 घंटे तक चले इस विरोध प्रदर्शन के दौरान एसपी और कलेक्टर मौके पर नहीं पहुंचे। प्रदर्शनकारियों ने नामजद एफआईआर और थाना प्रभारी को हटाने की मांग की।  

जैन समाज का पलटवार और विवाद बढ़ा

इस विरोध प्रदर्शन के बीच जैन समाज के लोग भी बड़ी संख्या में थाने पर इकट्ठा हो गए। स्थिति तब और बिगड़ गई जब जैन समाज के एक युवक ने खुद पर केरोसीन डाल लिया। हालांकि, पुलिस ने उसे ऐसा करने से रोक लिया और स्थिति को काबू में किया।  

पुलिस की कार्रवाई

 
मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने मोनू महाकाल और आदर्श जैन सहित अन्य अज्ञात लोगों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। धार्मिक स्थल के पास ड्यूटी पर तैनात प्रधान आरक्षक सतीश रावत और आरक्षक अखिलेश को ड्यूटी में लापरवाही के आरोप में लाइन अटैच किया गया है।  

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धारा 144 लागू और प्रशासन की सख्ती

घटना के बाद हालात को नियंत्रित करने के लिए प्रशासन ने क्षेत्र में धारा 144 लागू कर दी। इसके तहत किसी भी प्रकार के जुलूस और जनसमूह पर रोक लगा दी गई है। पुलिस ने इलाके में गश्त बढ़ा दी और रात में सराफा बाजार और इतवार बाजार क्षेत्र में भीड़ को तितर-बितर किया।  

क्या है मामला

यह मंदिर सागर के बड़ा बाजार क्षेत्र की जड़िया गली में स्थित है, जो सोनी और जड़िया समाज के कुलदेव का प्राचीन धार्मिक स्थल है। स्थानीय लोग बताते हैं कि जैन समाज यहां अपना धार्मिक स्थल बनाने की योजना बना रहा था। इसी विवाद के चलते यह घटना हुई। 

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स्थानीय लोगों की प्रतिक्रिया

क्षेत्रवासियों ने घटना की निंदा करते हुए कहा कि यह उनकी आस्था पर सीधा आघात है। लोगों ने प्रशासन से दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।

FAQ

सागर में मंदिर में तोड़फोड़ क्यों हुई?
जैन समाज के कुछ युवकों पर सोनी-जड़िया समाज के 200 साल पुराने मंदिर में तोड़फोड़ का आरोप है।
क्या प्रशासन ने कोई कार्रवाई की है?
पुलिस ने नामजद एफआईआर दर्ज की है और दो पुलिसकर्मियों को ड्यूटी में लापरवाही के आरोप में लाइन अटैच किया है।
क्या क्षेत्र में धारा 144 लागू की गई है?
हां, घटना के बाद प्रशासन ने क्षेत्र में धारा 144 लागू कर दी है।
क्या विरोध प्रदर्शन हुआ?
हां, हिंदू संगठनों और सोनी-जड़िया समाज ने कोतवाली थाने पर 4 घंटे तक प्रदर्शन किया।
क्या जैन समाज ने भी प्रतिक्रिया दी?
हां, जैन समाज के लोग भी बड़ी संख्या में थाने पहुंचे और एक युवक ने खुद पर केरोसीन डालने की कोशिश की।

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