एसआई भर्ती 2021: पेपर लीक के मुख्य आरोपी जगदीश विश्नोई को जमानत, आएगा जेल से बाहर

एसआई भर्ती 2021 के पेपर लीक मामले में मुख्य आरोपी जगदीश विश्नोई को राजस्थान हाई कोर्ट से जमानत मिल गई है। वह अब जेल से बाहर आएगा। जगदीश दो साल से जेल में है।

author-image
Mukesh Sharma
New Update
Paper leg

Photograph: (The Sootr)

Listen to this article
0.75x1x1.5x
00:00/ 00:00

Jaipur: राजस्थान हाई कोर्ट ने सब इंस्पेक्टर (एसआई) भर्ती-2021 के पेपरलीक मामले में मुख्य आरोपी जगदीश विश्नोई को सोमवार को ज़मानत दे दी। जस्टिस चंद्रप्रकाश श्रीमाली ने जगदीश विश्नोई की जमानत याचिका स्वीकार करते हुए उसे जमानत पर रिहा करने के आदेश दिए। 

ट्रायल में लंबा समय, इसलिए दी जमानत

अदालत ने कहा कि पेपरलीक के स्पेशल एक्ट की जिन धाराओं में केस है, उनमें अधिकतम 3 साल की सजा का प्रावधान है। आरोपी जगदीश विश्नोई करीब दो साल से जेल में है। अभी तक आरोप ही तय नहीं हुए हैं। आरोपियों और गवाहों की संख्या के कारण ट्रायल में लंबा समय लगेगा। ऐसे में आरोपी को जमानत दी जा सकती है।  

गैंग बनाकर पेपरलीक करने का आरोप

विशेष लोक अभियोजक अनुराग शर्मा ने जमानत का विरोध करते हुए कहा कि जगदीश विश्नोई इस मामले में मुख्य आरोपी है। उसने गैंग बनाकर पेपर लीक किया और भर्ती प्रक्रिया की पवित्रता को भंग किया हैं। उसने रविन्द्र बाल भारती स्कूल के संचालक राजेश खंडेलवाल से 10 लाख रुपए में पेपर का सौदा किया। 
परीक्षा से पहले पेपर वाट्सऐप पर लेकर सॉल्वर से सॉल्व करवाया और उसे कई अभ्यर्थियों से मोटी धनराशि लेकर उन्हें सॉल्व पेपर पढ़वाया। इनमे से 25 अभ्यर्थियों का एसआई भर्ती में चयन भी हुआ। आरोपी के पास से हिसाब-किताब की डायरी भी बरामद हुई हैं। जिसमें रुपयों के लेनदन का उल्लेख हैं। 

12 मामलों में 7 में जमानत, 5 में बरी

आरोपी के वकील सुधीर जैन ने कहा कि इस मामले में मुख्य आरोप स्कूल संचालक राजेश खंडेलवाल है, जिसने पेपरलीक किया। उसे सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिल चुकी हैं। आरोपी जगदीश 15 मार्च 2024 से जेल में हैं। इस प्रकरण में 133 आरोपी, 150 गवाह हैं। इसमें से 57 को जमानत मिल चुकी हैं। ट्रायल में लंबा समय लगेगा। आरोपी के खिलाफ 12 मामले दर्ज हैं। जिसमें से 7 में उसे जमानत मिल चुकी है, वहीं 5 में उसे दोष मुक्त किया गया हैं।

अब आएगा जेल से बाहर

मुख्य आरोपी जगदीश विश्नोई को दस महीने पहले जेईएन भर्ती-2020 पेपर लीक मामले में जमानत मिली थी। लेकिन एसआई भर्ती मामले में बंद होने से वह जेल से बाहर नहीं आ सका था। लेकिन अब एसआई भर्ती में जमानत मिलने के बाद वह जेल से बाहर आ सकेगा। 

गुरुजी के नाम से मशहूर

सांचौर जिले के दांता निवासी जगदीश विश्नोई को गैंग के लोग मास्टरमाइंड गुरुजी या गुरुजी नाम से पुकारते थे। सबसे पहले उसने साल 2005 में बीएड की फर्जी डिग्री खरीदी थी। फिर साल 2007 पेपर लीक करके ग्रेड थर्ड का टीचर बन गया था। टीचर बनने के बाद जगदीश का सबसे पहले कॉन्स्टेबल भर्ती परीक्षा 2007 में नकल करवाने में नाम सामने आया था।

टीचर रहते दो मामले दर्ज हुए

जगदीश पर नकल कराने और पेपर लीक के 11 मामले दर्ज हैं। पहला मुकदमा 2008 में टोंक में दर्ज हुआ। दूसरा मुकदमा 2010 में करधनी थाने में दर्ज किया गया था। इस दौरान वह थर्ड ग्रेड टीचर था। बाद में उसे निलंबित कर दिया। दोनों मामलों में जेल काटने के बाद वह 4 साल तक फरार रहा।

फरारी के दौरान भी जगदीश पर 2011 से 2013 के बीच उस पर 3 मामले दर्ज हुए, लेकिन पुलिस पकड़ में नहीं आया। 2014 में एसओजी में अभियान चलाकर जगदीश को गिरफ्तार किया लेकिन 3 मामलों में 2 माह की सजा के बाद बाहर आ गया।

2015 में दर्ज हुए 3 मामलों में 2 माह तक जेल में रहा। जेल से छूटने के बाद 2018 तक उस पर पेपर लीक व नकल करवाने और डमी अभ्यर्थी बैठाने के 3 मामले दर्ज हुए। जिनमें 5 माह जेल में काटने के बाद वह जनवरी 2019 में बाहर आया। इसके बाद फरवरी 2024 में जगदीश विश्नोई की गिरफ्तारी हुई। 

जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल 2026: अनुराग वर्मा का बड़ा दावा, राजस्थान का युवा गहलोत के लिए बेताब

जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल 2026: सोमाया ने कहा - मेरे लिए कराची भाई-बहन जैसा

जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल 2026: अनुराग वर्मा का बड़ा दावा, राजस्थान का युवा गहलोत के लिए बेताब

मौसम का बदलेगा मिजाज, एमपी और राजस्थान में रहेगा कोहरा और बादल, सीजी में बढ़ेगा तापमान

राजस्थान हाई कोर्ट जमानत पेपर लीक एसआई मुख्य आरोपी जगदीश विश्नोई
Advertisment